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फिर हाईकोर्ट पहुंचा अमृतपाल सिंह: सांसद की तीसरी एनएसए हिरासत को चुनौती, 2023 से डिब्रूगढ़ जेल में बंद
Mon, 12 Jan 2026 10:24 PM IST
अंकेश ठाकुर
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, चंडीगढ़
Published by: अंकेश ठाकुर
Updated Mon, 12 Jan 2026 10:24 PM IST
सार
खालिस्तानी समर्थक व खडूर साहिब से निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह एनएसए के तहत अप्रैल 2023 से असम की डिब्रूगढ़ जेल में बंद है। अमृतपाल सिंह ने एनएसए के तहत जारी तीसरे निरोधक हिरासत आदेश को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती दी है।
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सांसद अमृतपाल सिंह
- फोटो : फाइल
विस्तार
खडूर साहिब के निर्दलीय सांसद अमृतपाल सिंह ने राष्ट्रीय सुरक्षा कानून (एनएसए) के तहत जारी तीसरे निरोधक हिरासत आदेश को पंजाब-हरियाणा हाईकोर्ट में चुनौती दी है। डिब्रूगढ़ जेल में बंद अमृतपाल की ओर से दायर याचिका में 17 अप्रैल को जारी आदेश को अवैध, मनमाना और मौलिक व सांविधानिक अधिकारों का उल्लंघन बताया गया है। हाईकोर्ट ने मामले की सुनवाई करते हुए हिरासत आदेश जारी करने से संबंधित पूरा रिकॉर्ड तलब कर लिया है।
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याचिका में कहा गया है कि अमृतपाल अप्रैल 2023 से लगातार निरोधक हिरासत में हैं और सरकार बिना किसी नए ठोस आधार के बार-बार पुराने आरोपों को दोहराकर हिरासत बढ़ा रही है। याचिकाकर्ता का दावा है कि जिन मामलों और घटनाओं का हवाला तीसरे आदेश में दिया गया है, उनमें उनकी कोई प्रत्यक्ष भूमिका नहीं बनती। कई घटनाएं उस अवधि की बताई गई हैं जब वह पहले से ही डिब्रूगढ़ जेल में बंद थे। ऐसे में उनका उसमें शामिल होना संभव नहीं है।
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याचिका में कहा गया है कि कई बयान आपस में विरोधाभासी हैं और ठोस साक्ष्यों के अभाव में दिए गए हैं। कुछ गवाहों की घटनास्थल पर मौजूदगी ही संदिग्ध बताई गई है जबकि कुछ बयान निजी पूर्वाग्रह से प्रेरित प्रतीत होते हैं। सुप्रीम कोर्ट के फैसलों का हवाला देते हुए याचिका में तर्क दिया गया है कि जिला मजिस्ट्रेट तभी एनएसए के तहत हिरासत आदेश जारी कर सकता है जब क्षेत्रीय हालात से तत्काल और वास्तविक खतरा सिद्ध हो। याचिका के अनुसार मौजूदा मामले में ऐसी कोई आपात परिस्थिति नहीं थी।
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