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ओंटारियो की प्रीमियर को सिरोपा, विवाद
ब्यूरो/अमर उजाला, अमृतसर
Updated Sun, 31 Jan 2016 10:05 PM IST
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कनाडा के शहर ओंटारियो की प्रीमियर कैथलीन वीन को एसजीपीसी के सूचना विभाग के कर्मचारियों की ओर से सिरोपा देकर सम्मानित किया गया। इस पर विवाद खड़ा हो गया है।
एसजीपीसी के अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ पहले ही घोषणा कर चुके थे कि एसजीपीसी वीन को सम्मानित नहीं करेगी। इसके बावजूद कर्मचारियों ने सूचना केंद्र के बेसमेंट में वीन को सिरोपा, शाल, किताबों का सैट और श्री हरमंदिर साहिब की तस्वीर भेंटकर सम्मानित कर दिया।
वीन समलैंगिकों के अधिकारों के आंदोलन का समर्थन करती रही हैं। श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से समलैंगिकों के खिलाफ 2013 में एक हुकमनामा जारी हुआ था। सिख कौम समलैंगिक संबंधों और विवाह को मान्यता नहीं देती।
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इन संबंधों को कौम में गैर प्राकृतिक माना जाता है। श्री अकाल तख्त साहिब के आदेश को सिख कौम को और एसजीपीसी को मानना पड़ता है। इन आदेशों के मद्देनजर किसी समलैंगिक को श्री हरमंदिर साहिब कांप्लेक्स में कोई सिख संस्था सम्मानित भी नहीं कर सकती।
इस संबंध में श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी गुरबचन सिंह के साथ फोन पर संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनके साथ बात नहीं हो सकी। वहीं एसजीपीसी के मुख्य सचिव हरचरण सिंह ने कहा कि एसजीपीसी के कर्मचारियों की ओर से वीन को सम्मानित नहीं किया गया, सिर्फ तोहफा ही दिया गया है।
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एसजीपीसी के अध्यक्ष अवतार सिंह मक्कड़ पहले ही घोषणा कर चुके थे कि एसजीपीसी वीन को सम्मानित नहीं करेगी। इसके बावजूद कर्मचारियों ने सूचना केंद्र के बेसमेंट में वीन को सिरोपा, शाल, किताबों का सैट और श्री हरमंदिर साहिब की तस्वीर भेंटकर सम्मानित कर दिया।
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वीन समलैंगिकों के अधिकारों के आंदोलन का समर्थन करती रही हैं। श्री अकाल तख्त साहिब की ओर से समलैंगिकों के खिलाफ 2013 में एक हुकमनामा जारी हुआ था। सिख कौम समलैंगिक संबंधों और विवाह को मान्यता नहीं देती।
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इन संबंधों को कौम में गैर प्राकृतिक माना जाता है। श्री अकाल तख्त साहिब के आदेश को सिख कौम को और एसजीपीसी को मानना पड़ता है। इन आदेशों के मद्देनजर किसी समलैंगिक को श्री हरमंदिर साहिब कांप्लेक्स में कोई सिख संस्था सम्मानित भी नहीं कर सकती।
इस संबंध में श्री अकाल तख्त साहिब के जत्थेदार ज्ञानी गुरबचन सिंह के साथ फोन पर संपर्क करने की कोशिश की गई, लेकिन उनके साथ बात नहीं हो सकी। वहीं एसजीपीसी के मुख्य सचिव हरचरण सिंह ने कहा कि एसजीपीसी के कर्मचारियों की ओर से वीन को सम्मानित नहीं किया गया, सिर्फ तोहफा ही दिया गया है।