अयोध्या में बन रहे भगवान श्रीराम के भव्य मंदिर में दर्शन के लिए रामभक्त लालायित है और मंदिर तेजी से आकार लेता जा रहा है। मंदिर का निर्माण इस तरह किया जा रहा है जिससे कि यह सदियों तक सुरक्षित रह सके।
मंगलवार को श्रीराम जन्मभूमि तीर्थ क्षेत्र ट्रस्ट के महासचिव चंपत राय ने एक वीडियो जारी किया है। जिसमें मंदिर का गर्भगृह और कार्य करते हुए कारीगर नजर आ रहे हैं।
इसके पहले राम मंदिर निर्माण समिति के चेयरमैन नृपेंद्र मिश्रा ने कहा है कि इस वर्ष के अंत तक श्रद्घालु मंदिर के गर्भगृह में रामलला के दर्शन कर सकेंगे। उन्होंने कहा कि दिसंबर 2025 तक मंदिर का निर्माण पूरा हो जाएगा।
निर्माण समिति के चेयरमैन ने कहा कि भूतल पर अन्य कार्यों के अलावा पहले चरण में पांच मंडप का निर्माण कार्य पूरा किया जाएगा। उन्होंने कहा कि ट्रस्ट ने फैसला लिया है कि राम मंदिर के पहले चरण का काम 30 दिसंबर तक पूरा हो जाना चाहिए। (नए जारी किए गए वीडियो से लिया गया एक दृश्य।)
पांच मंडपों के निर्माण में करीब 160 खंभे लगे हैं। उन्होंने कहा कि उनमें आइकॉनोग्राफी (विजुअल इमेज और सिंबल) का काम पूरा किया जाए। (निर्माणाधीन मंदिर देखकर लग रहा है कि जब यह बनकर तैयार हो जाएगा तो बेहद भव्य लगेगा।)
उन्होंने कहा कि चेयरमैन होने के नाते उनकी कोशिश है कि 30 दिसंबर 2023 तक भक्त अपने प्रभु के दर्शन कर सकें। केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने हाल ही में एलान किया था कि राम मंदिर भक्तों के लिए अगले साल एक दिसंबर को खोल दिया जाएगा।
मंदिर निर्माण पर आने वाली लागत पर उन्होंने कहा कि राम मंदिर निर्माण पर 1400 करोड़ से लेकर 1800 करोड़ रुपये का खर्च आएगा। भूतल के निर्माण में न्यूनतम 300 करोड़ खर्च होंगे।