घर के दरवाजे पर रखा डोरमैट बाहर से आने वाली मिट्टी, धूल और गंदगी को घर के अंदर पहुंचने से रोकने में मदद करता है। यही वजह है कि कुछ ही दिनों में डोरमैट खुद काफी गंदा हो जाता है। कई लोग इसे साफ करने के लिए सीधे पानी और साबुन डालकर धो देते हैं। लेकिन धोने के बाद भी डोरमैट के रेशों के बीच धूल फंसी रह जाती है। इतना ही नहीं, कई बार लोग इसे उल्टा करके जोर-जोर से धोने लगते हैं, जिससे सफाई बेहतर होने के बजाय डोरमैट की हालत खराब हो सकती है। तो आइए जानते हैं।
डोरमैट धोने के बाद भी नहीं निकलती धूल? उल्टा करके धोना पड़ सकता है भारी
Dust Remain in Doormat: डोरमैट पर जमी धूल और मिट्टी सिर्फ पानी डालने से हमेशा पूरी तरह नहीं निकलती। खासकर मोटे या नीचे से रबर वाले डोरमैट में गंदगी रेशों के बीच फंस सकती है। सफाई से पहले सूखी धूल निकालना और डोरमैट के हिसाब से सही तरीका अपनाना ज्यादा जरूरी है।
धोने से पहले सूखी धूल निकालें
डोरमैट को सीधे पानी में डालने से पहले उसकी सूखी धूल और मिट्टी निकालना जरूरी है। अगर पहले से जमा मिट्टी पानी के साथ गीली हो गई तो वह रेशों के बीच चिपक सकती है। इसलिए डोरमैट को बाहर ले जाकर हल्के हाथ से झाड़ें या निर्माता के निर्देश के मुताबिक वैक्यूम क्लीनर से धूल निकालें। इससे आगे की सफाई आसान हो जाती है।
हर डोरमैट को उल्टा धोना सही नहीं
डोरमैट के नीचे रबर या दूसरे पदार्थ की परत लगी हो सकती है। ऐसे डोरमैट को बार-बार जोर से उल्टा करके पटकना या रगड़ना नीचे की परत को नुकसान पहुंचा सकता है। समय के साथ नीचे का हिस्सा टूटने या उखड़ने लग सकता है। इसलिए डोरमैट को साफ करने से पहले उसके लेबल पर दिए निर्देश देखना बेहतर है।
बहुत ज्यादा साबुन भी न डालें
कई लोगों को लगता है कि ज्यादा साबुन डालने से डोरमैट ज्यादा साफ होगा। ऐसा जरूरी नहीं है। ज्यादा साबुन रेशों में रह सकता है और उसे पूरी तरह निकालने में ज्यादा पानी लग सकता है। इसके अलावा साबुन की परत बचने पर डोरमैट जल्दी गंदा भी महसूस हो सकता है। इसलिए जरूरत के हिसाब से ही सफाई वाला पदार्थ इस्तेमाल करें।
धोने के बाद पूरी तरह सुखाना जरूरी
डोरमैट धोने के बाद उसे अच्छी तरह सुखाना भी उतना ही जरूरी है। अगर मोटा डोरमैट अंदर से गीला रह गया तो उसमें सीलन जैसी गंध आ सकती है। रबर वाले डोरमैट को तेज गर्मी में सुखाने से पहले निर्माता के निर्देश जरूर देखें। सामान्य तौर पर उसे ऐसी जगह सुखाना बेहतर है जहां हवा अच्छी तरह आती-जाती हो।
कब बदलना चाहिए डोरमैट?
अगर डोरमैट के रेशे लगातार टूट रहे हों, नीचे की रबर परत निकलने लगी हो या सफाई के बाद भी उसमें बहुत ज्यादा गंदगी और गंध बनी रहती हो तो उसे बदलने का समय हो सकता है। खासकर वह डोरमैट जो रोज बहुत ज्यादा धूल और मिट्टी के संपर्क में आता है, उसकी समय-समय पर अच्छी सफाई जरूरी है। इसलिए अगली बार डोरमैट धोते समय सीधे पानी डालने के बजाय पहले सूखी धूल निकालें। उसे उल्टा करके जोर से पटकने या रगड़ने से भी बचें। डोरमैट किस सामग्री का है, उसके हिसाब से सफाई का तरीका चुनना ही सबसे सही रहेगा।
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