Credit Card Bill Payment: क्रेडिट कार्ड या किसी भी प्रकार के लोन की किस्त भरते समय एक छोटी सी असावधानी आपके बजट को बिगाड़ सकती है। लोग अक्सर बिल का भुगतान करते समय दशमलव के बाद वाली रकम को छोड़ देते हैं।
उदाहरण के लिए, अगर आपका कुल बिल 12,000.39 रुपये है, तो कई लोग सिर्फ 12,000 रुपये का ही भुगतान करते हैं और सोचते हैं कि बिल पूरी तरह भर दिया गया है। आपकी यह एक छोटी सी अनदेखी भारी पेनल्टी और अतिरिक्त ब्याज का कारण बन सकती है। आइए इस लेख में इसी के बारे में विस्तार से समझते हैं।
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बकाया राशि पर लगता है भारी ब्याज
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बकाया राशि पर लगता है भारी ब्याज
- बैंक या वित्तीय संस्थाएं आपके द्वारा छोड़ी गई कुछ पैसों की रकम को भी 'अपूर्ण भुगतान' मानती हैं।
- भले ही आपने 99 प्रतिशत से ज्यादा भुगतान कर दिया हो, लेकिन सिस्टम में आपका बिल बकाया ही दिखाई देता है।
- ऐसे में क्रेडिट कार्ड की ब्याज-मुक्त अवधि समाप्त हो जाती है और बैंक बची हुई रकम के बजाय पूरे 12,000 रुपये पर भारी ब्याज वसूलना शुरू कर देता है।
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लेट फीस और पेनल्टी का खतरा
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लेट फीस और पेनल्टी का खतरा
- दशमलव के बाद के पैसे न चुकाने पर बैंक इसे ओवरड्यू श्रेणी में डाल सकते हैं।
- इसके बाद आपके अगले महीने के बिल में न केवल ब्याज जुड़ेगा, बल्कि लेट पेमेंट पेनल्टी भी लग जाएगी।
- इस तरह मात्र 39 पैसे न भरने की वजह से आपको सैकड़ों या हजारों रुपये का अतिरिक्त जुर्माना भरना पड़ सकता है, जो सीधा आपकी जेब पर भारी पड़ता है।
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सिबिल स्कोर पर पड़ता है बुरा असर
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सिबिल स्कोर पर पड़ता है बुरा असर
- बिल का पूर्ण भुगतान न होने की सूचना बैंक क्रेडिट ब्यूरो (CIBIL) को भेज देते हैं।
- क्रेडिट रिपोर्ट में आपका खाता 'पार्टशियली पेड' या 'डीफॉल्ट' के रूप में दर्ज हो सकता है।
- इससे आपका क्रेडिट स्कोर खराब होता है, जिससे भविष्य में नया लोन या क्रेडिट कार्ड मिलने में काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ सकता है।
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भुगतान करते समय इन बातों का रखें ध्यान
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भुगतान करते समय इन बातों का रखें ध्यान
- क्रेडिट कार्ड या लोन का बिल भरते समय हमेशा 'टोटल अमाउंट ड्यू' यानी कुल देय राशि का ही चयन करें।
- अगर किसी एप में पैसे के बाद के अंक टाइप करने में समस्या आ रही हो, तो हमेशा एक या दो रुपये बढ़ाकर भुगतान कर दें।
- एक्स्ट्रा चुकाया गया पैसा आपके अगले बिल में अपने आप एडजस्ट हो जाता है और आप नुकसान से बच जाते हैं।