{"_id":"6a6dd26b3bdb12291203ceee","slug":"commonwealth-games-2026-india-medals-in-boxing-gold-silver-bronze-winners-list-highlights-2026-08-01","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"CWG 2026 Boxing Highlights: ग्लास्गो में भारतीय मुक्केबाजों का ऐतिहासिक प्रदर्शन, सात स्वर्ण-तीन रजत पदक जीते","category":{"title":"Sports","title_hn":"खेल","slug":"sports"}}
CWG 2026 Boxing Highlights: ग्लास्गो में भारतीय मुक्केबाजों का ऐतिहासिक प्रदर्शन, सात स्वर्ण-तीन रजत पदक जीते
Sun, 02 Aug 2026 08:32 AM IST
स्वप्निल शशांक
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, ग्लास्गो
स्पोर्ट्स डेस्क, अमर उजाला, ग्लास्गो
Published by: स्वप्निल शशांक
Updated Sun, 02 Aug 2026 08:32 AM IST
सार
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में भारतीय महिला मुक्केबाजों ने शानदार प्रदर्शन करते हुए महज 20 मिनट के भीतर दो स्वर्ण पदक अपने नाम किए। साक्षी ने महिला 51 किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड की रुबी व्हाइट को 5-0 से हराया, वहीं प्रिया ने महिला 60 किग्रा वर्ग के फाइनल में कनाडा की मैरी बाथेल अल अहमदी को खंडित फैसले में 4-1 से हराया। भारत ने मुक्केबाजी में कुल सात स्वर्ण और तीन रजत पदक अपने नाम किए।
विज्ञापन
कॉमनवेल्थ गेम में देश की बेटियों का कमाल
- फोटो : अमर उजाला ग्राफिक्स
कॉमनवेल्थ गेम्स 2026 में शनिवार को भारतीय मुक्केबाजों का प्रदर्शन शानदार रहा। प्रीति पवार के बाद जैस्मिन लंबोरिया ने 'गोल्डन पंच' लगाए। प्रीति ने महिलाओं की 54 किलोग्राम प्रतियोगिता में कनाडा की स्कार्लेट सवाना डेलगाडो के खिलाफ 5-0 से फाइनल बाउट जीती। वहीं, इसके 15 मिनट बाद रिंग में उतरते हुए जैस्मिन ने महिलाओं के 57 किलोग्राम भार वर्ग में नॉर्दन आयरलैंड की मिकेला वॉल्श को 5-0 से शिकस्त देकर खिताब अपने नाम किया। भारत ने ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों की मुक्केबाजी स्पर्धा में ऐतिहासिक प्रदर्शन किया। यह भारत का कॉमनवेल्थ गेम्स में मुक्केबाजी में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन है। आइए जानते हैं ग्लास्गो राष्ट्रमंडल खेलों में भारतीय मुक्केबाजों का प्रदर्शन कैसा रहा...
प्रीति पवार
- फोटो : IANS
प्रीति ने डेलगाडो को 5-0 से हराया
प्रीति पवार ने 'राउंड ऑफ-16' में मलावी की डेबोरा म्टेंजे को रेफरी स्टॉप कॉन्टेस्ट (आरएससी) से जीत हासिल की थी। इसके बाद क्वार्टर फाइनल में नॉर्दन आयरलैंड की निकोल क्लाइड को 5-0 से हराया। प्रीति ने सेमीफाइनल में जाम्बिया की कैथरीन म्वापे को 5-0 से हराने के बाद फाइनल में भी कनाडाई बॉक्सर के खिलाफ इतने ही अंतर से जीत हासिल की।
- एसईसी हॉल-5 में दिन के पहले मुकाबले में भारत की प्रीति ने इंग्लैंड की स्कार्लेट सवाना डेलगाडो के खिलाफ 5-0 से जीत हासिल की।
- पहले राउंड में सभी पांच जजों ने प्रीति के पक्ष में 10-10 अंक दिए। इसके बाद दूसरे राउंड में एक बार फिर प्रीति ने सभी जजों से पूरे अंक हासिल किए।
- दूसरे राउंड तक प्रीति इंग्लैंड की मुक्केबाज के खिलाफ काफी हावी नजर आ रही थीं। एक ओर प्रीत के हर एक पंच में दम दिख रहा था, तो दूसरी तरफ डेलगाडो के पंच सही लैंड नहीं हो रहे थे।
- तीसरे राउंड में प्रीति ने इंग्लैंड की मुक्केबाज को थकाने की पूरी कोशिश की, क्योंकि शुरुआती दो राउंड में उन्होंने बड़ा फासला हासिल कर लिया था।
- तीसरे राउंड में एक बार फिर प्रीति ने अपनी पावर दिखाते हुए सभी 5 जजों से 10-10 अंक हासिल करते हुए गोल्ड सुनिश्चित किया।
प्रीति पवार ने 'राउंड ऑफ-16' में मलावी की डेबोरा म्टेंजे को रेफरी स्टॉप कॉन्टेस्ट (आरएससी) से जीत हासिल की थी। इसके बाद क्वार्टर फाइनल में नॉर्दन आयरलैंड की निकोल क्लाइड को 5-0 से हराया। प्रीति ने सेमीफाइनल में जाम्बिया की कैथरीन म्वापे को 5-0 से हराने के बाद फाइनल में भी कनाडाई बॉक्सर के खिलाफ इतने ही अंतर से जीत हासिल की।
जैस्मिन लंबोरिया
- फोटो : IANS
जैस्मिन ने दिग्गज वॉल्श को दी शिकस्त
जैस्मिन लंबोरिया ने क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड की एलीस ग्लिन को 4-1 से शिकस्त दी। इसके बाद भारतीय मुक्केबाज ने लिसोथो की रापेलैंग मासेलेला को 5-0 से हराया था। खबर लिखे जाने तक भारत ने कुल मिलाकर 30 पदक जीत लिए हैं। इनमें आठ स्वर्ण, 15 रजत और सात कांस्य पदक हैं। भारत फिलहाल पदक तालिका में छठे स्थान पर है।
- दूसरी ओर, जैस्मिन लंबोरिया ने महिलाओं के 57 किलोग्राम भार वर्ग में नॉर्दन आयरलैंड की मिकेला वॉल्श के खिलाफ 5-0 से जीत हासिल की।
- पहले राउंड 3-2 से जैस्मिन के पक्ष में रहा था। उन्हें तीन जजों ने 10-10 अंक दिए। वहीं, दो जजों ने 9-9 अंक दिए। वहीं, वॉल्श को दो जजों ने 10-10 अंक दिए और तीन जजों ने 9-9 अंक दिए।
- दूसरे राउंड में जैस्मिन पूरी तरह से विपक्षी बॉक्सर पर हावी नजर आईं। उन्होंने सर्वसम्मति से दूसरा राउंड जीत लिया। पांचों जजों ने जैस्मिन को 10-10 अंक दिए।
- जैस्मिन ने तीसरा राउंड 4-1 से अपने नाम करते हुए देश को सातवां गोल्ड दिलाया। यानी तीनों राउंड जैस्मिन ने ही जीते।
जैस्मिन लंबोरिया ने क्वार्टर फाइनल में इंग्लैंड की एलीस ग्लिन को 4-1 से शिकस्त दी। इसके बाद भारतीय मुक्केबाज ने लिसोथो की रापेलैंग मासेलेला को 5-0 से हराया था। खबर लिखे जाने तक भारत ने कुल मिलाकर 30 पदक जीत लिए हैं। इनमें आठ स्वर्ण, 15 रजत और सात कांस्य पदक हैं। भारत फिलहाल पदक तालिका में छठे स्थान पर है।
विज्ञापन
विज्ञापन
साक्षी
- फोटो : BAI Media
साक्षी ने जीता स्वर्ण
भारतीय समयानुसार, शाम सात बजे शुरू हुए मुकाबले में भारतीय मुक्केबाज साक्षी चौधरी ने महिला 51 किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड की रुबी व्हाइट को सर्वसम्मत फैसले में 5-0 से हराया। साक्षी ने तीनों ही राउंड में अपना दबदबा दिखाया और व्हाइट को किसी भी क्षण अपने ऊपर हावी होने नहीं दिया।
भारतीय समयानुसार, शाम सात बजे शुरू हुए मुकाबले में भारतीय मुक्केबाज साक्षी चौधरी ने महिला 51 किग्रा वर्ग के फाइनल में इंग्लैंड की रुबी व्हाइट को सर्वसम्मत फैसले में 5-0 से हराया। साक्षी ने तीनों ही राउंड में अपना दबदबा दिखाया और व्हाइट को किसी भी क्षण अपने ऊपर हावी होने नहीं दिया।
विज्ञापन
जादूमणि सिंह
- फोटो : BAI Media
जादूमणि को मिला रजत
पुरुष मुक्केबाजी में जादूमणि सिंह ने रजत पदक जीता। कड़े मुकाबले में जादूमणि को ऑस्ट्रेलिया के झाई डिक्सन के खिलाफ पुरुष 55 किग्रा वर्ग के फाइनल में सर्वसम्मत फैसले में 0-5 से हार का सामना करना पड़ा। जादूमणि ने पहला राउंड खंडित फैसले में अपने नाम किया था, लेकिन डिक्सन ने अगले दोनों राउंड में दमदार वापसी की और स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहे।
पुरुष मुक्केबाजी में जादूमणि सिंह ने रजत पदक जीता। कड़े मुकाबले में जादूमणि को ऑस्ट्रेलिया के झाई डिक्सन के खिलाफ पुरुष 55 किग्रा वर्ग के फाइनल में सर्वसम्मत फैसले में 0-5 से हार का सामना करना पड़ा। जादूमणि ने पहला राउंड खंडित फैसले में अपने नाम किया था, लेकिन डिक्सन ने अगले दोनों राउंड में दमदार वापसी की और स्वर्ण पदक जीतने में सफल रहे।