फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Vidur Niti: हर चीज से दुखी रहने वाले व्यक्ति में होते हैं ये दोष, सफलता के बाद भी रहते हैं निराश

Tue, 21 May 2024 02:38 PM IST
मेघा कुमारी धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: मेघा कुमारी Updated Tue, 21 May 2024 02:38 PM IST
सार

Vidur Niti: कहा जाता है कि जीवन को खूबसूरत बनाने के लिए मन में हमेशा स्वीकार का भाव होना चाहिए। यदि व्यक्ति के भीतर परिस्थिति को स्वीकार करने की क्षमता होती है, तो वह हर समस्या का समाधान कर सकता है। 

विज्ञापन
according to vidur niti these people are live Always Unhappy
Vidur Niti for unhappy people - फोटो : istock

Vidur Niti: कहा जाता है कि जीवन को खूबसूरत बनाने के लिए मन में हमेशा स्वीकार का भाव होना चाहिए। यदि व्यक्ति के भीतर परिस्थिति को स्वीकार करने की क्षमता होती है, तो वह हर समस्या का समाधान कर सकता है। कुछ लोग अपने पास मौजूद पद, धन व महंगी वस्तुओं के होने पर भी खुश नहीं होते हैं। वह हमेशा इसे बढ़ाने के प्रयास करते रहते हैं। कई बार दूसरों से ईर्ष्या के कारण व्यक्ति फिजूल खर्च करने लगता है, जो उसके भविष्य को भी प्रभावित करता है।



महात्मा विदुर के अनुसार इंसान में मौजूद गुण उसे दूसरों से अलग बनाते हैं। व्यक्ति की अच्छी आदतें उसे समाज में मान सम्मान दिलाती हैं। ऐसे लोगों पर ईश्वर भी मेहरबान रहता है। लेकिन कुछ आदतें उसे आगे बढ़ने से रोकती हैं। साथ ही इसके चलते वह हमेशा अपना नुकसान कराता है। विदुर के अनुसार व्यक्ति को किसी भी तरह की ईर्ष्या नहीं रखनी चाहिए। यदि वह मन में जलन की भावना रखता है, तो वह सारी धन दौलत धीरे-धीरे गंवा देता है। ऐसे लोगों को समाज में भी सम्मान प्राप्त नहीं होता है। इन्हें त्याग देने में ही भलाई हैं। आइए इन आदतों के बारे में विस्तार से जान लेते हैं।

according to vidur niti these people are live Always Unhappy
Vidur Niti for unhappy people - फोटो : istock

दूसरों से घृणा
दूसरों से घृणा करने वाला व्यक्ति हमेशा पीछे रह जाता है। साथ ही दुख ऐसे लोगों का कभी पीछा नहीं छोड़ता। आचार्य विदुर के अनुसार व्यक्ति को कभी भी घृणा का भाव नहीं रखना चाहिए। यह आपकी परेशानियों का कारण बनती है और व्यक्ति मुसीबत में घिरा रहता है।

according to vidur niti these people are live Always Unhappy
Vidur Niti for unhappy people - फोटो : istock

बात बात पर क्रोध  
क्रोध करने वाले व्यक्ति हमेशा अपना नुकसान स्वयं करता है। वह इसके चलते अपने लाभ को हानि में बदल लेता है। ऐसे लोग अपने गुस्से के आगे किसी को कुछ नहीं समझते है। इस आदत के कारण व्यक्ति आर्थिक तंगी का सामना भी करता है। विदुर के अनुसार क्रोध करने वाला व्यक्ति हमेशा पछताता है, वह अपने सम्मान में कमी का कारण खुद बनता है।

विज्ञापन
विज्ञापन
according to vidur niti these people are live Always Unhappy
Vidur Niti for unhappy people - फोटो : istock

कार्यों से असंतुष्ट रहना
अपने आप को संतुष्ट करना अच्छी बात है परंतु इसका आदि होना व्यक्ति के लिए नुकसानदायक होता है। विदुर के अनुसार कुछ लोग अपने को संतुष्ट करने के लिए दूसरों को हानि पहुंचाते हैं। ऐसे लोग केवल अपने लाभ के चलते लोगों से जुड़ते है। 

विज्ञापन
according to vidur niti these people are live Always Unhappy
Vidur Niti for unhappy people - फोटो : istock

भाग्य के भरोसे

हमेशा भाग्य के भरोसे बैठने वाले व्यक्ति को निराशा ही मिलती है। साथ ही दूसरों पर निर्भर रहने वाले लोग भी अपने दुखों का कारण खुद बनते है। विदुर नीति के अनुसार व्यक्ति को कभी भी दूसरों पर निर्भर नहीं रहना चाहिए। इससे हम हंसी का पात्र बनते हैं।


 

डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): ये लेख लोक मान्यताओं पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है। 

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें आस्था समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। आस्था जगत की अन्य खबरें जैसे पॉज़िटिव लाइफ़ फैक्ट्स, परामनोविज्ञान समाचार, स्वास्थ्य संबंधी योग समाचार, सभी धर्म और त्योहार आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed