Magh Krishna Janmashtami 2025: भगवान कृष्ण का जन्म हिंदू धर्म में बहुत महत्व रखता है। हिंदू पौराणिक कथाओं और मान्यताओं में भी इस त्यौहार का बहुत महत्व है। ऐसा माना जाता है कि भगवान कृष्ण का जन्म कोई साधारण घटना नहीं थी, बल्कि दुनिया में संतुलन और धार्मिकता को बहाल करने के लिए एक दिव्य हस्तक्षेप था। उनके जन्म ने एक नए युग की शुरुआत की, जहाँ अच्छाई बुराई पर विजय प्राप्त करेगी। धार्मिक मान्यताओं के अनुसार, इस दिन व्रत और पूजा करने से व्यक्ति के घर में सौभाग्य और समृद्धि आती है। साथ ही इस दिन जीवन में सकारात्मकता आती है।
Magh Masik Krishna Janmashtami 2025: कब है साल की पहली मासिक कृष्ण जन्माष्टमी? जानें तिथि और शुभ मुहूर्त
Masik Krishna Janmashtami Date: हिंदू धर्म में मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का विशेष महत्व है। इस दिन जगत के पालनकर्ता भगवान विष्णु के आठवें अवतार श्रीकृष्ण की पूजा की जाती है। आइए जानते हैं कि 2025 में पहला जन्माष्टमी व्रत कब मनाया जाएगा।
मासिक कृष्ण जन्माष्टमी तिथि
साल की पहली यानी माघ माह में शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि आरंभ: 21 जनवरी, रात्रि 12 बजकर 39 मिनट पर
माघ माह में शुक्ल पक्ष की अष्टमी तिथि समाप्त: 22 जनवरी, रात्रि 3 बजकर 18 मिनट पर होगी।
इस के अनुसार मासिक जन्माष्टमी का व्रत 21 जनवरी को रखा जाएगा।
मासिक कृष्ण जन्माष्टमी पूजा का शुभ मुहूर्त
पौराणिक कथाओं के अनुसार श्री कृष्ण का जन्म रात्रि में 12 बजे हुआ था।
मासिक कृष्ण जन्माष्टमी के दिन पूजा का शुभ मुहूर्त: रात्रि 12 :06 मिनट से लेकर 12 :59 मिनट तक रहेगा
पूजा की कुल अवधि: 53 मिनट
माघ माह की मासिक कृष्ण जन्माष्टमी का महत्व
मासिक कृष्ण जन्माष्टमी पर पूजा करने पर जातक को यश, कीर्ति, ऐश्वर्य, पराक्रम, धन, संपन्नता, संतान, वैभव, सौभाग्य, दीर्घायु और सुख-समृद्धि की प्राप्ति होती है। इस व्रत को करने और भगवान श्रीकृष्ण की पूजा संपन्न करने पर व्यक्ति की सभी इच्छाएं भी पूरी हो जाती हैं। ऐसे में इस व्रत को रखना अत्यधिक शुभ माना जाता है।
इन मंत्रों का करें जाप
- ॐ नमो भगवते श्री गोविन्दाय
- ॐ कृष्णाय नमः
- ॐ श्री कृष्णः शरणं ममः
- ॐ देव्किनन्दनाय विधमहे वासुदेवाय धीमहि तन्नो कृष्ण:प्रचोदयात
- हरे कृष्ण हरे कृष्ण कृष्ण कृष्ण हरे हरे । हरे राम हरे राम राम राम हरे हरे ।।
- ॐ नमो भगवते तस्मै कृष्णाया कुण्ठमेधसे। सर्वव्याधि विनाशाय प्रभो माममृतं कृधि।।
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