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Chaturmas 2025: जल्द ही मांगलिक कार्यक्रमों पर लगेगा प्रतिबंध, 4 महीने तक नहीं होगा कोई शुभ कार्य

Fri, 20 Jun 2025 04:28 PM IST
श्वेता सिंह धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
धर्म डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: श्वेता सिंह Updated Fri, 20 Jun 2025 04:28 PM IST
सार

Chaturmas Kab Se Shuru: चातुर्मास को लेकर धर्मशास्त्रों और पुराणों में भी कई नियम बताए गए हैं। यह समय स्वयं को संयम, सेवा, ध्यान और पूजा में लगाने का होता है। मांगलिक कार्यों को इस अवधि में टालकर बाद में शुभ तिथियों में करना अधिक फलदायक माना गया है।

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Chaturmas 2025 When Does It Begin and no auspicious work is done for 4 month
चातुर्मास 2025 - फोटो : adobe stock

Ashadha Chaturmas 2025 : कुछ ही दिनों में चातुर्मास शुरू हो जाएगा, जिसमें चार महीने तक कोई भी शुभ कार्य या मांगलिक कार्यक्रम नहीं किए जाते। यह अवधि आषाढ़ शुक्ल पक्ष से शुरू होकर कार्तिक पूर्णिमा तक जारी रहती है।


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ऐसा माना जाता है कि घर में कोई भी मांगलिक कार्य जैसे विवाह, मुंडन, जनेऊ या गृह प्रवेश शुभ तिथि में ही करने चाहिए, जिससे कार्य में सफलता और सकारात्मकता बनी रहती है। लेकिन कुछ विशेष तिथियां ऐसी होती हैं, जब मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं, और ये तिथियां चातुर्मास के दौरान आती हैं।
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आषाढ़ महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देवशयनी एकादशी कहा जाता है। इस दिन लक्ष्मी-नारायण की पूजा की जाती है और यहीं से चातुर्मास की शुरुआत मानी जाती है। चातुर्मास की अवधि में भगवान विष्णु योगनिद्रा में चले जाते हैं, और चार महीने तक सभी शुभ कार्यों पर रोक लग जाती है। इस समय में विवाह, गृह प्रवेश जैसे मांगलिक आयोजन नहीं किए जाते। आइये जानते हैं चातुर्मास कब शुरू हो रहा है और इसका समापन किस दिन होगा।

Chaturmas 2025 When Does It Begin and no auspicious work is done for 4 month
कब से शुरू हो रहे हैं चातुर्मास? - फोटो : adobe stock

कब से शुरू हो रहे हैं चातुर्मास?
आषाढ़ महीने के शुक्ल पक्ष की एकादशी को देवशयनी एकादशी कहा जाता है, जो इस वर्ष 2025 में 6 जुलाई को पड़ रही है और पारण 7 जुलाई को होगा। इसी दिन से भगवान विष्णु योगनिद्रा में चले जाते हैं और चातुर्मास की शुरुआत हो जाती है। इस चार माह की अवधि में विवाह, गृह प्रवेश जैसे मांगलिक कार्य वर्जित माने जाते हैं, हालांकि पूजा-पाठ और व्रत आदि किए जा सकते हैं। साल 2025 में 1 नवंबर को देवउठनी एकादशी के दिन भगवान विष्णु के जागरण के साथ चातुर्मास का समापन होगा और इसके बाद फिर से शुभ कार्य आरंभ हो सकेंगे।

Chaturmas 2025 When Does It Begin and no auspicious work is done for 4 month
चातुर्मास में भूलकर भी न करें ये कार्य - फोटो : freepik

शादी-विवाह जैसे मांगलिक कार्यों से बचें
चातुर्मास के दौरान विवाह, सगाई, वर-वधू मिलन जैसे शुभ कार्य नहीं किए जाते। मान्यता है कि इस समय भगवान विष्णु योगनिद्रा में होते हैं और किसी भी मांगलिक कार्य में उनका आशीर्वाद न मिल पाना अशुभ फल दे सकता है।

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Chaturmas 2025 When Does It Begin and no auspicious work is done for 4 month
चातुर्मास में भूलकर भी न करें ये कार्य - फोटो : Adobe

मुंडन, जनेऊ और गृह प्रवेश न करें
इन कार्यों को भी शुभ समय में ही किया जाता है, लेकिन चातुर्मास को ऐसे संस्कारों के लिए अनुकूल नहीं माना जाता। चूंकि यह आत्म-नियंत्रण और साधना का समय होता है, इसलिए इन धार्मिक आयोजनों को इस अवधि में टालने की सलाह दी जाती है।

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चातुर्मास में भूलकर भी न करें ये कार्य - फोटो : freepik

नई चीजों की खरीदारी और नया काम शुरू न करें
इस समय किसी भी प्रकार की नई शुरुआत जैसे नया घर लेना, गाड़ी खरीदना, बिजनेस की शुरुआत करना या जमीन-जायदाद का सौदा अशुभ फल दे सकता है। चातुर्मास में स्थिरता और शांति बनाए रखना ही श्रेयस्कर होता है।

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