Raksha Bandhan 2025: भाई-बहनों के प्रेम का प्रतीक रक्षाबंधन इस साल 9 अगस्त 2025 को मनाया जाएगा। यह दिन रिश्तों में मिठास, मजबूती और सामाजिक मूल्यों के महत्व को बढ़ाता है। इस दिन बहनें भाई की कलाई पर प्रेम-स्नेह के भाव से राखी बांधती हैं, जिसके बदले भाई अपनी बहन को जीवन भर रक्षा का वचन देता है। यह वचन न केवल सुरक्षा का है बल्कि पारिवारिक बंधन और सामुदायिक भावना को मजबूत करने में भी अहम भूमिका अदा करता है। बता दें, धार्मिक ग्रंथों में भी भाई-बहन के रिश्ते के महत्व का उल्लेख है। यह व्यक्ति को भावनात्मक रूप से मजबूत बनाता है, जिसके प्रभाव से पूरा पारिवारिक जीवन खुशियों और यादों से भरा रहता है। भारत में हर साल पूरे हर्षोल्लास के साथ राखी का पर्व मनाया जाता है। इस दिन बहनें राखी के साथ-साथ भाई की तरक्की और लंबी उम्र के लिए कुछ उपाय भी करती हैं, जिसे शुभ माना गया है। ऐसे में आप इस साल इन तीन सरल उपाय के जरिए भाई की तरक्की और लंबी उम्र की कामना कर सकती हैं। आइए इनके बारे में जानते हैं।
Raksha Bandhan 2025: भाई की तरक्की के लिए रक्षाबंधन पर करें ये सरल उपाय, रिश्तों में भी आएगी मिठास
Raksha Bandhan 2025: भाई-बहनों के प्रेम का प्रतीक रक्षाबंधन इस साल 9 अगस्त 2025 को मनाया जाएगा। यह दिन रिश्तों में मिठास, मजबूती और सामाजिक मूल्यों के महत्व को बढ़ाता है।
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या
वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
- श्रावण माह की पूर्णिमा तिथि 8 अगस्त को दोपहर 2 बजकर 12 मिनट से शुरू होगी।
- इसका समापन 9 अगस्त को दोपहर 1 बजकर 21 मिनट पर है।
- 9 अगस्त 2025 को रक्षाबंधन मनाया जाएगा।
शुभ समय
इस बार राखी बांधने का शुभ मुहूर्त सुबह 5 बजकर 47 मिनट से शुरू होगा। यह मुहूर्त दोपहर 1 बजकर 24 मिनट तक बना रहेगा। इसके अलावा रक्षाबंधन पर सर्वार्थ सिद्धि योग, श्रवण और धनिष्ठा नक्षत्र का संयोग रहेगा। यही नहीं अभिजीत मुहूर्त दोपहर 12 बजकर 17 मिनट से 12 बजकर 53 मिनट तक रहने वाला है। ऐसे में आप इस अवधि में भी रक्षाबंधन मना सकते हैं।
रक्षाबंधन के उपाय
- ज्योतिषियों के मुताबिक रक्षाबंधन पर भाई को राखी बांधते समय उसके मस्तक पर केसर का तिलक लगाएं। इससे कुंडली में गुरु मजबूत होता है। यही नहीं भाई को ज्ञान, धन, और तरक्की भी मिलती हैं।
- रक्षाबंधन पर भाई को राखी बांधने के बाद आप उनका नाम लेकर गाय को चारा खिलाएं। साथ ही गौ माता की सेवा भी करें। इसके प्रभाव से भाई की लंबी उम्र और रिश्तों में प्रेम बढ़ता है।
ज्योतिषियों के मुताबिक भाई को राखी बांधने से पहले राखी को गंगाजल, हल्दी, केसर और दूध से शुद्ध कर लें। फिर आप एक साफ थाली में दीप जलाएं। अब कुछ मिठाई और रोली रखें। फिर “ओम येन बद्धो बलिराजा दानवेन्द्रो महाबलः तेन त्वामपि बध्नामि रक्षे मा चल मा चल” मंत्र का जप करते हुए भाई को राखी बांधें। इसके प्रभाव से भाई की तरक्की और अच्छी सेहत का आशीर्वाद मिलता है।
Raksha Bandhan 2025: रक्षाबंधन के दिन इस समय में न बांधे राखी, जान लें कब-कब है अशुभ मुहूर्त
Sawan Purnima 2025: सावन पूर्णिमा पर करें ये 5 पवित्र दान, शिव कृपा से मिलेगा सुख-समृद्धि
डिस्क्लेमर (अस्वीकरण): यहां दी गई जानकारी सामान्य मान्यताओं, ज्योतिष, पंचांग, धार्मिक ग्रंथों आदि पर आधारित है। यहां दी गई सूचना और तथ्यों की सटीकता, संपूर्णता के लिए अमर उजाला उत्तरदायी नहीं है।