बिहार के वे बाहुबली जिनके नाम पर आज भी थर्राते हैं लोग
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क्राइम से राजनीति में पैर जमाने वाला मोहम्मद शहाबुद्दीन 11 साल पुराने तेजाब कांड में जेल से छुटा है। शहाबुद्दीन ने छोटी उम्र में ही अपराध की दुनिया में कदम रख दिया था। जल्द ही लालू का दामन पकड़कर वह राजनीति में भी उतर आया। शहाबुद्दीन की खबरें तब फैली, जब उन्होंने राजद नेता को गिरफ्तार करने आए पुलिस अफसर को थप्पड़ जड़ दिया था। इसके बाद भारी अमले के साथ उसे पकड़ने पहुंची पुलिस और उसके गुर्गों के बीच घंटों गोलाबारी हुई थी। जिसमें दो पुलिसकर्मियों समेत दस लोग मारे गए थे। हालांकि तब भी शहाबुद्दीन पुलिस की पकड़ में नहीं आ सका था। बाद में नीतीश सरकार आने के बाद उसे जेल भेजा गया।
अनंत सिंह पर हत्या और रंगदारी के आरोप
हत्या और अपहरण के लिए चर्चित अनंत सिंह की गिरफ्तारी से सियासत में हलचल मच गई थी। अगवा कर हत्या की वजह से सुर्खियों में रहे इस बाहुबली नेता को सीएम नीतीश कुमार का काफी करीबी माना जाता था। एक समय उसके खिलाफ कई आपराधिक मामले भी सामने आए लेकिन सरकार के दबाव के चलते पुलिस उसके खिलाफ कोई कार्रवाई नहीं कर सकी। बताते चलें कि अनंत सिंह के खिलाफ हत्या और रंगदारी के 30 मामले दर्ज हैं।
90 के दशक में अपनी दबंगई से खबरों में रहने वाले पप्पू यादव के खिलाफ 17 क्रिमिनल केस हैं। फिलहाल वह और उनकी पत्नी सांसद हैं। पप्पू यादव पर कानून का शिंकजा तब कसा गया जब उसने कम्यूनिस्ट पार्टी के विधायक अजीत सरकार की हत्या कर दी थी। इस आरोप में उसे अदालत ने उम्रकैद की सजा सुनाई थी, लेकिन सुप्रीम कोर्ट ने उसे बरी कर दिया।
राजन तिवारी का नाम भी है लिस्ट में
बिहार के दबंग नेताओं में राजन तिवारी पर हत्या और किननैपिंग के कई मामले सामने आए थे। बिहार ही नहीं उत्तर प्रदेश में भी क्राइम में इस बाहुबली नेता का नाम छाया रहता है। राजन पर किडनैपिंग का मामला 2005 में सामने आया, जिसकी लंबी कानून प्रक्रिया के बाद उन्हें कोर्ट ने दोषमुक्त कर दिया है।