Yoga Asanas To Improve Eyesight: गलत खानपान, मोबाइल या कंप्यूटर स्क्रीन पर अधिक समय बिताने और आंखों को आराम न देने के कारण कम उम्र से ही लोगों को नजर कम होने की समस्या हो सकती है। उम्र बढ़ने के साथ आंखों की तमाम बीमारियां और रोशनी कम होना आम समस्या है लेकिन अब छोटे बच्चों में आंखों की समस्या बढ़ने लगी है, जो कि चिंताजनक है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सभी को हमेशा आंखों की सेहत का ख्याल रखना जरूरी है।
Yoga Tips: आंखों की रोशनी बढ़ाने के लिए करें इन योगासनों का अभ्यास, चश्मा लगाने की नहीं पड़ेगी जरूरत
अनुलोम-विलोम प्राणायाम
प्राणायाम के दैनिक अभ्यास से संपूर्ण शरीर को स्वस्थ रखा जा सकता है। नियमित अनुलोम विलोम प्राणायाम का अभ्यास अवरूद्ध ऊर्जा चैनलों (नाड़ियों) को साफ करने और मन को शांत रखने में सहायक है। तंत्रिकाओं को राहत दिलाने और दृष्टि में सुधार के साथ ही त्वचा को स्वस्थ बनाने के लिए अनुलोम विलोम प्राणायाम का नियमित अभ्यास करना चाहिए।
हलासन योग का लाभ
पीठ-कमर से लेकर रक्त के परिसंचरण को ठीक बनाए रखने के लिए हलासन योग का अभ्यास लाभकारी माना जाता है। हलासन शरीर के ऊपरी हिस्से में रक्त के संचार को बढ़ावा देने में मदद करता है जिसके कारण आंखों को स्वस्थ रखा जा सकता है। नियमित तौर पर इस योग के अभ्यास से वृद्धावस्था तक आंखों की रोशनी को बेहतर बनाए रखा जा सकता है। वहीं तंत्रिका तंत्र को शांत करने और इससे संबंधित विकारों के जोखिम को कम करने में भी हलासन लाभकारी है।
सर्वांगासन योग के फायदे
आंखों की सेहत के साथ ही रक्त संचार को ठीक रखने के लिए सर्वांगासन के अभ्यास की आदत बनाएं। सर्वांगासन के नियमित अभ्यास से मस्तिष्क और ऑप्टिक नर्व्स में रक्त परिसंचरण को बढ़ावा मिलता है। वहीं आंखों को आराम देने के साथ मस्तिष्क को भी स्वस्थ बनाता है।
नोट: यह लेख योगगुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।
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