आपने भी अक्सर सुना होगा कि जीवन में बेहतर करने के लिए आत्मविश्वास का मजबूत होना सबसे आवश्यक होता है। हालांकि पिछले कुछ वर्षों में तमाम तरह के कारकों के चलते लोगों के मानसिक स्वास्थ्य पर नकारात्मक असर देखा गया है, जो सीधे तौर पर आत्मविश्वास में कमी का कारण बन रहा है। आत्मविश्वास में कमी के कारण दैनिक कार्यों को ठीक तरीके से करने में भी कठिनाई हो सकती है, साथ ही यह आपकी उत्पादकता को भी कम कर देती है। स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक जीवनशैली को स्वस्थ रखने और कुछ खास बदलाव करके आत्मविश्वास को मजबूत किया जा सकता है।
आज का योग: आत्मविश्वास बढ़ाने के लिए इन योगासनों के अभ्यास को माना जाता है लाभदायक, मानसिक स्वास्थ्य में भी होगा सुधार
अधोमुख शवासन योग का अभ्यास
अधोमुख शवासन या डाउनवर्ड फेसिंग डाग पोज को आमतौर पर पीठ और रीढ़ को स्वस्थ रखने में मददगार माना जाता है। योग विशेषज्ञों के मुताबिक रीढ़ के साथ मानसिक स्वास्थ को बढ़ावा देने और आत्मविश्वास के स्तर को बढ़ाने में भी इस योग के लाभ हो सकते हैं। अधोमुख शवासन योग शारीरिक और मानसिक संतुलन में भी सुधार करता है। मस्तिष्क में रक्त के संचार को बढ़ावा देने के साथ सकारात्मक ऊर्जा के संचार में भी इस योग को काफी लाभदायक माना जाता है।
वीरभद्रासन योग
योग विशेषज्ञों के मुताबिक वीरभद्रासन योग के नियमित अभ्यास से पीठ की मांसपेशियां, नितंब और हैमस्ट्रिंग की मांसपेशियां मजबूत होती हैं। इसके अलावा शरीर के संतुलन में सुधार करने में भी इस योग के अभ्यास को लाभदायक माना जाता है। विशेषज्ञों के मुताबिक वीरभद्रासन योग आत्मविश्वास को बढ़ाने और सकारात्मक के संचार को बढ़ावा देने में भी इस योग को लाभदायक माना जाता है। वीरभद्रासन योग पूरे शरीर की मांसपेशियों को भी फैलाने और जोड़ों की स्ट्रेचिंग में लाभदायक माना जाता है।
कोबरा पोज के लाभ
कोबरा पोज या भुजंगासन योग को सेहत के लिहाज से बेहद फायदेमंद माना जाता है। शरीर की सभी मांसपेशियों की स्ट्रेचिंग के साथ रक्त के संचार को बढ़ावा देने में भी इस योग को लाभदायक माना जाता है। मानसिक स्वास्थ्य को बढ़ावा देने के साथ आत्मविश्वास के स्तर को बढ़ाने में भी भुजंगासन योग का अभ्यास आपके लिए फायदेमंद हो सकता है।
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नोट: यह लेख योगगुरु के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी विशेषज्ञ से संपर्क कर सकते हैं।
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