दिनचर्या में योगासनों को शामिल करने की आदत बनाना आपको संपूर्ण स्वास्थ्य लाभ प्राप्त करने में सहायक हो सकता है। योगासनों का अभ्यास शारीरिक और मानसिक दोनों प्रकार के स्वास्थ्य के लिए लाभकारी माना जाता है। योग विशेषज्ञ बताते हैं, योगासन मस्तिष्क और तंत्रिकाओं के लिए लाभकारी हो सकते हैं। योग से सिर में रक्त का संचार बेहतर बना रहता है जिससे मस्तिष्क की समस्याओं का जोखिम कम होता है और आंखों की रोशनी ठीक रहती है। इससे न्यूरोलॉजिकल स्वास्थ्य विकारों को कम करने में भी फायदा मिल सकता है।
Yoga Tips: इन आसनों को मस्तिष्क और आंखों के लिए माना जाता है फायदेमंद, सिर में बढ़ता है रक्त का संचार
क्या कहते हैं योग विशेषज्ञ?
योग विशेषज्ञ कहते हैं, हम में से अधिकांश लोग यह नहीं समझते हैं कि शरीर के अन्य अंगों की तरह मस्तिष्क को भी प्रतिदिन पोषण और ऊर्जा की आवश्यकता होती है। जिस तरह एक्सरसाइज करने से शरीर अच्छा रहता है, उसी तरह ब्रेन का एक्सरसाइज भी जरूरी है। कुछ प्रकार के योगासन न सिर्फ तंत्रिकाओं से संबंधित विकारों को ठीक करने में लाभकारी हो सकते हैं, साथ ही सिर में रक्त का संचार बढ़ाते हैं जिससे आंखें भी स्वस्थ बनी रहती हैं। सभी आयु के लोगों के लिए दिनचर्या में योगासनों को शामिल करना बेहतर विकल्प हो सकता है।
भ्रामरी प्राणायाम से मिलता है लाभ
योग विशेषज्ञ बताते हैं वैसे तो नियमित रूप से प्राणायामों के अभ्यास के कई प्रकार के स्वास्थ्य लाभ हो सकते हैं पर विशेषतौर पर भ्रामरी प्राणायाम को मस्तिष्क के विकारों को दूर करने में काफी लाभकारी पाया गया है। एकाग्रता और याददाश्त में सुधार करने के साथ इस प्राणायाम के नियमित अभ्यास की आदत बनाने से क्रोध, उत्तेजना, हताशा और चिंता जैसी नकारात्मक भावनाओं में भी लाभ पाया जा सकता है। इस अभ्यास से मस्तिष्क की कई प्रकार की समस्याएं दूर होती हैं।
सर्वांगासन (शोल्डर स्टैंड) पोज के लाभ
सर्वांगासन योग का अभ्यास अपेक्षाकृत कठिन होता है पर इसे संपूर्ण शरीर के लिए लाभकारी माना जाता है। थायरॉयड ग्रंथियों के कामकाज में सुधार करने के साथ मस्तिष्क को पोषण देने में इस योगाभ्यास के विशेष लाभ है। यह पीनियल और हाइपोथैलेमस ग्रंथियों तक रक्त के संचार को बेहतर करता है जिससे न्यूरोलॉजिकल विकारों का खतरा कम होता है। शोल्डर स्टैंड पोज का अभ्यास आंखों की रोशनी बढ़ाने और इससे संबंधित कई प्रकार के विकारों को दूर करने में भी फायदेमंद हो सकता है।
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नोट: यह लेख योग विशेषज्ञों के सुझावों के आधार पर तैयार किया गया है। आसन की सही स्थिति के बारे में जानने के लिए किसी योगगुरु से संपर्क कर सकते हैं।
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