Tulsi Plant Care Tips: सर्दियां शुरू होते ही घर के आंगन में रखी तुलसी माता की हरियाली मुरझाने लगती है। ठंडी हवाएं, सुबह की ओस और सूरज की कम रोशनी तुलसी के पौधे पर असर डालती हैं। धीरे-धीरे इसकी पत्तियां पीली पड़ जाती हैं, तना कमजोर होने लगता है और पौधा सूखने लगता है। लेकिन अगर सही देखभाल की जाए तो तुलसी का पौधा न केवल सर्दियों में जीवित रह सकता है, बल्कि हरा-भरा और सुगंधित भी बना रहता है। तुलसी केवल पूजा का पौधा नहीं, बल्कि एक औषधीय और ऊर्जा देने वाला पौधा है, जो घर के वातावरण को शुद्ध रखता है।
Gardening Tips: ठंड में भी हरा-भरा रहेगा तुलसी का पौधा, बस करें ये 5 काम!
Tulsi Plant Care Tips: सर्दियों में तुलसी के पौधे को ठंड से कैसे बचाएं? जानें आसान घरेलू तरीके, धूप, पानी और खाद का सही इस्तेमाल ताकि तुलसी बनी रहे हरी-भरी।
सूरज की रोशनी सबसे जरूरी
सर्दियों में धूप की कमी तुलसी को सबसे ज्यादा प्रभावित करती है। इसलिए तुलसी का गमला ऐसी जगह रखें, जहां कम से कम 4 से 5 घंटे धूप मिले। अगर घर में छत या बालकनी है तो वहां सुबह की धूप में पौधे को रखें। ध्यान दें: तेज़ ठंडी हवाओं से बचाने के लिए शाम के समय पौधे को घर के अंदर ले आएं।
पानी देने का सही तरीका अपनाएं
सर्दियों में पौधे को जरूरत से ज़्यादा पानी देना जड़ सड़ने का कारण बन सकता है।
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तुलसी को हर दो-तीन दिन में हल्का पानी दें। ध्यान रखें जब मिट्टी ऊपरी सतह से सूखी लगे, तभी पानी डालें।
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सुबह के समय ही पानी डालें ताकि मिट्टी दिनभर सूख सके।
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गमले में जल निकासी के लिए नीचे छेद होना ज़रूरी है।
पौधे को ठंडी हवा और ओस से बचाएं
सर्दियों में रात की ठंडी हवा और ओस तुलसी को कमजोर कर देती है। ऐसे में रात को तुलसी को कपड़े या प्लास्टिक कवर से ढक दें। कोशिश करें कि पौधा बालकनी या खिड़की के अंदर रहे, जहाँ उसे हल्की रोशनी मिले लेकिन ठंड न लगे।
मिट्टी और खाद पर दें ध्यान
तुलसी के पौधे के लिए ढीली, उपजाऊ और जल निकासी वाली मिट्टी सबसे अच्छी होती है। सर्दियों में हर 15 दिन में पौधे को घर पर बनी खाद दें। गोबर की खाद या वर्मीकम्पोस्ट, सूखे नीम पत्तों का पाउडर और रसोई से बचे सब्जियों के छिलके जो कि सड़े न हो। इससे पौधे को जरूरी पोषक तत्व मिलेंगे और जड़ें मजबूत रहेंगी।