Summer Travel Destination: अप्रैल का महीना है और राजधानी दिल्ली समेत कई शहरों में तापमान लगभग 40 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच रहा है। चटकती गर्मी से राहत पाने के लिए लोग ठंडी जगहों पर जाना चाहते हैं। हालांकि कम तापमान या ठंडी जगहों का जिक्र होते ही सबसे पहले शिमला मनाली की याद आती है। ये ऐसे हिल स्टेशन है, जहां साल भर पर्यटकों की भीड़ रहती है।
Summer Travel Destination: शिमला-मनाली नहीं, गर्मियों में इन जगहों पर जाकर आपको ठंडक के साथ मिलेगी शांति
धुंध भरे पहाड़ों, खूबसूरत झीलों के बीच शांति और प्राकृतिक सुंदरता का अनुभव लेने के लिए आपको कुछ ऑफबीट हिल स्टेशनों के बारे में बताया जा रहा है, जहां आप गर्मियों के महीने में घूमने की योजना बना सकते हैं।
कलगा गांव
हिमाचल प्रदेश के कुल्लू जिले में पार्वती घाटी पर पुलगा डैम के पास कलगा गांव स्थित है जो ट्रैकिंग के लिए लोकप्रिय स्थल है। अप्रैल के महीने में कलगा का अधिकतम तापमान औसत 14 डिग्री सेल्सियस तक रहता है और निम्नतम -4 डिग्री सेल्सियस रहेगा। ट्रैकिंग के शौकीन हैं तो कलगा गांव का रुख करें। इस 28 किमी लंबे ट्रैक को पूरा करने में तीन दिन का वक्त लग सकता है। ट्रैकिंग के अलावा यहां पहाड़ी की चोटी से मणिकर्ण घाटी का अद्भुत नजारा दिखता है। सूर्यास्त का दृश्य तो बहुत ही मनमोहक होता है।
कैसे पहुंचे कलगा, हिमाचल प्रदेश
कलगा पहुंचने के लिए हवाई अड्डे से 25 किलोमीटर की दूरी पर मणिकर्ण है, जहां के लिए बस या टैक्सी आसानी से मिल जाती हैं। मणिकर्ण से 10 किमी दूर कलगा गांव है, जहां से ट्रैक की शुरुआत होती है। इसके अलावा आप कुल्लू जिला पहुंचकर यहां से भुंतर तक सड़क मार्ग से पहुंचें।
स्पीति वैली
स्पीति वैली हिमाचल प्रदेश के सबसे ठंडे हिल स्टेशनों में शामिल है। यहां सर्दियों में बहुत ज्यादा ठंड पड़ती है लेकिन गर्मी के मौसम में भी यहां का तापमान सर्दियों की तरह ही कड़कड़ाती ठंड वाला होता है। बर्फ से ढके पहाड़ों के बीच गर्मी में भी सर्दी को महसूस किया जा सकता है। अप्रैल के महीने में स्पीति वैली का तापमान अप्रैल के महीने में माइनस में रहता है। न्यूनतम यहां माइनस 13 डिग्री सेल्सियस और अधिकतम 3 डिग्री सेल्सियस तापमान रहता है। यह मार्च से जून तक पर्यटकों के लिए बेहतरीन डेस्टिनेशन है।
कैसे पहुंचें स्पीति वैली
ट्रेन से स्पीति वैली की यात्रा करना चाहते हैं तो सबसे निकटतम रेलवे स्टेशन जोगिंदर नगर स्टेशन हैं जो कि 169 किमी दूर है। यहां से आप अपने गंतव्य के लिए टैक्सी या स्थानीय बस के जरिए पहुंच सकते हैं। जोगिंदर नगर के लिए आप पठानकोट से टाॅय ट्रेन का सफर भी कर सकते हैं।
तवांग
अरुणाचल प्रदेश का तवांग अपने ठंडे मौसम और खूबसूरत मठों के लिए पर्यटकों के बीच आकर्षण का केंद्र है। यहां इस महीने औसतन अधिकतम तापमान 14 डिग्री और न्यूनतम 2 डिग्री सेल्सियस रह सकता है। तवांग में भारत का सबसे बड़ा और दुनिया का दूसरा सबसे बड़ा मठ भी स्थित है। प्राकृतिक नजारों, सुहावने मौसम के बीच सुकून भरी छुट्टियां बिताने के लिए तवांग की यात्रा की जा सकती है।
कैसे पहुंचे तवांग?
तवांग के लिए कोई सीधी उड़ान नहीं है। तवांग से लगभग 387 किमी दूर तेजपुर हवाई अड्डा है। गुवाहाटी से तवांग की दूरी 450 किमी है, हालांकि पहाड़ी रास्ते के कारण सड़क मार्ग से एक दिन से अधिक का वक्त लग सकता है।
जीरो पाइंट
जीरो पाइंट सिक्किम की युमथांग घाटी में स्थित है। यहां बर्फ से ढके पहाड़ों का अद्वितीय दृश्य दिखाई देता है। बर्फ के शौकीन लोगों के लिए यह स्थान पसंदीदा है। यहां हिमालय की विशाल श्रृंखला के मनोरम दृश्य देखने को मिलते हैं, जिसमें कंचनजंगा भी शामिल है। यहां का तापमान माइनस में रहता है।
कैसे पहुंचे जीरो पाइंट
गंगटोक तक ट्रेन या फ्लाइट से पहुंचकर युमथांग तक की यात्रा करें। गंगटोक से युमथांग घाटी लगभग 140 किमी दूर है। युमथांग से लगभग 13 किमी का सफर तय करके एक घंटे की ड्राइव में जीरो पाइंट पहुंचा जा सकता है।