फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Sleep Divorce: क्या है स्लीप डिवोर्स? भारत में तेजी से बढ़ रहा है ट्रेंड, बगैर तलाक लिए अलग रहते हैं पति-पत्नी

Mon, 03 Mar 2025 04:10 PM IST
दीक्षा पाठक लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: दीक्षा पाठक Updated Mon, 03 Mar 2025 04:10 PM IST
सार

साथी के खर्राटे की आवाज नींद को बाधित कर देती है, इसके अलावा एसी के तापमान, पंखे की गति या कुछ और चीजों को लेकर युगल में बहस या मतभेद हो सकती है, इसका असर उनकी नींद को प्रभावित न करे इसलिए कई देशों में ये चलन तेजी से बढ़ रहा है।

विज्ञापन
What is sleep divorce Trend is increasing rapidly in India husband and wife live separately without divorce
दुनिया में तेजी से बढ़ रहा है स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड - फोटो : freepik.com

स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड हाल ही में दुनियाभर में तेजी से बढ़ रहा है। यह एक ऐसी स्थिति है जिसमें पति-पत्नी के बीच कोई कानूनी तलाक नहीं होता, बल्कि वे केवल सोने की व्यवस्था अलग कर लेते हैं। यानी वे एक ही घर में रहते हैं लेकिन अलग-अलग बेडरूम में सोते हैं। 'स्लीप डिवोर्स' जैसा कि नाम से ही स्पष्ट है कि ये 'नींद के लिए आपसी अलगाव' की एक शैली है। इसे ऐसे समझा जा सकता है कि अच्छी नींद पाने के लिए पति-पत्नी अलग कमरों, अलग बिस्तर पर या फिर अलग-अलग समय पर सोते हैं। साथी के खर्राटे की आवाज नींद को बाधित कर देती है, इसके अलावा एसी के तापमान, पंखे की गति या कुछ और चीजों को लेकर युगल में बहस या मतभेद हो सकती है, इसका असर उनकी नींद को प्रभावित न करे इसलिए कई देशों में ये चलन तेजी से बढ़ रहा है।

What is sleep divorce Trend is increasing rapidly in India husband and wife live separately without divorce
दुनिया में तेजी से बढ़ रहा है स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड - फोटो : adobe stock

स्लीप डिवोर्स क्यों बढ़ रहा है?
इसके पीछे कई कारण हो सकते हैं, जैसे:

  • नींद की क्वालिटी में सुधार – कई लोगों को खर्राटे, अलग-अलग सोने की आदतें, या पार्टनर की करवट बदलने जैसी चीजों से परेशानी होती है।
  • स्वास्थ्य कारण – अगर किसी को नींद में चलने, ज्यादा हिलने-डुलने या अन्य कोई मेडिकल समस्या हो तो अलग सोना बेहतर होता है।
  • वर्क शेड्यूल का अंतर – अगर पति-पत्नी के काम के समय अलग-अलग हों (जैसे कोई रात की शिफ्ट में हो और दूसरा दिन में काम करता हो) तो एक साथ सोना मुश्किल हो सकता है।
  • पर्सनल स्पेस की जरूरत – कुछ लोग अपनी व्यक्तिगत जगह और आराम को प्राथमिकता देते हैं।
What is sleep divorce Trend is increasing rapidly in India husband and wife live separately without divorce
दुनिया में तेजी से बढ़ रहा है स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड - फोटो : Freepik

क्या यह रिश्ते के लिए सही है?
कुछ लोगों के लिए यह रिश्ते को बचाने का तरीका हो सकता है क्योंकि अच्छी नींद से मूड और सेहत बेहतर होती है। कुछ के लिए यह दूरी बढ़ाने का कारण भी बन सकता है, खासकर अगर यह इमोशनल डिस्कनेक्ट का संकेत हो।

विज्ञापन
विज्ञापन
What is sleep divorce Trend is increasing rapidly in India husband and wife live separately without divorce
दुनिया में तेजी से बढ़ रहा है स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड - फोटो : Freepik

क्या यह भारत में भी लोकप्रिय हो रहा है?
भारतीय समाज में संयुक्त परिवार और परंपरागत विवाह प्रणाली के कारण यह ट्रेंड अभी ज्यादा नहीं देखा जाता, लेकिन शहरी जीवन शैली और बदलते सामाजिक मूल्यों के चलते यह धीरे-धीरे स्वीकार किया जाने लगा है।

विज्ञापन
What is sleep divorce Trend is increasing rapidly in India husband and wife live separately without divorce
दुनिया में तेजी से बढ़ रहा है स्लीप डिवोर्स का ट्रेंड - फोटो : istock

लोग इसलिए कर रहे हैं चुनाव
अध्ययन की रिपोर्ट से पता चलता है कि भारत सहित दुनिया के कई देशों में बड़ी आबादी नींद की समस्याओं से जूझ रही है। स्वस्थ शरीर के लिए रात में कम से कम सात से नौ घंटे अच्छी और निर्बाध नींद जरूरी है। यही कारण है कि अमेरिकी में बड़ी संख्या में लोग अपनी रात की नींद को बेहतर बनाने में मदद के लिए "स्लीप डिवोर्स" का ऑप्शन चुन रहे हैं।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed