{"_id":"6728a06c04a800f1bf0e7d41","slug":"relationship-problems-between-husband-wife-after-having-a-baby-2024-11-04","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Relationship Tips: बच्चा आने से कपल के जीवन में आती हैं ये समस्याएं, इन बदलावों से संभाल सकते हैं रिश्ता","category":{"title":"Relationship","title_hn":"रिलेशनशिप","slug":"relationship"}}
Relationship Tips: बच्चा आने से कपल के जीवन में आती हैं ये समस्याएं, इन बदलावों से संभाल सकते हैं रिश्ता
लाइफस्टाइल डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: शिवानी अवस्थी
Updated Mon, 04 Nov 2024 03:53 PM IST
सार
घर में बच्चा आने के बाद आपकी पूरी जीवन-शैली बदल जाती है। ऐसे में कई बार आपके रिश्ते में दूरी आने लगती है। जानकार कहते हैं कि ऐसी स्थिति में आपको कुछ बदलाव करने जरूरी होते हैं।
विज्ञापन
1 of 7
बच्चे के जन्म के बाद पति-पत्नी के बीच कई समस्याएं आने लगती है
- फोटो : Adobe
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
लक्ष्मी कुमारी
तरुणा बालकनी में आराम से बैठकर चाय पी रही थी और सोच रही थी कि साल भर होने को है, नींद हराम हो चुकी है। नींद ही नहीं, एक तरह से जिंदगी ही बर्बाद हो चुकी है। दफ्तर में दिन भर रहने के बाद रात में बेटी रो-रोकर तंग कर देती है। कब उठना पड़े, कब रात भर जागना पड़े, कुछ पता नहीं। ऑफिस में भी नींद आती है, कोई टारगेट समय से पूरा नहीं कर पाती और अब तो बॉस ने भी मुझसे उम्मीद रखना छोड़ दिया है। पति फिर भी कभी-कभार जागकर थोड़ी-बहुत मदद करा देते हैं और फिर सो जाते हैं। कितना समय हो गया ढंग से बातचीत भी नहीं हुई उनसे। जब से बेटी का जन्म हुआ है, तब से कभी उनके पास समय नहीं तो कभी मेरे पास समय नहीं होता। सोचा भी नहीं था, घर में बच्चा आने के बाद हम दोनों के रिश्ते इतने बदल जाएंगे कि हम एक-दूसरे से ही दूर हो जाएंगे।
घर में बच्चे का जन्म पति-पत्नी के लिए एक नए और रोमांचकारी सफर की शुरुआत होता है और रिश्ते के लिहाज से एक महत्वपूर्ण बदलाव का दौर। बच्चा अपने साथ बहुत-सी खुशियां लाता है, लेकिन साथ में भावनात्मक, मनोवैज्ञानिक और सामाजिक बदलावों की एक शृंखला भी, जो आगे चलकर कई पति-पत्नी के रिश्ते को कमजोर कर देती है। इस दौरान दोनों अक्सर पहचान और जिम्मेदारी में बदलाव का अनुभव करते हैं, जो उनके रिश्ते में झलकने लगता है।
2 of 7
दोनों को बदलावों और जिम्मेदारियों के लिए तैयार रहना चाहिए
- फोटो : Freepik.com
बदलाव और जिम्मेदारियां
रात में जागना, खाने का शेड्यूल और नई दिनचर्या के बदल जाने से जिंदगी की गति बदल जाती है। इसके अलावा पारिवारिक, सामाजिक और सांस्कृतिक दबाव भी सामने आने लगते हैं, जो कार्यों और कर्तव्यों को प्रभावित करते हैं। इससे भावनात्मक अंतरंगता भंग होने लगती है, क्योंकि शारीरिक-मानसिक थकावट और तनाव आम हो जाते हैं, जो आपस में बातचीत और संबंध, दोनों को प्रभावित करते हैं।
वहीं बच्चा आने के बाद परवरिश की भूमिकाओं और जिम्मेदारियों को संतुलित करना पति-पत्नी के लिए नए जीवन की गतिशीलता को समायोजित करने का एक महत्वपूर्ण पहलू है। साथी होने से लेकर माता-पिता बनने तक के बदलाव में दोनों को सही संतुलन की आवश्यकता होती है, जो कि चुनौतीपूर्ण हो सकती है।
इसलिए बातचीत करना, जिम्मेदारियों को बांटना और एक साझी दिनचर्या स्थापित करना बेहद महत्वपूर्ण है। कहने का मतलब यह कि जैसे-जैसे कार्य बढ़ते हैं, दोनों पार्टनर्स को एक-दूसरे की शक्ति और योगदान को पहचानते हुए सहयोग करना चाहिए। इससे असमान जिम्मेदारियों से उत्पन्न होने वाली नाराजगी की भावना कम हो जाती है और आपसी प्रेम बना रहता है।
3 of 7
बच्चा उनके रिश्ते पर असर डालता है, जिसे सकारात्मक बनाने के लिए कुछ प्रयास जरूरी हैं
- फोटो : Adobe
रिश्ते पर असर
परिवार में नवजात शिशु का आगमन दोनों के लिए गहन भावनात्मक बदलाव भी लेकर आता है, जो कई मामलों में तनाव और चिंता पैदा करता है। ऐसे में कई माता-पिता के लिए बच्चे का स्वागत करने की खुशी जिम्मेदारी के भारी बोझ के तले दब जाती है, जो अक्सर पति-पत्नी के बीच बहस या अलगाव की भावनाओं के रूप में प्रकट होती है।
इसके अलावा पति-पत्नी का रिश्ते को संवारने से ध्यान हटकर मुख्य रूप से बच्चे की जरूरतों को पूरा करने पर चला जाता है। इससे व्यक्तिगत जुड़ाव के लिए बहुत कम समय बचता है। वहीं इस समय अगर सावधानी से काम न लिया जाए तो उपेक्षा या नाराजगी की भावनाएं रिश्ते को खराब कर सकती हैं।
जब पति-पत्नी, माता-पिता के रूप में अपनी बदलती भूमिकाओं को निभाते हैं और पार्टनर के रूप में अपनी पहचान बनाए रखने की कोशिश करते हैं तो भावनात्मक संबंध बहुत जरूरी हो जाते हैं। इसके लिए खुला संचार जरूरी है। ईमानदारी और सहानुभूति के साथ भावनाओं को साझा करने से गलतफहमियों को कम करने में मदद मिलती है। इसलिए जब भी संभव हो, अंतरंगता के पल तलाशने चाहिए, भले ही यह सिर्फ एक साधारण बातचीत या साझा कार्य ही क्यों न हो, जो बंधन को मजबूत कर सकते हैं।
धैर्य और समझ के साथ इन बदलावों को अपनाने से बच्चे के जन्म के बाद रिश्ते के लिए एक नई और मजबूत नींव स्थापित करने में मदद मिल सकती है। इसके साथ ही आपको हमेशा एक ऐसा माहौल बनाने पर ध्यान देना चाहिए, जिसमें प्रत्येक को सुना और समझा जाए। इसके लिए आप दोनों को ही साझा अनुभवों को संजोने का प्रयास करना चाहिए।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 7
पर्सनल स्पेस की बात
- फोटो : istock
पर्सनल स्पेस की बात
बच्चा आने के बाद पति-पत्नी के रिश्ते का परिदृश्य अक्सर महत्वपूर्ण परिवर्तनों से गुजरता है, खासकर शारीरिक अंतरंगता के मामले में। शारीरिक स्पर्श जो कभी रोमांस और इच्छा से जुड़ा होता था, नई जिम्मेदारियों और नवजात शिशु की देखभाल की मांगों के साथ समन्वय बनाने में उड़ जाता है। नींद की कमी, हार्मोन का उतार-चढ़ाव और खिलाने तथा डायपर बदलने का कभी न खत्म होने वाला चक्र थकावट का कारण बन जाता है, जिससे अंतरंगता साझा आनंद के बजाय एक कठिन काम और जिम्मेदारियों का बोझ महसूस होती है।
स्नेह के लिए छोटे-छोटे पल ढूंढना और दोनों भागीदारों के लिए अंतरंगता का क्या अर्थ है, इसे फिर से परिभाषित करना निकटता की भावना को बहाल कर सकता है।
विज्ञापन
5 of 7
बाहरी मदद में हिचकिचाहट कैसी
- फोटो : istock
बाहरी मदद में हिचकिचाहट कैसी
अगर आपस में तालमेल गड़बड़ा गया है। एक–दूसरे को समझने का वक्त नहीं या जरूरत महसूस नहीं करते तो बात बिगड़ जाएगी। इसलिए जरूरत पड़ने पर बाहरी सहायता लेने में हिचकिचाएं नहीं। यह बाहरी सहायता न केवल व्यावहारिक सहायता होगी, बल्कि विभिन्न नजरियों से भी परिचित कराएगी। आप दोनों टीमवर्क पर जोर देकर और शुरू की गई आपसी यात्रा को पहचान कर इस परिवर्तनकारी सफर का आनंद उठा सकते हैं। ऐसा करके आप माता-पिता बनने की चुनौतियों और इन खुशियों के बीच एक मजबूत तथा खूबसूरत बंधन को बनाए रख सकते हैं।
सबसे विश्वसनीयहिंदी न्यूज़वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ेंलाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसेहेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health and fitness news), लाइवफैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्टफूड न्यूज़इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) औरयात्रा (travel news in Hindi) आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।