आजकल के लाइफस्टाइल व खराब खान-पान के चलते हर कोई किसी न किसी बीमारी से जूझ रहा है। मंगलवार को पूर्व मुख्यमंत्री स्वर्गीय एनडी तिवारी के बेटे रोहित शेखर तिवारी की भी दिल की गति रुकने से मौत हो गई। हार्ट अटैक एक ऐसी स्थिति है जिसमें ह्रदय शरीर को रक्त की पर्याप्त आपूर्ति नहीं कर पाता है। रक्त की कमी के कारण शरीर के विभिन्न अंग ठीक से काम नहीं कर पाते हैं। यह ह्रदय की मांसपेशियों के कमजोर होने और रक्त को पंप करने की प्रक्रिया को धीमा करने का संकेत देता है। आइए जानते हैं हार्ट अटैक के क्या लक्षण हैं और इससे बचाव कैसे कर सकते हैं।
जानिए क्या होते हैं हार्ट अटैक के लक्षण, दिल का दौरा आने से पहले ये संकेत देता है शरीर
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दिल का तुरंत इलाज कराएं
अगर आपको दिल से संबंधित कोई असमान्य स्थितियां है तो आपको जल्द उनका इलाज कराना चाहिए। यदि आपको दिल के दौरे के किसी भी लक्षण महसूस हो तो आपको तुरंत अपने डॉक्टर से सलाह लेना चाहिए। क्योंकि दिल का दौरा पड़ने के साथ-साथ ह्रदयघात भी हो सकता है। आपको ब्लड प्रेशर को भी नियंत्रित रखना चाहिए। इसके साथ ही कोलेस्ट्रॉल को भी कंट्रोल करना चाहिए।
ऐसे करें बचाव
धूम्रपान दिल संबंधित बीमारियों के लिए सबसे प्रमुख कारणों में से एक है। निकोटिन के कारण रक्त वाहिकाओं संकुचित हो जाती हैं जिससे ह्रदय कठोर हो जाता है। इसके अलावा ज्यादा देर तक न बैठें। अगर आपको अपना काम पूरे दिन बैठकर करना है तो नियमित रूप से व्यायाम करें। इसके अलावा समय-समय पर ऑफिस में भी घूमते रहें। साथ हीवजन को बढ़ने से रोकें। मोटापा ह्रदय रोगों का खतरा बढ़ाता है। मोटापा आपके रक्तचाप को भी बढ़ाता है। वजन कम करने के लिए खुद को अधिक शारीरिक गतिविधियों में शामिल करें।
हार्ट अटैक आने से कैसे बचें?
आपकी जीवनशैली आपके दिल की विफलता के जोखिम को प्रभावित कर सकती है। एक गतिहीन जीवन शैली निश्चित रूप से दिल की विफलता की संभावना को बढ़ा सकती है। आपको उन आदतों को विकसित करना चाहिए जो यह सुनिश्चित करता है कि आपका दिल सही पंप कर रहा है। एक स्वस्थ जीवन शैली हृदय को स्वस्थ रखने में मदद करेगी। यहां कुछ हृदय को स्वस्थ रखने के टिप्स दिए गए हैं जो आपके हृदयघात के विभिन्न लक्षणों से बचा सकती हैं।
लक्षण
सांसों की कमी होना, थकान और कमजोरी महसूस करना, अचानक वजन बढ़ जाना। ये सब दिल की बीमारियों के लक्षण हैं। साथ ही पेट में सूजन व ध्यान केंद्रित करने में समस्या होना ये सारे लक्षण दिल से संबंधित बीमारियों के हैं।