फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Study: मानसिक रोगों का इलाज करा रहे लोगों में कम होता है कोविड-19 का खतरा? शोध में दिखे चौंकाने वाले परिणाम

Mon, 03 Jul 2023 12:36 PM IST
अभिलाष श्रीवास्तव हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
हेल्थ डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: अभिलाष श्रीवास्तव Updated Mon, 03 Jul 2023 12:36 PM IST
विज्ञापन
latest study says SSRIs anti-depressants found effective in blocking COVID-19 transmission and treatment
कोरोना से बचाव के लिए क्या करें? - फोटो : Istock

कोरोना वायरस पिछले तीन साल से अधिक समय से वैश्विक स्तर पर गंभीर स्वास्थ्य जोखिमों का कारण बना हुआ है। पिछले कुछ महीनों में वैसे तो दुनियाभर में संक्रमण के नए ममाले कम रिकॉर्ड किए गए हैं, हालांकि पिछले हफ्ते अमेरिका के कुछ स्टेट्स में नए EU.1.1 वैरिएंट के सामने आने के बाद वैज्ञानिकों की चिंता जरूर बढ़ी है।



इस वैरिएंट के बारे में अभी ज्यादा नहीं समझा जा सका है, पर स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि ये ओमिक्रॉन के XBB.1.5 का ही एक सब-वैरिएंट है। वैज्ञानिकों की टीम ने चेतावनी भी जारी की है कि कोरोना को अब भी हल्के में लेने की गलती न करें, वायरस लगातार म्युटेट हो रहा है औ इससे आने वाले नए वैरिएंट्स से गंभीर जोखिमों का खतरा भी बना हुआ है।

कोविड-19 से बचाव और इलाज को लेकर अब भी अध्ययन जारी है। इसी को लेकर हाल ही में हुए एक शोध में वैज्ञानिकों ने पाया कि डिप्रेशन के मरीजों को दी जाने वाली एंटीडिप्रेसेंट दवाएं कोविड संक्रमण में फायदेमंद हो सकती हैं। कोरोना संक्रमण को ब्लॉक करने में इसके लाभ देखे गए हैं। आइए इस बारे में समझते हैं।

latest study says SSRIs anti-depressants found effective in blocking COVID-19 transmission and treatment
कोरोना वायरस से बचाव के लिए प्रभावी उपाय - फोटो : Pixabay

एसएसआरआई दवाएं हो सकती हैं कोविड-19 में असरदार

बीएमसी मेडिसिन में प्रकाशित शोध से पता चलता है कि कुछ प्रकार की सेरोटोनिन रीपटेक इनहिबिटर (एसएसआरआई) दवाएं, कोविड-19 के संचरण और शरीर में इसे गंभीर रोग का जोखिम बनने से रोकने में कारगर हो सकती हैं। इसके लिए अप्रैल से दिसंबर 2020 तक यूनाइटेड किंगडम में 5,600 से अधिक मानसिक रोगियों के बीच संक्रमण के खतरे को समझने का प्रयास किया गया। जिसमें पाया गया कि ये दवाएं कोविड-19 के ब्लॉक करने में कारगर हो सकती हैं। जिसका मतलब है कि कोविड-19 के रोगियों में इन दवाओं से लाभ मिल सकता है।

latest study says SSRIs anti-depressants found effective in blocking COVID-19 transmission and treatment
एंटीडिप्रेसेंट दवाओं से कोविड-19 में लाभ - फोटो : istock

एंटीडिप्रेसेंट लेने वालों में संक्रमण का देखा गया कम जोखिम

यूनिवर्सिटी ऑफ मिनेसोटा के सेंटर फॉर इंफेक्शियस डिजीज रिसर्च एंड पॉलिसी (सीआईडीआरएपी) के शोधकर्ताओं ने बताया कि मानसिक स्वास्थ्य रोगी जो पिछले करीब 90 दिनों से एसएसआरआई दवाएं ले रहे थे उनमें कोविड-19 संक्रमण होने का जोखिम लगभग 40% तक कम देखा गया है।

शोध से पता चला कि कोविड-19 के नकारात्मक परीक्षण वाले करीब 28 फीसदी रोगियों ने पिछले 90 दिनों के भीतर कम से कम एक एंटीडिप्रेसेंट दवा ली थी। 

विज्ञापन
विज्ञापन
latest study says SSRIs anti-depressants found effective in blocking COVID-19 transmission and treatment
एसएसआरआई दवाओं के कोविड-19 में प्रभाव - फोटो : iStock

कोविड-19 पर कैसे प्रभावी हैं एंटीडिप्रेसेंट दवाएं?

सीआईडीआरएपी के शोधकर्ताओं ने नोट किया, एसएसआरआई दवाओं में फ्लूवोक्सामाइन (लुवोक्स) और फ्लुओक्सेटीन (प्रोज़ैक) सहित कुछ कैमिकल कंपाउंड्स पाए जाते हैं, इनके प्रभावों को लेकर महामारी के दौरान विभिन्न समूहों द्वारा अध्ययन भी किया गया था। कोरोना वायरस से सुरक्षा या उपचार के संबंध में इनके मिले-जुले परिणाम देखे गए थे।

इस अध्ययन में पाया गया है कि ये दवाएं सभवत: कोविड-19 के जोखिमों को ब्लॉक करने वाली हो सकती हैं। इससे कोरोना संक्रमण के जोखिमों को कम करने में भी लाभ मिल सकते हैं।

विज्ञापन
latest study says SSRIs anti-depressants found effective in blocking COVID-19 transmission and treatment
कोविड-19 संक्रमण पर एसएसआरआई के संभावित नैदानिक लाभ - फोटो : iStock

क्या है अध्ययन का निष्कर्ष?

अध्ययन के निष्कर्ष में शोधकर्ताओं ने बताया कि कोविड-19 संक्रमण पर एसएसआरआई के संभावित नैदानिक लाभ के संकेत हैं। शोध के मुख्य लेखक और किंग्स कॉलेज लंदन के प्रोफेसर ओलेग ग्लीबोव ने एक प्रेस विज्ञप्ति में कहा एंटीडिप्रेसेंट जैसी सस्ती और आसानी से उपलब्ध दवाएं कोविड-19 के प्रसार को रोकने में मदद कर सकती हैं। पर इसकी प्रभाविकता को प्रमाणित करने के लिए हमें और अधिक शोध की आवश्यकता है।

कोरोना के प्रभावी उपचार की श्रृंखला में इन दवाओं पर भी ध्यान दिया जाना चाहिए।


----------------
स्रोत और संदर्भ
Antidepressant drug prescription and incidence of COVID-19 in mental health outpatients: a retrospective cohort study

अस्वीकरण: अमर उजाला की हेल्थ एवं फिटनेस कैटेगरी में प्रकाशित सभी लेख डॉक्टर, विशेषज्ञों व अकादमिक संस्थानों से बातचीत के आधार पर तैयार किए जाते हैं। लेख में उल्लेखित तथ्यों व सूचनाओं को अमर उजाला के पेशेवर पत्रकारों द्वारा जांचा व परखा गया है। इस लेख को तैयार करते समय सभी तरह के निर्देशों का पालन किया गया है। संबंधित लेख पाठक की जानकारी व जागरूकता बढ़ाने के लिए तैयार किया गया है। अमर उजाला लेख में प्रदत्त जानकारी व सूचना को लेकर किसी तरह का दावा नहीं करता है और न ही जिम्मेदारी लेता है। उपरोक्त लेख में उल्लेखित संबंधित बीमारी के बारे में अधिक जानकारी के लिए अपने डॉक्टर से परामर्श लें।

अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन

सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें  लाइफ़ स्टाइल से संबंधित समाचार (Lifestyle News in Hindi), लाइफ़स्टाइल जगत (Lifestyle section) की अन्य खबरें जैसे हेल्थ एंड फिटनेस न्यूज़ (Health  and fitness news), लाइव फैशन न्यूज़, (live fashion news) लेटेस्ट फूड न्यूज़ इन हिंदी, (latest food news) रिलेशनशिप न्यूज़ (relationship news in Hindi) और यात्रा (travel news in Hindi)  आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़ (Hindi News)।  

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|

विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed