गर्मी के मौसम आते ही तरह-तरह की बीमारियों की शिकायत लोगों में होने लगती हैं। कुछ बीमारियां तो सामान्य होती हैं जिनका इलाज आसान होता है, लेकिन कुछ बीमारियां गंभीर होती हैं जिनका समय पर इलाज नहीं करवाया गया तो ये जानलेवा साबित हो सकती हैं। हम आपको बताने जा रहे हैं उन चार बीमारियों के बारे में जो गर्मी में आम हैं लेकिन सही समय पर इलाज ना होने के कारण गंभीर हो सकती हैं।
गर्मी के मौसम में ये 4 बीमारी ले सकती है जान, जरा संभलकर रहें
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खसरा
ये रोग सांस के जरिए फैलता है। खासौतर पर खसरा गर्मियों में फैलता है। खसरा होने के कारण शरीर पर दाने, बुखार, खांसी, नाक बहना व आंखें लाल होने लगती हैं। खसरा को रुबेला भी कहा जाता है। खसरा से बचने के लिए शुरुआती चरण में टीकाकरण शामिल है। टीका सभी बच्चों को लगाया जाता है ताकि आगे चलकर खसरा होने का खतरा कम हो।
पीलिया गर्मी के मौसम में सबसे ज्यादा होता है। पीलिया दूषित पानी पीने से या खाने से हो सकता है। जिस व्यक्ति के अंदर पीलिया की शिकायत होती है उसकी आंखें व नाखून पीले हो जाते हैं और पेशाब भी पीले रंग की होती है। पीलिया से बचने के लिए दूषित खाने का सेवन ना करें। इसके अलावा सिर्फ उबला हुआ और छना हुआ पानी पिएं।
टाइफॉइड
गंदा पानी और खराब खाना का सेवन करने से टाइफॉइड की शिकायत होती है। टााइफॉइड के दौरान लगातार बुखार रहना, भूख कम लगना, उल्टी होना और खांसी-जुकाम की समस्या शुरू हो जाती है। टाइफॉइड से बचने के लिए खाने-पीने के पदार्थों में स्वच्छता का विशेष ध्यान रखें।
चेचक
गर्मी के मौसम की शुरुआत होते ही चेचक का संक्रमण फैलता है। चेचक होने के दौरान सिरदर्द, बुखार और गले में खराश की शिकायत शुरू हो जाती है। जिस किसी को भी चेचक होता है, उसको खांसी या छींक आती है तो यह रोग फैलता है। चेचक से बचने के लिए टीके जरुर लगवाएं।
नोटः अगर आप किसी भी बीमारी के पेशेंट हैं तो डॉक्टर से सलाह जरुर लें।