विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) की रिपोर्ट के अनुसार दुनियाभर में अनुमानित 1.4 अरब वयस्कों को हाई ब्लड प्रेशर या हाइपरटेंशन की समस्या है। ब्लड प्रेशर का बढ़ा रहना दिल की बीमारियों, हार्ट अटैक का खतरा तो बढ़ाता ही है साथ ही इससे स्ट्रोक और किडनी की समस्याओं का भी जोखिम हो सकता है।
सेहत की बात: सफेद नमक की तरह क्या सेंधा नमक खाने से भी बढ़ सकता है ब्लड प्रेशर? जानिए खतरे
सेंधा नमक को अक्सर सफेद नमक से ज्यादा सुरक्षित माना जाता है, लेकिन इसमें भी मुख्य रूप से सोडियम क्लोराइड होता है। ज्यादा सोडियम ब्लड प्रेशर बढ़ा सकता है। इसलिए हाई बीपी में सिर्फ नमक बदलना पर्याप्त नहीं है। पैकेज्ड खाद्य पदार्थों से मिलने वाले सोडियम को कम करना भी जरूरी है।
सेंधा नमक का क्या असर होता है?
मेडिकल रिपोर्ट्स से पता चलता है कि सेंधा नमक यानी रॉक सॉल्ट पाचन और मेटाबॉलिज्म को ठीक रखने के साथ मांसपेशियों में ऐंठन को कम करने में फायदेमंद हो सकता है। तो क्या इससे ब्लड प्रेशर में भी आराम पाया जा सकता है?
- स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सेंधा नमक भी मुख्य रूप से सोडियम क्लोराइड ही होता है। यानी अगर आप सफेद नमक छोड़कर सेंधा नमक अपना रहे हैं तो इससे भी ब्लड प्रेशर बढ़ने का खतरा हो सकता है।
- मायोक्लिनिक की रिपोर्ट के अनुसार रॉक सॉल्ट, सी सॉल्ट और हिमालयन सॉल्ट ये सभी मूल रूप से सोडियम क्लोराइड वाले नमक हैं और इनका ज्यादा इस्तेमाल सोडियम की मात्रा बढ़ा सकता है।
ब्लड प्रेशर का कितना खतरा?
डब्ल्यूएचओ कहता है, वयस्कों को रोजाना 2300 मिलीग्राम से कम मात्रा में नमक खाना चाहिए। ज्यादा सोडियम शरीर में पानी रोक सकता है और ब्लड प्रेशर बढ़ाने वाला हो सकता है।
- सेंधा नमक भी मुख्य रूप से सोडियम क्लोराइड है, यानी इसमें भी सोडियम मौजूद होता है।
- समस्या तब होती है जब हम सेंधा नमक को बीपी-फ्रेंडली मानकर इसकी मात्रा बढ़ा देते हैं।
- वैसे तो शरीर को सोडियम की जरूरत होती है, लेकिन जरूरत से ज्यादा सोडियम ब्लड प्रेशर बढ़ा सकता है।
- इसलिए सफेद नमक की जगह सेंधा नमक इस्तेमाल करना कोई लाभ नहीं देता। चाहे सफेद नमक हो या सेंधा, इसकी मात्रा कम रखना सबसे जरूरी है।
सोडियम वाली दूसरी चीजों से भी करें परहेज
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, नमक ही नहीं सोडियम कई खाद्य पदार्थों में पहले से मौजूद हो सकता है। पैकेज्ड और प्रोसेस्ड खाद्य पदार्थ में सोडियम की मात्रा अधिक हो सकती है।
- नमकीन, चिप्स, इंस्टेंट नूडल्स, सॉस-अचार में सोडियम काफी हो सकता है। ऐसे में ऊपर से सेंधा नमक डालना नमक के कुल सेवन को और बढ़ा सकता है। विशेषज्ञ कहते हैं सिर्फ आहार से नमक कम करना बीपी कंट्रोल करने के लिए काफी नहीं है। सोडियम वाली दूसरी चीजों पर भी ध्यान देना जरूरी है।
स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, हाई बीपी में सफेद नमक छोड़कर सेंधा नमक अपनाने से बेहतर है कुल सोडियम का सेवन कम करना। खाने में नमक धीरे-धीरे कम किया जा सकता है। ऊपर से नमक डालने की आदत छोड़ना, नमकीन और पैकेज्ड स्नैक्स कम खाना और खाद्य पदार्थों के लेबल पर सोडियम की मात्रा देखना खरीदना आपके लिए ज्यादा अच्छा हो सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
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