खान-पान की जिस गड़बड़ी को सेहत के लिए सबसे नुकसानदायक माना जाता है,चीनी वाली चीजें उनमें से एक हैं। चाय से लेकर मिठाइयों तक, चीनी का इस्तेमाल हर घर में होता है। हालांकि अगर आप बहुत ज्यादा चीनी वाली चीजें खाते रहते हैं तो सावधान हो जाइए, ये आपको कई खतरनाक बीमारियों का शिकार बना सकती है।
Sugar Vs Jaggery: क्या गुड़ खाना सच में चीनी से बेहतर है? डॉक्टर ने खोला चौंकाने वाला राज
क्या गुड़ वास्तव में पूरी तरह हेल्दी है? क्या डायबिटीज या वजन घटाने वाले लोग इसे बिना चिंता के खा सकते हैं? अगर आपके मन में भी ये सवाल बना रहता है तो आइए डॉक्टर से इस बारे में विस्तार से समझ लेते हैं।
क्या कहते हैं स्वास्थ्य विशेषज्ञ?
वरिष्ठ गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल (जीआई) सर्जन डॉ अंशुमान कौशल कहते हैं, गुड़ हो या चीनी इसका शरीर पर लगभग एक जैसा ही असर होता है। ये जब हमारे शरीर में जाता है तो वहां ग्लूकोज बनाता है। हमारा पैंक्रियाज चीनी और गुड़ में कोई फर्क नहीं करता है।
- चीनी 100% शुक्रोज है, जिसका ग्लाइसेमिक इंडेक्स 65 होता है।
- गुड़ 65-85% शुक्रोज और ग्लाइसेमिक इंडेक्स 84 है।
मतलब गुड़ का ग्लाइसेमिक इंडेक्स चीनी से ज्यादा होता है। ग्लाइसेमिक इंडेक्स वह पैमाना है जो बताता है कि भोजन कितनी तेजी से शुगर बढ़ाता है। हाई ग्लाइसेमिक इंडेक्स वाली चीजें खाने से अक्सर मना किया जाता है।
गुड़ में न्यूट्रिएंट्स
डॉक्टर कहते हैं, जब गुड़ की बात होती है तो अक्सर कहा जाता है कि इसमें आयरन और मिनरल्स होते हैं। पर क्या आप जानते हैं कि इसकी मात्रा असल में बहुत कम होती है?
- 100 ग्राम गुड़ में 11 मिलीग्राम आयरन होता है, ये सुनने में तो बड़ा लगता है पर आप 100 ग्राम गुड़ रोज नहीं खाते हैं। ज्यादातर लोग 10-15 ग्राम गुड़ ही खाते हैं यानी इससे आपको सिर्फ 1.1 मिलीग्राम आयरन ही मिलता है जो एक पालक के पत्ते से भी आसानी से प्राप्त किया जा सकता है।
- पर आप गुड़ के साथ शरीर को अनजाने में शुगर और कैलोरी भी दे रहे होते हैं।
- आयरन के लिए गुड़ खाना वैसे ही है जैसे विटामिन-सी के लिए शराब में नींबू निचोड़ के पीना।
चीनी या गुड़ कौन सा बेहतर?
डॉक्टर कहते हैं जब हमें ये बता दिया जाता है कि गुड़ हेल्दी है तो हम बिना किसी चिंता के इसका ज्यादा सेवन शुरू कर देते हैं। 2017 में प्रकाशित एक अध्ययन से पता चलता है कि अगर किसी पैकेट पर नेचुरल लिख दिया जाए तो लोग उसे 35% ज्यादा खाते हैं।
डॉक्टर कहते है, चीनी और गुड़ असल में दोनों एक ही तरह की चीजें हैं। दोनों ही फैटी लिवर, इंसुलिन रेजिस्टेंस और बेली फैट का कारण बन सकते हैं। चीनी और गुड़ में चयन से ज्यादा जरूरी है कि आप इसकी मात्रा पर ध्यान दें। एक चम्मच चीनी, दो चम्मच गुड़ से कहीं बेहतर है।
गुड़ खाने को लेकर बरतें सावधानियां
डॉक्टर कहते हैं, गुड़ को हेल्दी मानकर जरूरत से ज्यादा खाना कई समस्याएं बढ़ा सकता है।
- इसमें कैलोरी और शुगर दोनों अधिक होती हैं, इसलिए अधिक सेवन वजन बढ़ाने का कारण बन सकता है।
- डायबिटीज रोगियों को भी गुड़ खाने को लेकर सावधानी बरतनी चाहिए।
- इसके अलावा बाजार में मिलने वाले कुछ गुड़ में सफाई और प्रोसेसिंग के दौरान केमिकल्स या अशुद्धियां भी हो सकती हैं।
- अधिक मात्रा में सेवन करने पर कुछ लोगों को गैस, अपच या एलर्जी जैसी समस्याएं भी हो सकती हैं।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस के आधार पर तैयार किया गया है।
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