Medically Reviewed by Dr. Rajan Gandhi
जनरल फिजिशियन, चाइल्डकेयर हॉस्पिटल, उजाला सिग्नस हॉस्पिटल
डिग्री- एम.बी.बी.एस, डिप्लोमा सी.एच
कोरोना की दूसरी लहर के दौरान संक्रमित लोगों में तमाम तरह के लक्षण देखने को मिले। सांस फूलने की दिक्कत, छाती में दर्द, स्वाद और गंध न आने की समस्याओं से लेकर शरीर में ऑक्सीजन की कमी जैसे लक्षणों के चलते लोगों को काफी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा। डॉक्टरों के मुताबिक इनमें से कई लक्षण संक्रमण ठीक होने के बाद भी कुछ दिनों से लेकर महीनों तक बने रह सकते हैं। यही कारण है कि दूसरी लहर के लगभग खत्म हो जाने के बाद अब भी इस तरह के लक्षण महसूस होने पर लोग भ्रम की स्थिति में हैं कि कहीं यह कोरोना का संकेत तो नहीं?
सीने में दर्द की समस्या ऐसी ही है। कई लोगों में अब भी कोविड-19 और अन्य कारणों से होने वाले छाती के दर्द को लेकर भ्रम की स्थिति है। आइए इस लेख में यह समझने की कोशिश करते हैं कि अगर इस समय आपको छाती में दर्द की समस्या है तो कैसे पहचानें कि यह कोरोना के कारण होने वाली समस्या है या फिर तनाव और अन्य बीमारियों के कारण?
विशेषज्ञ ने बताया: छाती में दर्द कोविड संक्रमण की वजह से है या अन्य कारणों से, ऐसे कीजिए पहचान
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छाती में दर्द की समस्या क्यों होती है?
डॉक्टरों के मुताबिक सीने में दर्द कई कारणों से हो सकता है। हृदय में सूजन या कई अन्य समस्याएं भी छाती में दर्द का कारण बन सकती हैं। छाती में दर्द आमतौर पर हृदय की मांसपेशियों में रक्त और ऑक्सीजन की आपूर्ति में अनियमितता के कारण होती है। एनजाइना नामक इस समस्या में आपको छाती में बहुत अधिक दबाव और बेचैनी का अनुभव हो सकता है जो धीरे-धीरे कंधों, बाहों, गर्दन और पीठ तक फैल सकती है। वहीं मांसपेशियों या हड्डियों की जटिलता के कारण भी कुछ लोगों को छाती में दर्द हो सकता है। छाती में दर्द के ज्यादातर
मामलों में रोगी को तुरंत डॉक्टर के पास ले जाने की जरूरत होती है।
कोविड संक्रमण के कारण छाती में दर्द
स्वास्थ्य विशेषज्ञों के मुताबिक कोरोना की दूसरी लहर के दौरान संक्रमितों को छाती में दर्द की समस्याओं का अनुभव अधिक हुआ। डॉक्टर कहते हैं, कोरोना वायरस श्वसन प्रणाली के साथ शरीर के अन्य अंगों को भी गंभीर नुकसान पहुंचा सकता है। कोरोना का म्यूटेटेड वैरिएंट विभिन्न हिस्सों में सूजन का कारण बन रहा है, जिससे मांसपेशियों में कसाव की समस्या हो सकती है।
इसी प्रकार से कोरोना संक्रमण छाती में सूजन और दर्द का कारण बन रहा है। कोरोना के अधिक गंभीर संक्रमण वाले रोगियों में कोविड-19 के कारण निमोनिया की समस्या भी देखी गई है जो आगे चलकर फेफड़ों में सूजन को बढ़ा देती है। इस अवस्था में भी लोगों को छाती में दर्द की समस्या हो सकती है।
तनाव और चिंता के कारण छाती में दर्द की समस्या
डॉक्टर कहते हैं, तनाव की स्थिति में व्यक्ति में भय और आशंका की भावनाएं जन्म ले लेती हैं। अधिक तनाव के कारण छाती में दर्द की समस्या को काफी सामान्य माना जाता है। हालांकि कोविड-19 या किसी अन्य हृदय संबंधी समस्याओं के कारण होने वाले दर्द के विपरीत, तनाव और चिंता के कारण होने वाला दर्द जल्दी खत्म हो जाता है। तनाव की स्थिति में छाती में दर्द के साथ आपको सांस की तकलीफ, पसीना-चक्कर आने और दिल की धड़कन तेज हो जाने की समस्या भी हो सकती है।
डॉक्टर बताते हैं कि चिंता और तनाव के कारण होने वाले छाती में दर्द की समस्या के साथ आपको कुछ मानसिक स्वास्थ्य के लक्षणों का अनुभव भी हो सकता है, हालांकि इस तरह के दर्द की समस्या कुछ समय में तनाव के साथ स्वत: ठीक हो जाती है। जबकि कोविड-19 के कारण होने वाले छाती में दर्द की समस्या इसके विपरीत है।
कोविड-19 के कारण होने वाला सीने में दर्द व्यक्ति के संक्रमित रहने तक बना रह सकता है। कोविड संक्रमितों में छाती में दर्द के साथ बुखार, खांसी और फ्लू जैसे अन्य लक्षण भी हो सकते हैं। यदि आपकी छाती में दर्द लगातार बना हुआ है तो इस बारे में तुरंत डॉक्टर से सलाह लें।
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नोट: डॉ. राजन गांधी अत्यधिक योग्य और अनुभवी जनरल फिजिशियन हैं। इन्होंने कानपुर के जीएसवीएम मेडिकल कॉलेज से अपना एमबीबीएस पूरा किया है। इसके बाद इन्होंने सीएच में डिप्लोमा पूरा किया। फिलहाल यह उजाला सिग्नस कुलवंती अस्पताल, कानपुर में मेडिकल डायरेक्टर और सीनियर कंसल्टेंट फिजिशियन के तौर पर काम कर रहे हैं। डॉ. राजन गांधी को इस क्षेत्र में 25 साल का अनुभव है।
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