पिछले एक दशक की तुलना में संक्रामक बीमारियों के मामले अब काफी बढ़ गए हैं। इंफ्लूएंजा हो या कंजंक्टिवाइटिस, कोविड-19 हो या बर्ड फ्लू, इन सभी बीमारियों के मामले अब काफी आम हो गए हैं। हालिया रिपोर्ट्स में भारत सहित कई देशों में तेजी से बढ़ते एच5एन1 संक्रमण के मामलों को लेकर भी अलर्ट किया जा रहा है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सभी लोगों को इन बीमारियों से बचाव के लिए निरंतर प्रयास करते रहने की आवश्यकता है।
काम की बात: संक्रामक बीमारियों से बचाव के लिए जान लीजिए सबसे कारगर और आसान तरीका, दूर भागेंगे वायरस
जब बात संक्रामक बीमारियों के खतरे को कम करने की हो तो हाथ धोने की आदत बनाने से आप काफी लाभ पा सकते हैं । हाथ धोना एक सामान्य आदत लग सकती है, लेकिन यह स्वास्थ्य और स्वच्छता के लिए अत्यंत आवश्यक है।
हाथों की स्वच्छता का रखें ध्यान
विभिन्न शोध से पता चलता है कि नियमित रूप से हाथ धोने की आदत संक्रामक बीमारियों के प्रसार को रोकने में काफी मददगार हो सकती है। कोविड-19 महामारी के दौरान भी सभी लोगों को बार-बार हाथों की स्वच्छता पर ध्यान देते रहने की सलाह दी जाती रही थी।
विश्व स्वास्थ्य संगठन (डब्ल्यूएचओ) के विशेषज्ञ कहते हैं, साबुन से हाथ धोने या फिर हैंड सेनेटाइजर का उपयोग करने से बैक्टीरिया और वायरस के कारण होने वाली कई गंभीर बीमारियों से बचाव हो सकता है। सिर्फ इसी एक आदत की मदद से डायरिया और सांस संबंधी बीमारियों में 30-50% तक कमी लाई जा सकती है।
संक्रामक रोगों से होता है बचाव
हम सभी निरंतर किसी न किस सतहों को छूते रहते हैं, जिससे हानिकारक बैक्टीरिया और वायरस हमारे हाथों से चिपककर शरीर में प्रवेश कर सकते हैं। साबुन और पानी से हाथ धोने की आदत बनाकर रोगजनकों से बचाव किया जा सकता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं नियमित रूप से हाथ धोने से फ्लू, सर्दी-जुकाम, हेपेटाइटिस ए और गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल संक्रमण जैसी बीमारियों से बचाव किया जा सकता है।
पेट के संक्रमण का कम होता है जोखिम
पेट का संक्रमण, डायरिया आदि के लिए भी कई प्रकार के हानिकारक बैक्टीरिया और वायरस जिम्मेदार माने जाते रहे हैं। दूषित हाथ से भोजन करने से ये रोगजनक शरीर में पहुंचकर बीमारियों को बढ़ाने वाले हो सकते हैं। यूनिसेफ की रिपोर्ट के अनुसार, डायरिया के कारण हर साल लाखों बच्चे अपनी जान गंवाते हैं। अगर नियमित रूप से हाथ धोने की आदत बना ली जाए तो इस खतरे को 40% तक कम किया जा सकता है।
इस एक आदत के और भी कई पायदे
- नाक और मुंह को बार-बार छूने से सांस संबंधी बीमारियां जैसे निमोनिया और ब्रोंकाइटिस हो सकती हैं। हाथ धोने से इनका प्रसार रोका जा सकता है।
- खाने से पहले और बाद में हाथ धोने से भोजन में बैक्टीरिया का प्रवेश नहीं होता, जिससे फूड पॉइजनिंग और पेट की बीमारियां कम होती हैं।
- हाथ धोने की आदत बनाने से शरीर पर बैक्टीरिया और वायरस का कम प्रभाव पड़ता है, जिससे इम्यून सिस्टम मजबूत होता है।
- यूनिसेफ के मुताबिक, यदि स्कूलों में हाथ धोने की आदत पर जोर दिया जाए, तो बच्चों में संक्रमण से होने वाली बीमारियों को 50% तक कम किया जा सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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