राजधानी दिल्ली सहित देश के कई अन्य हिस्सों में कंजंक्टिवाइटिस यानी आई फ्लू के मामले काफी तेजी से बढ़ते हुए देखे जा रहे हैं। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, सभी लोगों को इन दिनों संक्रमण से बचाव को लेकर विशेष सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता होती है। आई फ्लू की समस्या संक्रामक हो सकती है, इसके एक से दूसरे व्यक्ति में फैलने का खतरा होता है।
Eye Flu: बस-मेट्रो में सफर के दौरान आई फ्लू का खतरा सबसे अधिक, डॉक्टर ने बताए कैसे करें बचाव?
दूषित सतहों से फैल सकता है संक्रमण
डॉक्टर कहते हैं, आई फ्लू की समस्या अत्यधिक संक्रामक होती है और इससे बचने के लिए सभी आवश्यक सावधानियों का पालन करना चाहिए। सार्वजनिक परिवहन के इस्तेमाल के दौरान कंजंक्टिवाइटिस होने का खतरा अधिक हो सकता है, इसलिए इस दौरान सभी विशेष सावधानी बरतते रहने की आवश्यकता होती है।
आई फ्लू के फैलने का मुख्य स्रोत सतहों का संपर्क माना जाता है। बसों में लगे स्टैंड, सीट आदि के छूने से इसका खतरा अधिक होता है। यात्रा के दौरान सतहों को छूने से बचें और कंजंक्टिवाइटिस से बचाव के उपाय करें। आइए जानते हैं कि इसके लिए किन बातों को ध्यान में रखना आवश्यक होता है?
हाथ की स्वच्छता का रखें विशेष ध्यान
आई-फ्लू के संचरण को रोकने के लिए हाथों को साफ रखना सबसे आवश्यक है। अपनी आंखों को गंदे हाथों से छूने से बचें, क्योंकि इससे आंखों में वायरस पहुंच सकता है। हैंड सैनिटाइजर की मदद से हाथों की साफ-सफाई करते रहें, विशेषतौर पर सार्वजनिक सतहों को छूने के बाद हाथों को साफ करना बहुत आवश्यक होता है।
हाथों की स्वच्छता सिर्फ आई फ्लू ही नहीं कई और गंभीर संक्रमण के जोखिमों से बचाने में मदद करती है।
आंखों पर सुरक्षात्मक चश्मे पहने
सार्वजनिक परिवहन के दौरान धूप का चश्मा या अन्य सुरक्षात्मक चश्मे पहनने से कंजंक्टिवाइटिस के खतरे को कम करने में मदद मिल सकती है। यह उपाय वायुजनित कणों, धूल और कीटाणुओं से आंखों को सुरक्षा देते हैं और आई फ्लू के वायरस से भी बचाने में आपके लिए मददगार हो सकते हैं। चश्मे लगाने से आंखों के संक्रमण के ठीक करने में भी आपको मदद मिल सकती है।
सोशल डिस्टेंसिंग का करें पालन
कोरोना संक्रमण के दौरान सोशल डिस्टेंसिंग के पालन पर ध्यान दिया जा रहा था, कंजंक्टिवाइटिस से बचाव के लिए भी यह आवश्यक है। आई फ्लू की समस्या निकट संपर्क से अधिक फैलती है ऐसे में दूरी बनाकर रखने से आई फ्लू के जोखिम को कम करने में मदद मिल सकती है। आई फ्लू और सामान्य फ्लू के खतरे को भी कम करने में इस उपाय से मदद मिल सकती है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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