Medically reviewed by Dr. Veenu Agrawal
विशेषज्ञ से जानिए गर्भावस्था पर कोरोना के टीके का प्रभाव, किन बातों का रखना चाहिए ध्यान
गर्भावस्था को रखें जारी
वैक्सीन के दोनों डोज लगवाने के 2 हफ्ते के बाद इम्युनाइज्ड हुआ माना जा सकता है। वैक्सीन लगने से आप कोरोनावायरस से सुरक्षित रह सकेंगे। जरूरी नहीं है कि आप कोरोनावायरस की वैक्सीन लगवाने के बाद गर्भधारण में देरी करें। अगर आप वैक्सीन की पहली डोज लेने के बाद ही गर्भवती हो जाती हैं, तो गर्भावस्था को जारी रखना ठीक है। आपके लिए सबसे बढ़िया उपाय है कि इस बारे में अपनी स्त्री रोग विशेषज्ञ के साथ अपनी गर्भावस्था पर चर्चा करें।
भ्रूण तक नहीं पहुंचता है वायरस
वैक्सीन कोविड-19 वायरस को भ्रूण तक नहीं पहुंचाती है। इसलिए गर्भवती होने के बाद भी दूसरा डोज लगवाएं। इस बात का कोई सबूत नहीं मिला है कि कोविड-19 वैक्सीन गर्भावस्था के दौरान निर्धारित किसी भी दवाई और सप्लीमेंट में फर्क डालती है। अगर आप गर्भवती हैं या ब्रेस्टफीडिंग करा रही हैं और वैक्सीन के लिए योग्य हैं, तो वैक्सीन लगवाना उचित है।
ये संकेत हैं सामान्य
हर डोज के बाद वैक्सीनेशन से कुछ दर्द जैसे कि जहां पर आप सुई लगवाते हैं, वहां बांह पर लालिमा और सूजन, और शरीर के बाकी हिस्सों में दर्द, सिरदर्द, मांसपेशियों में दर्द, ठंड लगना, बुखार और मतली जैसा नार्मल साइड इफेक्ट हो सकता है। वैक्सीन के दूसरे शॉट के बाद साइड इफेक्ट ज्यादा तीव्र हो सकते हैं - ये सामान्य संकेत होते हैं इससे आपकी शरीर का सुरक्षा का निर्माण हो रहा होता है और कुछ दिनों के भीतर ये संकेत गायब हो जाते है।
इस तरह दर्द से पाएं निजात
दर्द और बेचैनी को कम करने के लिए जहां आपको शॉट लगा है, उस जगह पर एक साफ, ठंडा, गीला वॉशक्लॉथ लगाएं और अपनी बांह को हिलाने की कोशिश करें। आप इसके बजाय एक आइसपैक का उपयोग भी कर सकते हैं। बुखार से बेचैनी को कम करने के लिए, हल्के कपड़े पहनें और तरल पदार्थों का सेवन करें।`सुनिश्चित करें कि जिस बांह में शॉट लगा हों आप उसे नीचे करके न सोएं।