हाई ब्लड प्रेशर को शरीर में कई प्रकार की गंभीर बीमारियों का प्रमुख कारक माना जाता है, इससे सबसे ज्यादा नुकसान हृदय की सेहत पर देखा जाता है। स्वास्थ्य विशेषज्ञ कहते हैं, जिन लोगों का ब्लड प्रेशर अक्सर बढ़ा हुआ रहता है उनमें हार्ट के अलावा आंखों, लिवर और किडनी से संबंधित गंभीर बीमारियों का भी जोखिम हो सकता है। इसे कंट्रोल में रखने के लिए सभी उम्र के लोगों को विशेषरूप से ध्यान देते रहना चाहिए।
High Blood Pressure: लाल रंग की ये सब्जी हाई ब्लड प्रेशर रोगियों के लिए 'रामबाण' जैसी, आप करते हैं सेवन?
चुकंदर से ब्लड प्रेशर होता है कम
शोधकर्ताओं ने निष्कर्ष निकाला है कि अधिकतर लोगों लिए दिन में एक गिलास चुकंदर का जूस रक्तचाप को काफी कम करने के लिए पर्याप्त है। दर्जनों प्रतिभागियों के साथ किए गए अध्ययन में इसके बेहतर परिणाम देखे गए हैं।
उच्च रक्तचाप की समस्या दिल का दौरा, स्ट्रोक और दीर्घकालिक हृदय विफलता जैसी खतरनाक स्वास्थ्य स्थितियों का खतरा बढ़ सकती है। उच्च रक्तचाप को किडनी और लिवर से संबंधित रोगों का भी कारक माना जाता है।
चुकंदर क्यों है इतना लाभकारी?
अध्ययनकर्ता बताते हैं, चुकंदर में उच्च स्तर का डाइट्री नाइट्रेट (NO3) होता है, जिसे शरीर जैविक रूप से एक्टिव नाइट्राइट (NO2) और नाइट्रिक ऑक्साइड (NO) में परिवर्तित कर देता है। नाइट्रिक ऑक्साइड रक्त वाहिकाओं को आराम देने और उन्हें चौड़ा करके रक्त के संचार को ठीक बनाए रखने में मददगार है।
कुछ अन्य प्रकार की पत्तेदार सब्जियों जैसे पत्तागोभी में भी इस यौगिक की मात्रा होती है। आहार में इसे शामिल करके भी लाभ पाया जा सकता है।
शोध में क्या पता चला?
साल 2013 में द जर्नल ऑफ न्यूट्रिशन में प्रकाशित मेटा-विश्लेषण में शोधकर्ताओं ने बताया जिन प्रतिभागियों ने चुकंदर जैसे नाइट्रेट वाली चीजों का सेवन किया उनमें ब्लड प्रेशर की समस्या काफी कंट्रोल रही। शोध में पाया गया कि इन यौगिकों वाले सप्लीमेंट्स रक्त वाहिका के फैलाव को बढ़ाने और धमनियों की कठोरता को 10 प्रतिशत तक कम कर सकते हैं। अध्ययनों से पता चलता है कि ये परिवर्तन हृदय रोग के जोखिमों को कम करने में लाभप्रद हैं।
चुकंदर के फायदे और सावधानियां
आहार विशेषज्ञ कहते हैं, चुकंदर का सेवन करना शरीर के लिए कई प्रकार से लाभकारी है, पर जिन लोगों को लो ब्लड प्रेशर की समस्या रहती है उन्हें इसका सेवन नहीं करना चाहिए। ये ब्लड प्रेशर को और कम कर सकती है जिसके भी कई गंभीर दुष्प्रभाव हैं। आयरन की कमी दूर करने, कोलेस्ट्रॉल को बढ़ने से रोकने, लिवर में फैट को एकत्रित होने से रोकने में इसके सेवन से लाभ हो सकता है।
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नोट: यह लेख मेडिकल रिपोर्टस से एकत्रित जानकारियों के आधार पर तैयार किया गया है।
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