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तो क्या 'पद्मावती' के बाद अब 'मणिकर्णिका' फंसेगी विवादों के भंवर में....
अमर उजाला टीम डिजिटल/जयपुर
Updated Tue, 28 Nov 2017 09:20 AM IST
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संजय लीला भंसाली की फिल्म पद्मावती को लेकर अभी शोर थम भी नहीं है कि एक नया विवाद बॉलीवुड को घेरता नजर आ रहा है। इस बार शायद कंगना रानौत स्टारर फिल्म मणिकर्णिका निशाने पर आ सकती ही। रानी लक्ष्मीबाई के जीवन पर बन रही इस फिल्म को लेकर भी सवाल उठने लगे है। दरअसल विवाद की जड़ भारतीय मूल की लेखिका जयश्री मिश्रा की हिस्टॉरिकल फिक्शन बुक 'रानी' है।
फिर से किताब चर्चा में
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इस किताब में लेखिका ने विवादित तथ्यों को जगह दी है। किताब के कुछ अंशों में रानी लक्ष्मीबाई और पॉलिटिकल ब्रिटिश एजेंट रॉबर्ट एलिस के प्रेम सबंधों की चर्चा की गई है। जो कि इतिहासकारों के अनुसार सरासर झूठ है। इसी विवाद के चलते वर्ष 2008 में इस किताब पर यूपी में बैन लगा दिया गया था। लेकिन अब फिर से यह किताब चर्चा में है और इसे मर्णिकर्णिका फिल्म से भी जोड़कर देखा जा रहा है।
राजस्थान में हो रही है शूटिंग
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इसी के चलते इन दिनों सोशल मीडिया पर यह विवादित बुक और उसकी लेखिका ट्रोल हो रही है। वहीं अब मांग उठने लगी है कि यदि मर्णिकर्णिका फिल्म में इस प्रकार के विवादित तथ्यों को जगह दी गई है तो इस फिल्म को विरोध का सामना करना पड़ेगा। गौरतलब है कि कंगना रानौत की इस फिल्म की शूटिंग जयपुर के आमेर और जोधपुर में हो रही है।
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प्रसून जोशी ने लिख है गीत
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कुछ दिन पूर्व जोधपुर में शूटिंग के दौरान कंगना रानौत घायल भी हो गई थी। जिसके बाद शूटिंग कैंसिल कर दी गई थी। फिल्म वर्ष 2018 अप्रेल में रिलीज होने की संभावना हैं। इस फिल्म में कंगना रानौत के साथ सोनू सूद, अंकिता लोखण्डे भी मुख्य भूमिका में है। गौरतलब है कि इस फिल्म के गाने सीबीएफसी चेयरमैन और लेखक प्रसून जोशी ने लिखे है।
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इतिहासकार जता रहे नाराजगी
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वहीं फिल्म पद्मावती को लेकर चल रहे विरोध प्रदर्शन के बाद से ही यह मांग उठने लगी है कि कुछ लेखक और बॉलीवुड के फिल्म निर्माता केवल अपनी साहित्य और फिल्म को बेचने के लिए इतिहास से छेड़छाड़ करते है। जो कि अब पूर्णतया बैन होना चाहिए। राजस्थान के प्रसिद्ध इतिहासकार आर एस खंगारोत के अनुसार ऐसा सहित्य केवल सस्ती लोकप्रियता के लिए लिखा जाता है।