अगर कोई जिंदगी में हताश हो जाए या मायूस हो जाए और उसे थोड़ी-सी प्रेरणा की जरूरत हो तो वो एक्ट्रेस
सुधा चंद्रन और उनके संघर्ष से प्रेरणा ले सकता है। सुधा चंद्रन वो अभिनेत्री हैं जिन्होंने अपना एक
पैर कट जाने के बाद भी डांस और कला के क्षेत्र में वापसी की और अपनी धाक जमाई। आज वो टीवी की सबसे
पॉपुलर एक्ट्रेस हैं और जमकर काम कर रही हैं।
सुधा चंद्रन का वो संघर्ष ना सिर्फ बाकी लोगों के लिए प्रेरणादायी है बल्कि इसने उनके पिता को भी झुकने पर मजबूर कर दिया था। क्या आप जानते हैं कि सुधा चंद्रन के पिता ने एक बार उनके पैर छूए थे और उन्हें सरस्वती मां मानकर हाथ जोड़ लिए थे ?
इसका खुलासा खुद सुधा चंद्रन ने अपनी एक पोस्ट में किया था जो उन्होंने ह्यूमंस ऑफ बॉम्बे के फेसबुक पेज पर लिखी। बकौल सुधा चंद्रन, 'एक बस एक्सीडेंट में पैर में गंभीर चोट और फ्रेक्चर हो गया था। उस वक्त जो भी लोग घायल थे उनमें सबसे कम चोट मुझे ही लगी थी। घायलों की संख्या भी ज्यादा थी, शायद इसीलिए कुछ इंटर्न डॉक्टरों ने मेरा इलाज किया, लेकिन वो मेरे पैर में लगे कट को ट्रीट करना भूल गए। इसकी वजह से मेरे पैरे में गैंगरीन हो गया। घरवालों को लगा कि कहीं ये मेरे पूरे शरीर में ना फैल जाए इसलिए पैर काट दिया गया।
इसके बाद मैं पूरी तरह से टूट गई थी। मेरा डांस बीच में छूट जाएगा। इसके बाद जयपुर फुट लगाया गया और उसमें भी मुझे सीधे खड़े होकर चलने में चार महीने लग गए। करीब तीन साल के बाद में फिर से नॉर्मल जिंदगी में लौट पाई। मुझे अभी भी याद है कि लोग मेरे घर आते थे और कहते थे, 'बड़े ही दुख की बात है कि अब तुम अपने डांस के सपने को पूरा नहीं कर पाओगी। हम चाहते थे तुम्हें डांस करते हुए देखें लेकिन...'
सुधा चंद्रन ने फिर एक दिन अपने पिता से कहा कि वो फिर से परफॉर्म करना चाहती हैं। यह जान उनके पिता शॉक्ड रह गए। सुधा चंद्रन मुंबई के सेंट जेवियर्स कॉलेज में परफॉर्म करने वाली थीं। उन्होंने परफॉर्म किया और शो हाउसफुल रहा। देखते ही देखते शो के सारे टिकट बिक गए। परफॉर्मेंस के बाद सुधा चंद्रन को स्टैंडिंग ओवेशन मिला। यह देख सुधा चंद्रन के पिता गर्व से फूल नहीं समाए और अपनी बेटी को देखते ही उनके पैर छू लिए। पैर छूते हुए उन्होंने कहा, 'तुम साक्षात देवी सरस्वती हो। तुमने असंभव को भी संभव कर दिखाया और ये बात मेरे दिल को छू गई।'