बॉलीवुड के सुपरस्टार रजनीकांत इन दिनों अपनी आने वाली फिल्म 'काला करिकालन' को लेकर काफी सुर्खियां बटोर रहे हैं। इसके अलावा खबर ये भी आ रही है वो जल्द ही राजनीति में एंट्री कर सकते हैं। उनके इस फैसले का कुछ एक्टर्स ने स्वागत किया तो कुछ ने इसका विरोध। एक ओर शत्रुघ्न सिन्हा का कहना है कि अगर रजनीकांत राजनीति में आना चाहते हैं तो मैं उन्हें पॉलिटिक्स के दांव-पेंच सिखाने को तैयार हूं।
जब पॉलिटिक्स में फंस रजनीकांत ने किया था 'मरने का नाटक', अब उसी राजनीति में करने जा रहे एंट्री
वहीं बिग बी ने रजनीकांत के इस फैसले पर उनका विरोध किया और कहा कि वो ऐसा ना करें। बिग बी नहीं चाहते कि रजनीकांत पॉलिटिक्स में फंसकर बॉलीवुड को अलविदा कहें। रजनीकांत की फिल्म 'शिवाजी' तो आपको याद ही होगी। इस फिल्म में रजनीकांत को गंदी राजनीति का शिकार होना पड़ा था। फिल्म सुपरहिट रही थी। लेकिन रजनीकांत ये अच्छे से जानते हैं कि राजनीति में जो एक बार फंस गया उसका बाहर निकलना मुश्किल हो जाता है।
जब पॉलिटिक्स में फंस रजनीकांत ने किया था 'मरने का नाटक', अब उसी राजनीति में करने जा रहे एंट्री
'शिवा जी' में रजनीकांत देश की बुरी राजनीति का शिकार बनते हैं। फिल्म मेकर एस शंकर की इस फिल्म में रजनीकांत यानी शिवाजी पढ़ाई कर देश की तरक्की के लिए कुछ करना चाहते हैं। वो अपना हर काम इमानदारी से करता है। लेकिन राजनीति के कुछ लोग उनके काम में रुकावट डालते हैं।
जब पॉलिटिक्स में फंस रजनीकांत ने किया था 'मरने का नाटक', अब उसी राजनीति में करने जा रहे एंट्री
सबसे पहले तो शिवाजी पढ़ने के लिए अमेरिका जाता है। जब पढ़ाई पूरी कर लौटता है तो एक पुल का निर्माण करना चाहता है। साथ ही उसकी इच्छा एक हॉस्पिटल बनाने की भी होती है। जहां लोगों का फ्री में इलाज हो सके। इसके लिए वो कुछ बिजनेसमैन से बात करता है। लेकिन वो उन्हें जमीन और फंड देने के लिए तैयार नहीं होते। साथ ही गुंडों से शिवाजी की पिटाई भी करवाते हैं।
जब पॉलिटिक्स में फंस रजनीकांत ने किया था 'मरने का नाटक', अब उसी राजनीति में करने जा रहे एंट्री
इतना ही नहीं जब शिवाजी अपने दम पर हॉस्पिटल तैयार करता है तो उसे तुड़वा दिया जाता है। शिवाजी के परिवार को मारने की धमकी दी जाती है। कदम-कदम उसे असफल करने के प्रयास होते हैं। यहां तक कि शिवाजी की होने वाली पत्नी को भी अपशब्द कहे जाते हैं। फिल्म में बेहतरीन काम करने वाले रजनीकांत राजनीति से अच्छी तरह वाकिफ हैं। उनके लिए ये सफर शायद आसान ना हो।