सुशांत सिंह राजपूत की खुदकुशी के मामले में मुंबई पुलिस की रोज किरकिरी हो रही है। इस मामले में बिहार पुलिस की जांच के बीच कई नए खुलासे हो रहे हैं। इस बीच मुंबई पुलिस ने सुशांत के पिता केके सिंह के उन दावों को खारिज कर दिया है जिसमें उन्होंने बताया था कि 25 फरवरी को मैंने बांद्रा पुलिस को आगाह किया था कि मेरे बेटे की जान को खतरा है।
2 of 6
सुशांत सिंह राजपूत, केके सिंह
- फोटो : सोशल मीडिया
सुशांत के पिता के जवाब में मुंबई पुलिस की ओर से डीसीपी शाहजी उपम ने कहा, 'सुशांत सिंह राजपूत की मौत के मामले में 14 जून, 2020 को केस दर्ज किया गया था। इस मामले की जांच पुलिस कर रही है। सुशांत के पिता केके सिंह ने एक बयान जारी कर कहा है कि परिवार ने 25 फरवरी को बांद्रा पुलिस को एक लिखित शिकायत की थी। ये बात हम साफ करते हैं कि उस तारीख पर बांद्रा पुलिस स्टेशन को ऐसी कोई लिखित शिकायत नहीं की गई।'
3 of 6
सुशांत सिंह राजपूत (फाइल फोटो)
- फोटो : PTI
शाहजी उपम ने आगे कहा, 'सुशांत के जीजा और हरियाणा पुलिस में आईपीएस ओपी सिंह ने तत्कालीन डीसीपी जोन 9 को कुछ व्हाट्सएप संदेश भेजे थे। इस मामले में तत्कालीन डीसीपी ने उनसे कहा था कि वे अगर लिखित शिकायत देंगे तो मुंबई पुलिस पूरी तरह से इस मामले में सहयोग करेगी। लेकिन वे चाहते थे कि मुंबई पुलिस अनौपचारिक तरीके से इस मामले में एक्शन ले, जो संभव नहीं था।'
4 of 6
सुशांत सिंह राजपूत
- फोटो : ट्विटर
क्या कहा था सुशांत के पिता ने
सुशांत सिंह राजपूत के पिता ने न्यूज एजेंसी एएनआई से बात करते हुए कहा, '25 फरवरी को मैंने बांद्रा पुलिस को आगाह किया था कि मेरे बेटे की जान को खतरा है, 14 जून को जब मेरे बेटे की जान चली गई तो हमने 25 फरवरी में नामित लोगों के खिलाफ कार्रवाई करने को कहा परन्तु 40 दिन बीत जाने के बाद भी कोई कार्रवाई नहीं की गई।'
5 of 6
सुशांत सिंह राजपूत के साथ नीरज सिंह राजपूत(फाइल फोटो)
- फोटो : Facebook
आगे सुशांत के पिता ने पटना पुलिस की कार्रवाई के बारे में बात करते हुए कहा कि, 'इसके बाद मैंने पटना जाकर थाने में FIR दर्ज की। पटना पुलिस तुरंत एक्शन में आई। परंतु मुजरिम अब भाग रहे हैं, हम सभी को चाहिए कि पटना पुलिस की मदद करें।'