मनोज बाजपेयी भारतीय फिल्म इंडस्ट्री के सबसे प्रतिभाशाली कलाकारों में से एक हैं। थिएटर के बाद फिल्मों में अपने अभिनय का लोहा मनवाने वाले अभिनेता ने अपनी असाधारण अदाकारी से लोगों के दिलों में खास जगह बनाई है। तीन दशक के लंबे करियर में उन्होंने एक से बढ़कर एक फिल्मों में काम किया है। वे जल्द ही अपनी 100वीं फिल्म भैया जी दर्शकों के लिए लेकर आ रहे हैं। फिल्म के ट्रेलर में मनोज के दमदार अभिनय की झलक देखने को मिली है। इस फिल्म की रिलीज से पहले आज हम आपको मनोज की उन पांच फिल्मों के बारे में बताने जा रहे हैं, जिसमें उन्होंने अपने उत्कृष्ट अभिनय से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया।
Manoj Bajpayee: सत्या से लेकर गैंग्स ऑफ वासेपुर तक, भैया जी से पहले मनोज ने इन फिल्मों दिखाई दमदार अदाकारी
लिस्ट में पहला नंबर सत्या का है। 90 के दशक में बनी इस फिल्म से मनोज बाजपेयी को बॉलीवुड में अलग पहचान मिली। राम गोपाल वर्मा के निर्देशन में बनी इस फिल्म में मनोज ने सहायक अभिनेता के तौर पर काम किया था, लेकिन अपनी अदाकारी से वे लीड एक्टर पर भी भारी पड़ गए थे। इस फिल्म को दर्शकों का भरपूर प्यार मिला। मनोज भी इस फिल्म को अपने करियर का टर्निंग पॉइंट मानते हैं।
फिल्म शूल मनोज बाजपेयी के करियर की सबसे शानदार फिल्मों में से एक है। साल 1999 में रिलीज हुई इस फिल्म में उन्होंने पुलिस इंस्पेक्टर समर प्रताप सिंह का रोल निभाया था। ईश्वर निवास के निर्देशन में बनी इस फिल्म में मनोज ने अपनी अदाकारी से लोगों के दिल जीत लिए थे। फिल्म में उनके साथ रवीना टंडन और सयाजी शिंदे भी नजर आए थे।
सच्ची घटनाओं से प्रेरित फिल्म 'सिर्फ एक बंदा काफी है' में मनोज बाजपेयी ने वकील पीसी सोलंकी की भूमिका निभाई थी। इस कोर्टरूम ड्रामा फिल्म का निर्देशन अपूर्व सिंह कार्की ने किया था। मनोज बाजपेयी के पीसी सोलंकी के किरदार को दुनियाभर के दर्शकों ने पसंद किया और सराहा। इतना ही नहीं, इस फिल्म के लिए उन्हें न्यूयॉर्क इंडियन फिल्म फेस्टिवल में स्टैंडिंग ओवेशन भी मिला।
मनोज बाजपेयी की फिल्म गैंग्स ऑफ वासेपुर को शामिल किए बिना यह लिस्ट अधूरी मानी जाएगी। अनुराग कश्यप के निर्देशन में बनी यह फिल्म कल्ट का दर्जा हासिल कर चुकी है। फिल्म में मनोज ने सरदार खान नाम के एक गैंगस्टर की भूमिका निभाई थी। इस फिल्म में उनकी अदाकारी के लिए उन्हें सर्वश्रेष्ठ अभिनेता के कई नामांकन भी मिले थे।