अपने दो दशक से भी ज्यादा लंबे करियर में एक्टर अजय देवगन ने कई फिल्में की हैं और कई के लिए नेशनल अवॉर्ड और तमाम तरह के सम्मान भी पा चुके हैं, बावजूद इसके उनकी कई ऐसी फिल्में रही हैं जो ना सिर्फ बॉक्स ऑफिस पर कमजोर साबित हुईं बल्कि दर्शकों को भी कुछ खास पसंद नहीं आईं। यहां जिक्र हो रहा है अजय देवगन की उन फिल्मों के बारे में जो उनके करियर में सबसे कमजोर साबित हुईं।
अजय देवगन की ये फिल्में रहीं सबसे कमजोर
सबसे पहले बात पिछले साल आई फिल्म 'शिवाय' की। इस फिल्म में एक्शन, ग्राफिक्स और सिनेमैटोग्राफी में करोड़ों रुपए खर्च किए गए। फिल्म का बजट तकरीबन सौ करोड़ से ऊपर रहा लेकिन ये फिल्म 200 करोड़ की कमाई भी नहीं कर पाई। यहां तक कि दर्शकों को भी ये फिल्म कुछ खास पसंद नहीं आई। वो बात अलग है कि इसमें जबरदस्त एक्शन और ग्राफिक्स की खूब तारीफें की गईं। 'शिवाय' में अजय देवगन ने ना सिर्फ एक्टिंग की बल्कि इसे डायरेक्ट और प्रोड्यूस भी किया था।
अजय देवगन की ये फिल्में रहीं सबसे कमजोर
साजिद खान की फिल्म 'हिम्मतवाला' को हम कैसे भूल सकते हैं। 2013 में आई ये फिल्म 1983 में आई इसी नाम की जीतेंद्र स्टारर फिल्म का रीमेक थी। लेकिन ये फिल्म कोई करिश्मा नहीं दिखा पाई और फ्लॉप साबित हुई। इस फिल्म में अजय देवगन और तमन्ना भाटिया लीड रोल में थे। क्रिटिक्स से लेकर आम जनता तक ने इस फिल्म को पूरी तरह से नकार दिया था।
अजय देवगन की ये फिल्में रहीं सबसे कमजोर
इसके बाद 2014 में आई उनकी फिल्म ' एक्शन जैक्सन' भी कुछ खास मजबूत नहीं रही। प्रभुदेवा के निर्देशन में बनी इस फिल्म में अजय देवगन के साथ सोनाक्षी सिन्हा, यमी गौतम और मनस्वी ममगई जैसी हीरोइनें भी थीं लेकिन फिल्म की कहानी और एक्शन लोगों को ज्यादा रास नहीं आया। यहां तक कि क्रिटिक्स ने भी इसे कुछ खास अच्छा रिस्पॉन्स नहीं दिया।
अजय देवगन की ये फिल्में रहीं सबसे कमजोर
कुछ ऐसा ही हाल 2012 में आई फिल्म 'सन ऑफ सरदार' का भी रहा। इस कॉमेडी फिल्म को अश्विनी धीर ने डायरेक्ट किया जिसमें संजय दत्त और सोनाक्षी सिन्हा जैसे बड़े स्टार भी नजर आए। बेशक ये फिल्म 100 करोड़ का बिजनेस करने में कामयाब रही बावजूद इसके एक्टिंग और कहानी के मामले में ये फिल्म फीकी ही साबित हुई।