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बिना दुल्हन के लौटा दूल्हा: नहीं टूट रही खामोशी, गांव पहुंचे चार शव, हर तरफ चीख-पुकार, लाशें देख बेसुध परिवार
निशांत खनी, अमर उजाला, हरिद्वार
Published by: रेनू सकलानी
Updated Thu, 06 Oct 2022 03:05 PM IST
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बस हादसे के बाद विलाप करते ग्रामीण।
- फोटो : अमर उजाला
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पौड़ी के कांडा गांव से दुल्हन लेने गए लालढांग और आसपास के 16 बराती अब कभी वापस नहीं लौट पाएंगे। बराती दुल्हन तो नहीं ला सके, लेकिन सफेद कपड़ों में लिपटे उनके शव आज सुबह गांव पहुंचे। बस दुर्घटना के बाद गांव में कोहराम मचा है। हर तरफ चीख पुकार मची है।
पौड़ी में हुए बरात के बस हादसे के चार मृतकों के शव आज गुरुवार सुबह पहुंच चुके हैं। इनमें चारों रसूलपुर गांव के हैं। इनमें भी एक परिवार के तीन सदस्यों की जान गई है। शवों के अंतिम संस्कार करने के लिए हरिद्वार के चंडीघाट करने के लिए ग्रामीण निकल गए हैं। जबकि एक को भू समाधि दी गई।
अपनों की मौत की खबर से परिवार बेसुध हैं। दूल्हा संदीप बुधवार को शाम पांच बजे बिना दुल्हन के गांव पहुंचा। संदीप हादसे से टूट गया है, लेकिन उसकी खामोशी नहीं टूट रही है। शादी वाले गांव में विजयदशमी की खुशियों की जगह मातम छाया है। गांव में अधिकतर घरों में चूल्हे नहीं जले हैं। लालढांग मिश्रित आबादी का कस्बा है।
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घटनास्थल पर लोग
- फोटो : अमर उजाला
यहां पर हिंदू, मुस्लिम और सिख सुख-दुख में एक-दूसरे के साथी हैं। खेतीबाड़ी से ही ग्रामीणों की आजीविका चलती है। शादी-ब्याह में सभी लोग शामिल होते हैं। मंगलवार को दोपहर गांव के संदीप की पौड़ी के कांडा गांव के लिए बरात निकली। हर कोई दुल्हन लाने के लिए उत्सुक था।
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पौड़ी में यहां खाई में गिरी बरातियों से भरी बस
- फोटो : अमर उजाला
बरात में बच्चों और महिलाओं से लेकर बुजुर्ग तक भी गए थे। बस में 45 से अधिक बराती सवार थे। इनमें कई बच्चे भी थे। बरात की बस दुल्हन के घर पहुंचने से पहले सिमड़ी बैंड के पास चालक की लापरवाही से दुर्घटनाग्रस्त होकर खाई में समा गई। बस की कमानी का पट्टा टूटने से हादसा हुआ।
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पौड़ी में बरातियों से भरी बस खाई में गिरी
- फोटो : अमर उजाला
बस हादसे की मंगलवार शाम खबर मिलते ही गांव में मातम पसर गया। बुधवार को सुबह तक रेस्क्यू चला। बस में सवार हताहत बरातियों की सुबह तक सही जानकारी नहीं मिल सकी, जिससे गांव में पूरी रात लोग सो नहीं पाए। हर कोई अपनों की सलामती की दुआएं करता रहा।
पौड़ी में बरातियों से भरी बस खाई में गिरी
- फोटो : अमर उजाला
बुधवार को शाम आठ बजे एसएसपी पौड़ी यशवंत सिंह चौहान ने बताया कि हादसे में 33 लोगों की मौत और 18 घायलों की पुष्टि की। मृतकों में 16 बराती लालढांग, गाजीवाली और रसूलपुर के हैं, जबकि बाकी मंडावली और दूल्हे के रिश्तेदारी के हैं। लालढांग में मातम पसरा है। हर तरफ चीख पुकार है। दूल्हे संदीप के घर और मृतकों के घर में ग्रामीणों और रिश्तेदारों का जमावड़ा लगा है। दूल्हे के गांव पहुंचने पर मां और गांव की महिलाएं लिपटकर रोते-रोते बेसुध हो गईं।
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