श्री हेमकुंड साहिब के कपाट बृहस्पतिवार सुबह नौ बजे श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे। बुधवार को गोविंदघाट से पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने सुखमणी पाठ के बाद पंच प्यारों की अगुवाई में पहले जत्थे को घांघरिया के लिए रवाना किया।
पहले जत्थे में 588 तीर्थयात्री शामिल थे। जत्था बुधवार को घांघरिया में रात्रि विश्राम के बाद बृहस्पतिवार को सुबह छह बजे हेमकुंड साहिब के लिये रवाना होगा। गोविंदघाट में बुधवार को तीर्थयात्रियों की खासी चहल-पहल थी।
सूबे के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने हेमकुंड की यात्रा पर आए तीर्थयात्रियों को दुपट्टा भेंट कर घांघरिया के लिए रवाना किया। उन्होंने इससे पूर्व तीर्थयात्रियों को सकुशल तीर्थयात्रा की शुभकामनाएं दी और तीर्थयात्रियों से यात्रा मार्ग में स्वच्छता को बनाए रखने की अपील की।
बीमार यात्रियों को यात्रा पर न जाने की सलाह उन्होंने दी। पर्यटन मंत्री ने कहा कि तीर्थयात्रियों को स्वास्थ्य सुविधा उपलब्ध कराने के लिये पांडुकेश्वर में मेडिकल वैन की व्यवस्था की जा रही है। इसके बाद सुबह साढ़े दस बजे पंच प्यारों की अगुवाई में तीर्थयात्री घांघरिया के लिए रवाना हुए।
शाम तक करीब पांच हजार तीर्थयात्री घांघरिया पहुंच चुके थे। गोविंदघाट गुरुद्वारे में सुबह छह बजे से ही सबद कीर्तन शुरू हो गए थे। उत्तराखंड अल्पसंख्यक आयोग के अध्यक्ष नरेंद्रजीत सिंह बिंद्रा ने तीर्थयात्रियों को हेमकुंड साहिब यात्रा के बारे में बताया।