इंग्लैंड के खिलाफ साउथ हैम्प्टन में खेले गए चौथे टेस्ट मैच में टीम इंडिया अपनी हार तो नहीं बचा पाई, लेकिन कप्तान विराट कोहली ने मौजूदा सीरीज में वह कमाल करके दिखाया जो कोई भारतीय कप्तान नहीं कर सका है। आइए जानते हैं कि उन्होंने ऐसा क्या कियाः
दरअसल, विराट कोहली ने बतौर कप्तान टेस्ट क्रिकेट में सबसे तेज 4,000 रन बनाए। इंग्लैंड के खिलाफ चौथे टेस्ट के चौथे दिन कोहली ने यह उपलब्धि हासिल की। 29 वर्षीय कोहली ने यह उपलब्धि 65वीं पारी में हासिल की। इस मामले में उन्होंने वेस्टइंडीज के पूर्व दिग्गज खिलाड़ी ब्रायन लारा को पीछे छोड़ा, जिन्होंने बतौर कप्तान 71 पारियों में 4000 रन बनाए थे।
गौरतलब है कि टेस्ट मैचों में सबसे तेज 6000 रन पूरा करने का रिकॉर्ड ऑस्ट्रेलिया के पूर्व महान बल्लेबाज डॉन ब्रैडमैन के नाम दर्ज है। ब्रैडमैन ने यह रिकॉर्ड सिर्फ 68 पारियों में हासिल किया था। इसके बाद दूसरे नंबर वेस्टइंडीज के गैरी सोबार्स और ऑस्ट्रेलिया के स्टीव स्मिथ हैं, जिन्होंने टेस्ट मैच के 111 पारियों में 6000 रन बनाए हैं। बता दें कि कोहली टेस्ट क्रिकेट में 6000 रन बनाने वाले दसवें भारतीय बल्लेबाज हैं।
मालूम हो कि इससे पहले चौथे टेस्ट मैच में ही शुक्रवार को कोहली ने टेस्ट क्रिकेट में 6,000 रन का आंकड़ा भी पार किया था। उन्होंने सबसे तेज 6000 रन बनाने के मामले में टीम इंडिया के पूर्व महान खिलाड़ी सचिन तेंदुलकर और विव रिचर्ड्स को पीछे छोड़ दिया था।
चौथे टेस्ट के दूसरी पारी में कोहली ने 130 गेंदों में 4 चौकों की मदद से 58 रन बनाए और चौथे विकेट के लिए उन्होंने अजिंक्य रहाणे (51) के साथ 101 रन की शानदार साझेदारी की। इस मैच के दूसरी पारी में 15 रन के स्कोर पर पहुंचते ही उन्होंने विदेशी सरजमीं पर टेस्ट क्रिकेट में एक नया रिकॉर्ड स्थापित किया।