{"_id":"5cab39ddbdec22147609f6be","slug":"sleeping-chinese-man-robbed-money-as-smartphone-facial-recognition-system","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"मोबाइल में फेसलॉक भी नहीं रहा सुरक्षित, सो रहे शख्स के चेहरे का ऐसे किया दुरुपयोग","category":{"title":"Bizarre News","title_hn":"हटके खबर","slug":"bizarre-news"}}
मोबाइल में फेसलॉक भी नहीं रहा सुरक्षित, सो रहे शख्स के चेहरे का ऐसे किया दुरुपयोग
फीचर डेस्क, अमर उजाला
Published by: सोनू शर्मा
Updated Mon, 08 Apr 2019 05:39 PM IST
विज्ञापन
1 of 5
फेसलॉक सिस्टम
- फोटो : Shutterstock
खबरें लगातार पढ़ने के लिए अमर उजाला एप डाउनलोड करें
या वेबसाइट पर पढ़ना जारी रखने के लिए वीडियो विज्ञापन देखें
अगर आपके पास प्रीमियम मेंबरशिप है तो
Link Copied
आजकल नई-नई तकनीकों के साथ बाजार में स्मार्टफोन आ रहे हैं। इनमें चेहरे की पहचान वाले लॉक यानी फेशियल रिकग्निशन लॉक सिस्टम से लैस मोबाइल की मांग कुछ ज्यादा ही बढ़ गई है, लेकिन यह तकनीक भी अब सुरक्षित नहीं रह गई है। ताजा मामला चीन का है, जहां सो रहे एक व्यक्ति के चेहरे का इस्तेमाल कर चोरों ने उसके बैंक अकाउंट से लाखों रुपये उड़ा लिए।
2 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : File photo
जेझियांग प्रांत में रहने वाले युआन नाम के शख्स ने अगले दिन पुलिस में शिकायत दर्ज कराई कि उसके बैंक अकाउंट से करीब 1.25 लाख रुपये गायब हो गए। जब मामले की जांच की गई तो पता चला कि उसके दो दोस्तों ने ही उसके मोबाइल में मौजूद वी-चैट एप से फेसलॉक तकनीक का इस्तेमाल कर पैसे अपने अकाउंट में ट्रांसफर किए थे।
3 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : File photo
शख्स के दोनों दोस्तों को गिरफ्तार कर लिया गया है और उसके पैसे भी उसे वापस मिल गए हैं। हालांकि उसके पास कौन सी कंपनी का मोबाइल फोन था, इसका खुलासा पुलिस ने नहीं किया है, लेकिन मामले से जुड़े एक अधिकारी ने बताया कि शख्स के फोन में मौजूद फेसलॉक तकनीक विश्वसनीय नहीं था, क्योंकि ऐसी तकनीक में जब व्यक्ति की आंखें बंद हों तो उसके चेहरे का इस्तेमाल कर फोन को अनलॉक नहीं किया जा सकता है जबकि शख्स के फोन में ऐसा सिस्टम नहीं था।
विज्ञापन
विज्ञापन
4 of 5
spy smartphone
- फोटो : Kim Komando Show
आज के समय में स्मार्टफोन में फेसलॉक तकनीक का इस्तेमाल एक सुरक्षा उपकरण के तौर पर किया जाता है, लेकिन कई स्मार्टफोन कंपनियां इसके लिए आइरिस स्कैनिंग (पुतलियों की स्कैनिंग) का इस्तेमाल नहीं करती हैं। आइरिस स्कैनिंग के बिना फोन अनलॉक होने में कम समय लगता है।
विज्ञापन
5 of 5
प्रतीकात्मक तस्वीर
- फोटो : File photo
शंघाई नेटवर्क सिक्योरिटी के फाउंडर तान जियानफेंग ने कहा कि फिंगरप्रिंट और फेसलॉक उपयोगी तकनीक है, लेकिन यह पासवर्ड और पिन की जगह नहीं ले सकते हैं। लोगों को निजी डाटा और वित्तीय जानकारी को पासवर्ड या पिन से ही सुरक्षित रखना चाहिए।
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे| Get all Bizarre News in Hindi related to Weird News - Bizarre, Strange Stories, Odd and funny stories in Hindi etc. Stay updated with us for all breaking news from Bizarre and more news in Hindi.
विज्ञापन
विज्ञापन
एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें
Next Article
Disclaimer
हम डाटा संग्रह टूल्स, जैसे की कुकीज के माध्यम से आपकी जानकारी एकत्र करते हैं ताकि आपको बेहतर और व्यक्तिगत अनुभव प्रदान कर सकें और लक्षित विज्ञापन पेश कर सकें। अगर आप साइन-अप करते हैं, तो हम आपका ईमेल पता, फोन नंबर और अन्य विवरण पूरी तरह सुरक्षित तरीके से स्टोर करते हैं। आप कुकीज नीति पृष्ठ से अपनी कुकीज हटा सकते है और रजिस्टर्ड यूजर अपने प्रोफाइल पेज से अपना व्यक्तिगत डाटा हटा या एक्सपोर्ट कर सकते हैं। हमारी Cookies Policy, Privacy Policy और Terms & Conditions के बारे में पढ़ें और अपनी सहमति देने के लिए Agree पर क्लिक करें।