अफगानिस्तान पर अब आतंकी सगंठन तालिबान का कब्जा है, लेकिन इससे पहले वहां पर अमेरिकी सेना की धमक थी। इसकी वजह से अफगानिस्तान में तालिबान करीब 20 साल तक सत्ता से दूर रहा, लेकिन अमेरिका की सेना के जाते ही एक बार फिर उसने वहां पर कब्जा जमा लिया है। अब अफगानिस्तान में तालिबान की सरकार है। साल 2001 में अमेरिका ने अल-कायदा और तालिबान को अफगानिस्तान से बेदखल करने के लिए हमला बोला था। इसके बाद इन 20 सालों में अमेरिकी सैनिकों ने कई खतरनाक आतंकियों को मार गिराया।
अजब-गजब: क्या है अफगानिस्तान की इस रहस्यमयी गुफा का राज, जिसे दुनिया से आज भी छिपाता है अमेरिका
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अमेरिका की सेना साल 2002 में आंतकी संगठन अलकायदा और तालिबान को समाप्त करने के लिए एक सीक्रेट ऑपरेशन चलाने की तैयारी कर रही थी। अमेरिकी सेना का मकसद था छिपकर रह रहे आतंकियों को खोजकर मारना। अफगानिस्तान के पहाड़ी इलाकों में मौजूद गुफाओं में यह आतंकी छिपे हुए थे।
गुफा में लापता हो गए थे कई अमेरिकी सैनिक
अमेरिका की सेना ने सैनिकों के कई ग्रुप बनाए और उनको अलग-अलग क्षेत्रों में भेज दिया। अमेरिकी सैनिक उन इलाकों में पहुंचे जहां पर दूर-दूर तक कोई इंसान नहीं रहता था। अमेरिकी सैनिकों के पास खुफिया जानकारी थी कि इन्हीं इलाकों में स्थित गुफाओं में अलकायदा और तालिबान के आतंकी छिपे हुए हैं। यहां स्थित एक गुफा में अमेरिका की सेना पहुंची जहां पर बिल्कुल अंधेरा था। इस गुफा में ही अमेरिकी कमांडो लापता हो गए थे। अमेरिकी सैनिकों ने लापता कमांडो की बहुत तलाश की, लेकिन उनका कोई पता नहीं चला कि आखिर वह कहां चले गए।
इस अभियान में शामिल अमेरिकी कमांडो ने गुफा में इंसानों के कंकाल देखे और आर्मी के कम्युनिकेशन सेट भी बरामद किए। फिर अमेरिकी सेना आगे बढ़ी और गुफा के अंदर कुछ ऐसा दिखा जिसके बाद उनके होश उड़ गए। उन्होंने एक महादानव जैसे दिख रहे एक 15 फीट लंबे शख्स को देखा। इसके बाद अमेरिकी सैनिकों ने ताबड़तोड़ गोलीबारी कर उसे मौत के घाट उतार दिया। इसके बाद अमेरिका के सैनिकों ने बम धमाका कर उस गुफा को बंद कर दिया और इस राज को हमेशा-हमेशा के लिए दफ्न कर दिया। इस घटना के बारे में सोशल मीडिया पर बहुत कहानियां लिखी जा चुकी हैं।
अमेरिका ने साल 2002 में घटी इस घटना के बारे में कभी कोई बयान नहीं दिया है। सबसे बड़ी बात यह है कि इस घटना का कोई सबूत भी नहीं है। अमेरिकी सैनिकों ने भी इस बारे में कभी कुछ नहीं बताया है। आखिर महादनव का सच क्या है यह अभी भी रहस्य है।