आज से तीस साल पहले रुस के सीमा पर मौजूद डोबरुसा गांव में लगभग दो सौ लोग रहते थे। लेकिन अब इस गांव में केवल एक व्यक्ति रहता है। बताया जाता है कि सोवियत संघ के टूटने से इस गांव के सभी लोग आस-पास मौजूद शहरों की ओर चले गए। किसी दूसरे जगहों पर बसने चले गए। जबकि कुछ लोगों का निधन हो गया। जिससे इस गांव में केवल एक शख्स बचा है। लेकिन उसके रहन-सहन के तरीके को जानकर आप हैरान हो जाएंगे।
30 साल पहले तक इस गांव में रहते थे 200 लोग और अब है सिर्फ एक आदमी, लेकिन फिर भी नहीं है अकेला
फीचर डेस्क, अमर उजाला
Published by: प्रशांत राय
Updated Mon, 09 Sep 2019 02:58 PM IST
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