{"_id":"6560843d70375b35da0f3506","slug":"tesla-ready-to-make-big-investment-for-setting-up-local-factory-in-india-only-if-govt-considers-its-proposal-2023-11-24","type":"photo-gallery","status":"publish","title_hn":"Tesla: टेस्ला भारत में फैक्ट्री के लिए दो अरब डॉलर के निवेश को तैयार, लेकिन सिर्फ तब जब सरकार मानेगी यह शर्त!","category":{"title":"Automobiles","title_hn":"ऑटो-वर्ल्ड","slug":"automobiles"}}
Tesla: टेस्ला भारत में फैक्ट्री के लिए दो अरब डॉलर के निवेश को तैयार, लेकिन सिर्फ तब जब सरकार मानेगी यह शर्त!
Fri, 24 Nov 2023 04:49 PM IST
अमर शर्मा
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
Published by: अमर शर्मा
Updated Fri, 24 Nov 2023 04:49 PM IST
विज्ञापन
Tesla
- फोटो : सोशल मीडिया
अमेरिकी इलेक्ट्रिक कार की दिग्गज कंपनी टेस्ला भारत में एक स्थानीय कारखाना लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण निवेश करने के लिए तैयार है। लेकिन सिर्फ तभी जब सरकार देश में इसके संचालन के पहले दो वर्षों के दौरान इंपोर्टेड व्हीकल्स (आयातित वाहनों) पर कम रियायती शुल्क को मंजूरी दे।
Tesla Car
- फोटो : Tesla
घटनाक्रम से परिचित सूत्रों का हवाला देते हुए, रिपोर्ट में कहा गया है कि टेस्ला ने इस मामले पर एक विस्तृत प्रस्ताव के साथ सरकार से संपर्क किया है। जो उसके निवेश और कम शुल्क पर आयात की जा सकने वाली कारों की संख्या के इर्दगिर्द है।
रिपोर्ट में आगे बताया गया है कि अगर सरकार 12,000 वाहनों के लिए रियायती टैरिफ बढ़ाती है तो टेस्ला 500 मिलियन डॉलर तक निवेश करने को तैयार है। और अगर 30,000 वाहनों के लिए सस्ती ड्यूटी को मंजूरी दी जाती है तो इसे 2 अरब डॉलर तक बढ़ाया जा सकता है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि, सरकार टेस्ला के प्रस्ताव की ऊपरी सीमा की व्यवहार्यता की जांच कर रही है।
रिपोर्ट में आगे बताया गया है कि अगर सरकार 12,000 वाहनों के लिए रियायती टैरिफ बढ़ाती है तो टेस्ला 500 मिलियन डॉलर तक निवेश करने को तैयार है। और अगर 30,000 वाहनों के लिए सस्ती ड्यूटी को मंजूरी दी जाती है तो इसे 2 अरब डॉलर तक बढ़ाया जा सकता है। रिपोर्ट में सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि, सरकार टेस्ला के प्रस्ताव की ऊपरी सीमा की व्यवहार्यता की जांच कर रही है।
Tesla Car
- फोटो : Tesla
हालांकि, रिपोर्ट में कहा गया है कि सरकार टेस्ला द्वारा प्रस्तावित की गई रियायती टैरिफ पर आयात की जा सकने वाली कारों की संख्या को कम करना चाहती है। इसके अलावा, सरकार कथित तौर पर इस बात का मूल्यांकन कर रही है कि क्या रियायती टैरिफ को चालू वित्तीय वर्ष के दौरान भारत में बेची जा सकने वाली कुल ईवी (10,000 यूनिट्स) के 10 प्रतिशत तक सीमित किया जाना चाहिए। रिपोर्ट में कहा गया है कि दूसरे साल के दौरान इसे 20 फीसदी तक बढ़ाया जा सकता है।
विज्ञापन
विज्ञापन
Tesla Model 3
- फोटो : Social Media
गौरतलब है कि पिछले वित्त वर्ष में करीब 50,000 ईवी की बिक्री हुई थी और इस साल यह संख्या बढ़कर 1 लाख होने की उम्मीद है। रिपोर्ट के मुताबिक, टेस्ला दो साल में भारत में निर्मित कारों के मूल्य का 20 प्रतिशत तक स्थानीयकरण करने और चार वर्षों में इसे 40 प्रतिशत तक बढ़ाने पर सहमत हो सकता है।
मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि टेस्ला के प्रस्ताव को फिलहाल प्रधान मंत्री कार्यालय (पीएमओ) के मार्गदर्शन में उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी), भारी उद्योग मंत्रालय, सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय और वित्त मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से मूल्यांकन किया जा रहा है।
मीडिया रिपोर्ट में कहा गया है कि टेस्ला के प्रस्ताव को फिलहाल प्रधान मंत्री कार्यालय (पीएमओ) के मार्गदर्शन में उद्योग और आंतरिक व्यापार संवर्धन विभाग (डीपीआईआईटी), भारी उद्योग मंत्रालय, सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय और वित्त मंत्रालय द्वारा संयुक्त रूप से मूल्यांकन किया जा रहा है।
विज्ञापन
Tesla Supercharger
- फोटो : Social Media
इस समय, भारत में 40,000 डॉलर से ज्यादा लागत, बीमा और माल ढुलाई मूल्य वाली कारों पर 100 प्रतिशत और उससे सस्ते वाहनों पर 70 प्रतिशत आयात शुल्क है। इसके अलावा, यदि अमेरिकी कार निर्माता अपनी प्रतिबद्धता के मुताबिक धन निवेश नहीं करता है, तो सरकार को आयात शुल्क के कारण होने वाले नुकसान की भरपाई के लिए पूंजी प्रतिबद्धता से जुड़ी बैंक गारंटी की जरूरत हो सकती है।
रिपोर्ट में सूत्रों ने कहा कि टेस्ला ने सरकार से बैंक गारंटी पर जोर नहीं देने का अनुरोध किया है।
रिपोर्ट में सूत्रों ने कहा कि टेस्ला ने सरकार से बैंक गारंटी पर जोर नहीं देने का अनुरोध किया है।