फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें

Fake Helmets: ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर धड़ल्ले से बिक रहे बिना ISI मार्क वाले हेलमेट, ताक पर सड़क सुरक्षा नियम!

Thu, 03 Jul 2025 05:34 PM IST
नीतीश कुमार ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली
ऑटो डेस्क, अमर उजाला, नई दिल्ली Published by: नीतीश कुमार Updated Thu, 03 Jul 2025 05:34 PM IST
सार

Fake Helmets On Online Platforms: मोटर वाहन एक्ट 1988 की धारा 177 के तहत देश में बिना BIS सर्टिफाइड हेलमेट की बिक्री पर रोक लगा दी गई है। हालांकि, ऑनलाइन शॉपिंग प्लेटफॉर्म्स पर इनकी बिक्री धड़ल्ले से की जा रही है।पढ़िए रिपोर्ट।
 

विज्ञापन
fake helmets selling on online shopping platforms without ISI mark details
नकली हेलमेट - फोटो : Amazon/Flipkart
देश में नकली हेलमेट की खरीद-बिक्री के खिलाफ कड़े कानून होने के बावजूद इनकी बिक्री थमने का नाम नहीं ले रही है। आपने सड़क किनारे 200 रुपये में कामचलाऊ नकली हेलमेट तो बिकते देखे होंगे, जिनपर सरकार सख्त कार्रवाई कर रही है। लेकिन ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर भी इनकी बिक्री धड़ल्ले से की जा रही है।
fake helmets selling on online shopping platforms without ISI mark details
धड़ल्ले से बिक रहे नकली हेलमेट - फोटो : Flipkart
ऑनलाइन प्लेटफॉर्म्स पर नकली हेलमेट
Amazon, Flipkart और Meesho की ऑनलाइन शाॉपिंग एप्स और वेबसाइट पर हमने पाया कि इन प्लेटफॉर्म्स पर बिना ISI मार्क वाले नकली हाफफेस और फुलफेस मोटरबाइक हेलमेट की बिक्री खुलेआम की जा रही है, बावजूद इसके कि देश में बिना ISI मार्क वाले हलमेट की बिक्री को पूरी तरह बैन कर दिया गया है और ऐसा करने पर जुर्माने और जेल तक के नियम बनाए गए हैं।
fake helmets selling on online shopping platforms without ISI mark details
नकली हेलमेट की बिक्री पर है रोक - फोटो : Meesho
हेलमेट को लेकर क्या हैं नियम
मोटर वाहन एक्ट 1988 की धारा 177 के तहत देश में बिना ब्योरो ऑफ इंडियन स्टैंडर्ड्स यानी BIS प्रमाण वाले हेलमेट की बिक्री पर रोक लगा दी गई है। हेलमेट निर्माताओं के लिए BIS स्टैंडर्ड के तहत ISI मार्क (IS 4151) वाले हेलमेट बनाना अनिवार्य कर दिया गया है। इस मार्क के तहत बनाए गए हेलमेट वजन, मजबूती और टफनेस जैसे कई तरह के सेफ्टी मानकों (स्टैंडर्ड्स) का पालन करते हैं और एक्सीडेंट के दौरान सिर की सुरक्षा सुनिश्चित करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
fake helmets selling on online shopping platforms without ISI mark details
सांकेतिक तस्वीर - फोटो : freepic
हैरान करने वाले हैं हादसों के आंकड़े
सड़क हादसों पर परिवहन मंत्रालय की एक रिपोर्ट के अनुसार, साल 2022 में देश में कुल 1,68,491 लोगों ने सड़क दुर्घटनाओं में अपनी जान गंवाई। सड़क दुर्घटनाओं में सबसे ज्यादा मौत दोपहिया वाहन चालकों की होती है। इसकी एक बड़ी वजह हेलमेट न पहनना या खराब क्वालिटी के हलमेट का इस्तेमाल करना भी है। एक्सीडेंट के समय सिर की सुरक्षा हो इसके लिए सिर्फ हेलमेट पहनना ही जरूरी नहीं है, बल्कि उसका अच्छी क्वालिटी का भी होना उतना ही अहम है।
विज्ञापन
fake helmets selling on online shopping platforms without ISI mark details
हाफफेस हेलमेट - फोटो : Amazon
धड़ल्ले से बिक रहे नकली हाफ फेस हेलमेट
अमेजन, फ्लिपकार्ट और मीशो जैसे प्लेटफॉर्म्स पर बिना ISI मार्क वाले नकली हाफफेस हेलमेट धड़ल्ले से बेचे जा रहे हैं। इनकी कीमत 200-300 रुपये के बीच है। इन हेलमेट की डिस्क्रिप्शन में कहीं भी ISI मार्क या BIS स्टैंडर्ड का जिक्र नहीं है। एक्सीडेंट के समय इस तरह के हेलमेट आपके सिर से आसानी से निकल सकते हैं, जिससे आपको गंभीर चोटें लग सकती हैं। ट्रैफिक चालान के बचने के लिए कई लोग इस तरह के हेलमेट का इस्तेमाल करते हैं, लेकिन यह अपनी जान के साथ खिलवाड़ करने जैसा है।
अगली फोटो गैलरी देखें
विज्ञापन
सबसे विश्वसनीय हिंदी न्यूज़ वेबसाइट अमर उजाला पर पढ़ें ऑटोमोबाइल समाचार से जुड़ी ब्रेकिंग अपडेट। ऑटोमोबाइल जगत की अन्य खबरें जैसे लेटेस्ट कार न्यूज़, लेटेस्ट बाइक न्यूज़, सभी कार रिव्यू और बाइक रिव्यू आदि से संबंधित ब्रेकिंग न्यूज़।
 
रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें अमर उजाला हिंदी न्यूज़ APP अपने मोबाइल पर।
Amar Ujala Android Hindi News APP Amar Ujala iOS Hindi News APP
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed