राहु-केतु ग्रह 23 सितंबर को अपनी-अपनी राशि बदल चुके हैं। जहां राहु मिथुन राशि से वृष राशि में आए हैं तो वहीं केतु ने धनु राशि से वृश्चिक राशि में प्रवेश किया है। ये दोनों ही ग्रह साथ-साथ राशि परिवर्तन करते हैं और दोनों की चाल भी उल्टी दिशा में होती है। दोनों ग्रह अब 18 माह तक इन्ही राशि में स्थित रहेंगे। राहु-केतु के इस गोचर का प्रभाव सभी राशियों पर शुभ-अशुभ रूप में पड़ेगा। ज्योतिष में राहु-केतु के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए राशि के अनुसार उपाय भी बताए हैं।
राहु-केतु के अशुभ प्रभाव से बचने के लिए अपनी राशि के अनुसार करें उपाय
ज्योतिष डेस्क, अमर उजाला
Published by: रुस्तम राणा
Updated Thu, 24 Sep 2020 07:39 AM IST
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