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अस्पताल की पांचवीं मंजिल से दुकानदार ने लगाई छलांग, वजह जानकर कांप जाएगा कलेजा

Thu, 31 Aug 2017 10:17 PM IST
amarujala.com, Presented by: शारुख खान
amarujala.com, Presented by: शारुख खान Updated Thu, 31 Aug 2017 10:17 PM IST
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Shopkeeper suicide by jumping from the fifth floor of the hospital
फाइल
किसी ने सोच भी नहीं होगा कि कोई एक शख्स अपनी पत्नी की मौत के गम में इतना टूट जाएगा कि वो खुद जान दे देगा। लेकिन यहां ऐसा हुआ है। एक दुकानदार ने अस्पताल की पांचवीं मंजिल से मौत की छलांग इसलिए लगा दी क्योंकि इस अस्पताल में उसकी पत्नी की मौत हो गई थी। उत्तर प्रदेश के बरेली में यह घटना हुई।
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डीडीपुरम स्थित गंगाशील अस्पताल की पांचवीं मंजिल से कूदकर किराना दुकानदार संजय अग्रवाल ने खुदकुशी कर ली। घटना गुरुवार को सुबह सात बजे हुई। परिवार के अस्पताल पहुंचने पर सामने आया कि इसी अस्पताल में डेढ़ साल पहले इलाज के दौरान उनकी पत्नी शालिनी अग्रवाल की मौत हो गई थी। जिसके बाद संजय गुमसुम रहने लगे थे। परिवार के मुताबिक इसी गम में संजय ने खुदकुशी की। 
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अस्पताल स्टाफ के मुताबिक संजय गुरुवार सुबह अस्पताल पहुंचे। परिसर में घूमने के बाद वह सीधे छत पर चले गए, चूंकि वह अक्सर अस्पताल आते थे, इसलिए किसी ने रोका भी नहीं। स्टाफ ने बताया कि पहले वह छत पर ही घूमते रहे, इसके बाद बाउंड्री के पास खड़े हो गए। 
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Shopkeeper suicide by jumping from the fifth floor of the hospital
फाइल
इससे पहले कि कोई कुछ समझ पाता, उन्होंने छलांग लगा दी। पांचवीं मंजिल से गिरने के बाद संजय की मौके पर ही मौत हो गई। अस्पताल परिसर में मौत के बाद हड़कंप मच गया। लोगों ने यूपी 100 पुलिस को खबर दी। जिसके बाद पुलिस पहुंची। चूंकि संजय अक्सर अस्पताल जाते थे, इसलिए उनकी शिनाख्त कर्मचारियों ने की। 

कालीबाड़ी निवासी संजय के परिवार को खुदकुशी की खबर दी गई। पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम करवाना चाहा तो परिवार ने विरोध कर दिया। परिवार के लिखित प्रार्थना करने पर पुलिस ने बिना पोस्टमार्टम शव को परिवार के सुपुर्द कर दिया। 

पत्नी को याद करके अक्सर अस्पताल जाते थे

संजय अग्रवाल के बेटे तरंग, रचित घटना के बाद मौके पर पहुंचे। जैन मंदिर के पास उनकी किराने की दुकान है। उन्होंने बताया कि मां की मौत के बाद पिता अवसाद की स्थिति में रहते थे। मां को याद करते हुए अक्सर अस्पताल में आकर बैठा करते थे। 
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