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Ujjain Bhasma Aarti: बाबा महाकाल की भस्म आरती, भांग और सूखे मेवों से हुआ मनमोहक शृंगार, गूंजे जयकारे
Thu, 01 Aug 2024 07:30 AM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Thu, 01 Aug 2024 07:30 AM IST
सार
श्रावण कृष्ण पक्ष की द्वादशी पर गुरुवार को सुबह 3 बजे भगवान वीरभद्र की आज्ञा लेकर मंदिर के पट खोले गए। आज के शृंगार की विशेषता यह रही कि बाबा महाकाल भांग और ड्रायफ्रूट से सजे इस दौरान उनके मस्तक पर नवीन मुकुट लगाया गया।
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उज्जैन में महाकाल का भस्म आरती शृंगार
- फोटो : अमर उजाला
विस्तार
उज्जैन के महाकाल मंदिर में भस्म आरती का शृंगार मनमोहक हुआ। सैंकड़ों भक्तों ने उपस्थिति दर्ज कराई। सुबह 4 बजे पट खोले गए। वैसे तो विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर में प्रतिदिन ही बाबा महाकाल का विभिन्न स्वरूपों में शृंगार किया जाता है। भस्म आरती के दौरान बाबा महाकाल का भांग और ड्रायफ्रूट से शृंगार किया गया और उन्हें आभूषण भी पहनाए गए। इससे चारों ओर जय श्री महाकाल की गूंज गुंजायमान हो गई।
विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी पंडित महेश शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि श्रावण कृष्ण पक्ष की द्वादशी पर गुरुवार को सुबह 3 बजे भगवान वीरभद्र की आज्ञा लेकर मंदिर के पट खोले गए। इसके बाद सबसे पहले भगवान का शुद्ध जल से स्नान, पंचामृत स्नान करवाने के साथ ही केसर युक्त जल अर्पित किया गया। आज के शृंगार की विशेषता यह रही कि बाबा महाकाल भांग और ड्रायफ्रूट से सजे इस दौरान उनके मस्तक पर नवीन मुकुट लगाया गया। इसके बाद महानिर्वाणी अखाड़े की ओर से भस्म अर्पित की गई। इसके बाद पूरा मंदिर परिसर जय श्री महाकाल की गूंज गुंजायमान हो गया।
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विश्व प्रसिद्ध श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारी पंडित महेश शर्मा ने जानकारी देते हुए बताया कि श्रावण कृष्ण पक्ष की द्वादशी पर गुरुवार को सुबह 3 बजे भगवान वीरभद्र की आज्ञा लेकर मंदिर के पट खोले गए। इसके बाद सबसे पहले भगवान का शुद्ध जल से स्नान, पंचामृत स्नान करवाने के साथ ही केसर युक्त जल अर्पित किया गया। आज के शृंगार की विशेषता यह रही कि बाबा महाकाल भांग और ड्रायफ्रूट से सजे इस दौरान उनके मस्तक पर नवीन मुकुट लगाया गया। इसके बाद महानिर्वाणी अखाड़े की ओर से भस्म अर्पित की गई। इसके बाद पूरा मंदिर परिसर जय श्री महाकाल की गूंज गुंजायमान हो गया।
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