फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
डाउनलोड करें

सब्सक्राइब करें
Hindi News ›   Madhya Pradesh ›   Ujjain: Ayurveda Students Lock College-Hospital Gates Over Stipend Hike Demand, Patients Face Trouble

उज्जैन: स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग पर आयुर्वेद छात्रों का गुस्सा फूटा, कॉलेज-अस्पताल पर जड़ा ताला, मरीज परेशान

Mon, 12 Oct 2026 10:27 AM IST
उज्जैन ब्यूरो न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन Published by: उज्जैन ब्यूरो Updated Mon, 12 Oct 2026 10:27 AM IST
सार

धन्वंतरि आयुर्वेद महाविद्यालय में स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग को लेकर सात दिन से जारी प्रदर्शन सोमवार को उग्र हो गया। करीब 200 विद्यार्थियों ने कॉलेज और अस्पताल के मुख्य द्वार पर ताला लगा दिया, जिससे मरीजों और अस्पताल स्टाफ को परेशानी हुई।

विज्ञापन
Ujjain: Ayurveda Students Lock College-Hospital Gates Over Stipend Hike Demand, Patients Face Trouble
ऐसे हो रहा प्रदर्शन

विस्तार

शासकीय धन्वंतरि आयुर्वेद महाविद्यालय एवं चिकित्सालय में स्टाइपेंड (मानदेय) बढ़ाने की मांग को लेकर चल रहा विद्यार्थियों का आंदोलन सोमवार को उग्र हो गया। बीते सात दिनों से धरना दे रहे करीब 200 आयुर्वेद छात्र-छात्राओं ने सोमवार सुबह कॉलेज और अस्पताल के मुख्य द्वार पर तालाबंदी कर दी।

विज्ञापन


छात्रों का कहना है कि बार-बार मांग उठाने के बावजूद प्रशासन द्वारा उनकी सुनवाई नहीं की जा रही है। मुख्य द्वार पर ताला जड़े जाने के कारण सुबह अस्पताल पहुंचने वाले डॉक्टरों, अन्य स्टाफ और दूरदराज से इलाज कराने आए मरीजों को भारी कठिनाइयों का सामना करना पड़ा।
विज्ञापन


स्टाइपेंड बढ़ाने की मांग
प्रदर्शनकारी विद्यार्थियों की मुख्य मांग है कि बीएएमएस (BAMS) इंटर्न को मिलने वाला स्टाइपेंड बढ़ाकर 21,500 रुपये प्रतिमाह किया जाए। विद्यार्थियों के मुताबिक वर्तमान में मध्यप्रदेश में बीएएमएस इंटर्न को महज 9383 रुपये मानदेय दिया जा रहा है, जो कि अन्य राज्यों और अन्य पैथी के मुकाबले बेहद कम है।
विज्ञापन
विज्ञापन


समान कार्य के लिए समान मानदेय का तर्क
विद्यार्थियों का तर्क है कि बीएएमएस और एमबीबीएस (MBBS) इंटर्न अस्पताल में एक जैसी और समान रूप से कठिन ड्यूटी करते हैं लेकिन इसके बावजूद स्टाइपेंड में बड़ा अंतर रखा गया है। उनका कहना है कि समान कार्य के लिए समान मानदेय मिलना उनका अधिकार है और सरकार को बढ़ा हुआ स्टाइपेंड तत्काल प्रभाव से लागू करना चाहिए। प्रदर्शन कर रहे छात्रों ने दो टूक स्पष्ट कर दिया है कि उन्हें अब केवल मौखिक आश्वासन नहीं चाहिए, बल्कि मांग पूरी होने से संबंधित पुख्ता और लिखित आदेश आने तक उनका यह विरोध प्रदर्शन और तालाबंदी जारी रहेगी।

 

विज्ञापन
विज्ञापन

रहें हर खबर से अपडेट, डाउनलोड करें Android Hindi News App, iOS Hindi News App और Amarujala Hindi News APP अपने मोबाइल पे|
Get all India News in Hindi related to live update of politics, sports, entertainment, technology and education etc. Stay updated with us for all breaking news from India News and more news in Hindi.

विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन

एड फ्री अनुभव के लिए अमर उजाला प्रीमियम सब्सक्राइब करें

Next Article

AU ऐप में पढ़ें

Followed