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Ujjain News: महाशिवरात्रि महापर्व पर चार लाख से अधिक भक्तों ने किए महाकाल के दर्शन, आज यह भी रहा खास
Wed, 26 Feb 2025 10:25 PM IST
उज्जैन ब्यूरो
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, उज्जैन
Published by: उज्जैन ब्यूरो
Updated Wed, 26 Feb 2025 10:25 PM IST
सार
चलित भस्मार्ती में लगभग 20 हजार दर्शनार्थियों ने दर्शन किए। बुधवार रात 10 बजे तक भक्तों का आंकड़ा 4 लाख से अधिक हो गया था। देर रात तक दर्शनार्थियों के आने का सिलसिला जारी था। महाकालेश्वर मंदिर के दर्शन हेतु पट गुरुवार 27 फरवरी की शयन आरती तक खुले रहेंगे।
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महाशिवरात्रि महापर्व 4 लाख से अधिक भक्तो ने किए श्री महाकालेश्वर भगवान के दर्शन
विस्तार
महाशिवरात्रि पर महाकाल मंदिर में शिव भक्तों का सैलाब उमड़ पड़ा। मंदिर प्रबंध समिति द्वारा कम समय में दर्शन हो, इसलिए चाक-चौबंद व्यवस्थाए की गईं। प्रातः चलित भस्मार्ती में लगभग 20 हजार दर्शनार्थियों ने दर्शन किए। बुधवार रात 10 बजे तक भक्तों का आंकड़ा 4 लाख से अधिक हो गया था। देर रात तक दर्शनार्थियों के आने का सिलसिला जारी था। महाकालेश्वर मंदिर के दर्शन हेतु पट गुरुवार 27 फरवरी की शयन आरती तक खुले रहेंगे।
रंगोली से अर्धनारीश्वर स्वरूप बनाया
श्री महाकालेश्वर मंदिर में इंदौर के केशव शर्मा और ग्रुप द्वारा मंदिर प्रांगण के शिखर दर्शन पर रंगोली से श्री महाकालेश्वर भगवान अर्धनारीश्वर स्वरूप बनाया गया। इसका मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने अवलोकन किया व उनके कार्य की सराहना की।
गर्म मीठे दूध का भोग लगाया
बुधवार शाम को बाबा महाकाल को होलकर व सिंधिया स्टेट की ओर से पूजन व सायं पंचामृत पूजन के बाद भगवान श्री महाकालेश्वर को नित्य संध्या आरती के समय गर्म मीठे दूध का भोग लगाया गया। रात्रि में कोटितीर्थ कुंड के तट पर विराजित श्री कोटेश्वर महादेव का पूजन, सप्तधान्य अर्पण, पुष्प मुकुट श्रृंगार (सेहरा) के उपरांत आरती की गई।
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रात भर चलेगा महाभिषेक होगा पूजन अर्चन
रात्रि 11 बजे से संपूर्ण रात्रि को श्री महाकालेश्वर का महाभिषेक व पूजन चलेगा। अभिषेक उपरांत भगवान को नवीन वस्त्र धारण कराए जाकर सप्तधान्य का मुखारविंद धारण कराया जाएगा। इसके बाद सप्तधान्य अर्पित किया जाएगा, जिसमें चावल, खडा मूंग, तिल, मसूर, गेहूं, जव, साल, खड़ा उडद सम्मिलित रहेंगे। श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारियों द्वारा भगवान श्री महाकालेश्वर का श्रृंगार कर पुष्प मुकुट (सेहरा) बांधा जाएगा। भगवान श्री महाकालेश्वर को चंद्र मुकुट, छत्र, त्रिपुंड व अन्य आभूषणों से श्रृंगारित किया जाएगा। भगवान पर न्योछावर नेग स्वरूप चांदी का सिक्का व बिल्वपत्र अर्पित की जाएगी। श्री महाकालेश्वर भगवान की सेहरा आरती की जाएगी व भगवान को विभिन्न मिष्ठान्न, फल, पञ्च मेवा आदि का भोग अर्पित किए जाएंगे। लगभग प्रात 6 बजे सेहरा आरती होगी।
शिव धारण करेंगे सवा मन का पुष्प मुकुट
श्री महाकालेश्वर मंदिर में वर्ष में एक ही बार भगवान महाकाल को सवा मन का पुष्प मुकुट धारण कराया जाता है और साथ ही महाशिवरात्रि पर्व पर लगातार भगवान शिव के दर्शन दर्शनार्थियों के लिए 44 घंटे गर्भगृह के पट खुले रहते हैं। महाशिवरात्रि पर एक ऐसा अवसर आता है जिस पर श्री महाकालेश्वर भगवान के पट मंगल नहीं होते हैं। इस पर्व पर भगवान महाकाल सवा मन का फूलों से सजा मुकुट (सेहरा) धारण करते हैं।
कल 12 बजे भस्मार्ती, 44 घंटे बाद बंद होंगे पट
सेहरा दर्शन के उपरांत वर्ष में एक बार दिन में 12 बजे होने वाली भस्मार्ती होगी। भस्मार्ती के बाद भोग आरती होगी व शिवनवरात्रि का पारणा किया जाएगा। 27 फरवरी को सायं पूजन, सायं आरती व शयन आरती के बाद भगवान श्री महाकालेश्वर जी के पट मंगल होंगे।
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रंगोली से अर्धनारीश्वर स्वरूप बनाया
श्री महाकालेश्वर मंदिर में इंदौर के केशव शर्मा और ग्रुप द्वारा मंदिर प्रांगण के शिखर दर्शन पर रंगोली से श्री महाकालेश्वर भगवान अर्धनारीश्वर स्वरूप बनाया गया। इसका मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव ने अवलोकन किया व उनके कार्य की सराहना की।
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गर्म मीठे दूध का भोग लगाया
बुधवार शाम को बाबा महाकाल को होलकर व सिंधिया स्टेट की ओर से पूजन व सायं पंचामृत पूजन के बाद भगवान श्री महाकालेश्वर को नित्य संध्या आरती के समय गर्म मीठे दूध का भोग लगाया गया। रात्रि में कोटितीर्थ कुंड के तट पर विराजित श्री कोटेश्वर महादेव का पूजन, सप्तधान्य अर्पण, पुष्प मुकुट श्रृंगार (सेहरा) के उपरांत आरती की गई।
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रात भर चलेगा महाभिषेक होगा पूजन अर्चन
रात्रि 11 बजे से संपूर्ण रात्रि को श्री महाकालेश्वर का महाभिषेक व पूजन चलेगा। अभिषेक उपरांत भगवान को नवीन वस्त्र धारण कराए जाकर सप्तधान्य का मुखारविंद धारण कराया जाएगा। इसके बाद सप्तधान्य अर्पित किया जाएगा, जिसमें चावल, खडा मूंग, तिल, मसूर, गेहूं, जव, साल, खड़ा उडद सम्मिलित रहेंगे। श्री महाकालेश्वर मंदिर के पुजारियों द्वारा भगवान श्री महाकालेश्वर का श्रृंगार कर पुष्प मुकुट (सेहरा) बांधा जाएगा। भगवान श्री महाकालेश्वर को चंद्र मुकुट, छत्र, त्रिपुंड व अन्य आभूषणों से श्रृंगारित किया जाएगा। भगवान पर न्योछावर नेग स्वरूप चांदी का सिक्का व बिल्वपत्र अर्पित की जाएगी। श्री महाकालेश्वर भगवान की सेहरा आरती की जाएगी व भगवान को विभिन्न मिष्ठान्न, फल, पञ्च मेवा आदि का भोग अर्पित किए जाएंगे। लगभग प्रात 6 बजे सेहरा आरती होगी।
शिव धारण करेंगे सवा मन का पुष्प मुकुट
श्री महाकालेश्वर मंदिर में वर्ष में एक ही बार भगवान महाकाल को सवा मन का पुष्प मुकुट धारण कराया जाता है और साथ ही महाशिवरात्रि पर्व पर लगातार भगवान शिव के दर्शन दर्शनार्थियों के लिए 44 घंटे गर्भगृह के पट खुले रहते हैं। महाशिवरात्रि पर एक ऐसा अवसर आता है जिस पर श्री महाकालेश्वर भगवान के पट मंगल नहीं होते हैं। इस पर्व पर भगवान महाकाल सवा मन का फूलों से सजा मुकुट (सेहरा) धारण करते हैं।
कल 12 बजे भस्मार्ती, 44 घंटे बाद बंद होंगे पट
सेहरा दर्शन के उपरांत वर्ष में एक बार दिन में 12 बजे होने वाली भस्मार्ती होगी। भस्मार्ती के बाद भोग आरती होगी व शिवनवरात्रि का पारणा किया जाएगा। 27 फरवरी को सायं पूजन, सायं आरती व शयन आरती के बाद भगवान श्री महाकालेश्वर जी के पट मंगल होंगे।

महाशिवरात्रि महापर्व 4 लाख से अधिक भक्तो ने किए श्री महाकालेश्वर भगवान के दर्शन

महाशिवरात्रि महापर्व 4 लाख से अधिक भक्तो ने किए श्री महाकालेश्वर भगवान के दर्शन

महाशिवरात्रि महापर्व 4 लाख से अधिक भक्तो ने किए श्री महाकालेश्वर भगवान के दर्शन
