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Mahakal Lok: श्रद्धालुओं के लिए सुबह 6 बजे खुल जाएगा महाकाल लोक, सीएम शिवराज ने दी जानकारी
Thu, 13 Oct 2022 07:02 PM IST
दिनेश शर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, भोपाल
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Thu, 13 Oct 2022 07:02 PM IST
सार
महाकाल लोक सुबह छह बजे सुबह 6 बजे से श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग की शयन आरती तक अर्थात् रात 11 बजे तक श्रद्धालुओं के लिए खुला रहेगा। महाकाल लोक में रात 10 बजे तक प्रवेश दिया जाएगा।
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महाकाल लोक के दर्शन दिव्यता का अहसास करा रहा है।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
उज्जैन के महाकाल लोक के दर्शन का इंतजार कर रहे भक्तों के लिए अच्छी खबर है। महाकाल लोक सुबह छह बजे सुबह 6 बजे से श्री महाकालेश्वर ज्योतिर्लिंग की शयन आरती तक अर्थात् रात 11 बजे तक श्रद्धालुओं के लिए खुला रहेगा। महाकाल लोक में रात 10 बजे तक प्रवेश दिया जाएगा। इसकी जानकारी प्रदेश के मुखिया शिवराज सिंह चौहान ने बयान जारी कर दी है।
उल्लेखनीय है कि महाकाल मंदिर परिसर को विस्तारित करते हुए महाकाल लोक बनाया गया है। 11 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों इसका लोकार्पण हुआ था। अब इसे आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है। महाकाल लोक के दर्शनार्थी सुबह 6 बजे से रात 11 बजे तक इस दिव्य लोक में जा सकेंगे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसकी जानकारी दी है।
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उल्लेखनीय है कि महाकाल मंदिर परिसर को विस्तारित करते हुए महाकाल लोक बनाया गया है। 11 अक्टूबर को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के हाथों इसका लोकार्पण हुआ था। अब इसे आम श्रद्धालुओं के लिए खोल दिया गया है। महाकाल लोक के दर्शनार्थी सुबह 6 बजे से रात 11 बजे तक इस दिव्य लोक में जा सकेंगे। मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने इसकी जानकारी दी है।
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Mahakal Lok
- फोटो : अमर उजाला
काशी विश्वनाथ मंदिर से भी ज्यादा बड़ा है महाकाल लोक
विस्तार से पूर्व मंदिर परिसर का क्षेत्रफल 2.82 हेक्टेयर था, जो परियोजना पूरी होने के बाद बढ़कर 20.23 हेक्टेयर हो गया है। 900 मीटर लंबी और 25 फीट ऊंची लाल पत्थर की दीवारों पर शिव महापुराण में उल्लेखित घटनाओं को भित्ति चित्र के रूप में चित्रित किया है। कमल कुंड (50 डायमीटर), पंचमुखी शिव स्तंभ (50 फीट), सप्त ऋषि (20 फीट), त्रिवेणी मंडपम (18600 वर्ग फीट क्षेत्र) में बनकर तैयार हुआ है। गलियों का सौन्दर्यीकरण तथा रामघाट पर सिंहस्थ थीम आधारित डायनेमिक लाईट शो किया जाएगा।
विस्तार से पूर्व मंदिर परिसर का क्षेत्रफल 2.82 हेक्टेयर था, जो परियोजना पूरी होने के बाद बढ़कर 20.23 हेक्टेयर हो गया है। 900 मीटर लंबी और 25 फीट ऊंची लाल पत्थर की दीवारों पर शिव महापुराण में उल्लेखित घटनाओं को भित्ति चित्र के रूप में चित्रित किया है। कमल कुंड (50 डायमीटर), पंचमुखी शिव स्तंभ (50 फीट), सप्त ऋषि (20 फीट), त्रिवेणी मंडपम (18600 वर्ग फीट क्षेत्र) में बनकर तैयार हुआ है। गलियों का सौन्दर्यीकरण तथा रामघाट पर सिंहस्थ थीम आधारित डायनेमिक लाईट शो किया जाएगा।
Mahakal Lok
- फोटो : अमर उजाला
200 मूर्तियां और भित्ति चित्र बनाए गए
श्री महाकाल लोक पौराणिक सरोवर रुद्रसागर के किनारे विकसित किया जा रहा है। यहां भगवान शिव, देवी सती और दूसरे धार्मिक किस्सों से जुड़ी करीब 200 मूर्तियां और भित्त चित्र बनाए गए हैं। श्रद्धालु हर एक भित्ति चित्र की कथा इस पर स्कैन कर सुन सकेंगे।
108 स्तम्भों में दिखेगा तांडव
महाकाल लोक में सप्त ऋषि, नवग्रह मंडल, त्रिपुरासुर वध, कमल ताल में विराजित शिव, 108 स्तम्भों में शिव के आनंद तांडव का अंकन, शिव स्तम्भ, भव्य प्रवेश द्वार पर विराजित नंदी की विशाल प्रतिमाएं मौजूद हैं। महाकाल कॉरिडोर में देश का पहला नाइट गार्डन भी बनाया गया है।
कलेक्टर आशीष सिंह ने टीम के साथ श्री महाकाल लोक का भ्रमण कर व्यवस्थाओं को देखा और कहा कि सबका स्वागत है लेकिन यहां स्थापित प्रतिमाओं का ध्यान रखना भी हमारी ही जिम्मेदारी है। प्रतिमाओं और पौधों को नुकसान पहुंचाने वालों पर जुर्माना जल्द तय किया जाएगा व हानिकारक वस्तुओं पर प्रतिबंध रहेगा। पान मसाला और गुटखा, अन्य सभी तरह के नशीले पदार्थ को भी महाकाल लोक में प्रतिबंधित कर दिया गया है। मूर्तियों, पौधों व अन्य जगहों पर ध्यान रखने के लिए सीसीटीवी कंट्रोल रूम व पीएस सिस्टम के जरिये नजर रखी जा रही है।
श्री महाकाल लोक पौराणिक सरोवर रुद्रसागर के किनारे विकसित किया जा रहा है। यहां भगवान शिव, देवी सती और दूसरे धार्मिक किस्सों से जुड़ी करीब 200 मूर्तियां और भित्त चित्र बनाए गए हैं। श्रद्धालु हर एक भित्ति चित्र की कथा इस पर स्कैन कर सुन सकेंगे।
108 स्तम्भों में दिखेगा तांडव
महाकाल लोक में सप्त ऋषि, नवग्रह मंडल, त्रिपुरासुर वध, कमल ताल में विराजित शिव, 108 स्तम्भों में शिव के आनंद तांडव का अंकन, शिव स्तम्भ, भव्य प्रवेश द्वार पर विराजित नंदी की विशाल प्रतिमाएं मौजूद हैं। महाकाल कॉरिडोर में देश का पहला नाइट गार्डन भी बनाया गया है।
कलेक्टर आशीष सिंह ने टीम के साथ श्री महाकाल लोक का भ्रमण कर व्यवस्थाओं को देखा और कहा कि सबका स्वागत है लेकिन यहां स्थापित प्रतिमाओं का ध्यान रखना भी हमारी ही जिम्मेदारी है। प्रतिमाओं और पौधों को नुकसान पहुंचाने वालों पर जुर्माना जल्द तय किया जाएगा व हानिकारक वस्तुओं पर प्रतिबंध रहेगा। पान मसाला और गुटखा, अन्य सभी तरह के नशीले पदार्थ को भी महाकाल लोक में प्रतिबंधित कर दिया गया है। मूर्तियों, पौधों व अन्य जगहों पर ध्यान रखने के लिए सीसीटीवी कंट्रोल रूम व पीएस सिस्टम के जरिये नजर रखी जा रही है।
