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MP News: शिवपुरी के चंद्र कुमार UPSC वन सेवा में चयनित, दादा की ध्यान साधना के टिप्स आए काम
Thu, 30 Jun 2022 08:03 AM IST
अंकिता विश्वकर्मा
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी
न्यूज डेस्क, अमर उजाला, शिवपुरी
Published by: अंकिता विश्वकर्मा
Updated Thu, 30 Jun 2022 08:03 AM IST
सार
शिवपुरी जिले के चंद्र प्रकाश ने UPSC वन सेवा में सफलता हासिल की हैं। उन्होंने अपने दादा की सलाह पर एकाग्रता बढ़ाने के लिए हर दिन करीब 4 घंटे ध्यान साधना की, जिसका उन्हें लाभ मिला। परीक्षा में चंद्र कुमार ने 35वीं रैंक हासिल की है।
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चंद्र प्रकाश अग्रवाल।
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
शिवपुरी निवासी ठेइया परिवार के लिए बुधवार का दिन खुशियों से भरा रहा क्योंकि चंद्र कुमार अग्रवाल का यूपीएससी वन सेवा में चयन हो गया। चंद्र कुमार ने भारतीय वन सेवा परीक्षा-2021 में 35वीं रैंक हासिल की है। परीक्षा में सफल होने पर खुशी व्यक्त करते हुए चंद्र कुमार बताया कि उन्होंने साल 2016 में आईआईटी वाराणसी से मैकेनिकल इंजीनियरिंग से बीटेक किया। इसके बाद ही उन्होंने तय कर लिया था कि वे आईएएस अधिकारी बनेंगे और तैयारी में जुट गए। चंद्र कुमार ने बताया कि यूपीएससी की परीक्षा में पहले तीन प्रयास में उन्हें असफलता मिली। हर बार उन्हें ऑप्शनल सब्जेक्ट मैकेनिकल इंजीनियरिंग में कम नंबर मिले। उन्होंने बताया कि वह यूपीएससी की परीक्षा पहले भी तीन बार दे चुके हैं। दो बार आईएएस का इंटरव्यू भी दिया लेकिन सफलता नहीं मिली। उन्होंने अपनी कमियों को ढूंढा और मेहनत की तो चौथी बार में सफलता मिल गई।
दादा के टिप्स आए काम
चंद्रकुमार अग्रवाल ने बताया कि उनके दादा रामजीलाल ठेइया (पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष) अक्सर कहते थे कि किसी भी परीक्षा में सफलता हासिल करनी है तो उसके लिए ध्यान और एकाग्रचित्त होना अहम है। दादाजी स्वयं 14 घंटे ध्यान साधना करते थे। उन्हीं से प्रेरणा लेकर प्रतिदिन 40 मिनट ध्यान लगाना शुरू किया। इसका फायदा यह हुआ कि एकाग्रता बढ़ गई।
10वीं में स्टेट टॉपर रह चुके हैं
चंद्र कुमार अग्रवाल शिवपुरी के सेंट्रल स्कूल के छात्र रहे हैं। उन्हें पहली सफलता कक्षा 10 में मिली जब उन्होंने प्रदेश में टॉप किया था। इसी एकाग्रता का परिणाम रहा कि अब आईएफएस एक्जाम में उन्हें सफलता मिली। वे कहते हैं कि उनका लक्ष्य अब आईएएस बनना है। इस बार भी आईएएस-प्री एक्जाम में वे क्वालिफाई कर चुके हैं और पूरे मनोयोग से मेन्स परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं।
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दादा के टिप्स आए काम
चंद्रकुमार अग्रवाल ने बताया कि उनके दादा रामजीलाल ठेइया (पूर्व नगर पालिका अध्यक्ष) अक्सर कहते थे कि किसी भी परीक्षा में सफलता हासिल करनी है तो उसके लिए ध्यान और एकाग्रचित्त होना अहम है। दादाजी स्वयं 14 घंटे ध्यान साधना करते थे। उन्हीं से प्रेरणा लेकर प्रतिदिन 40 मिनट ध्यान लगाना शुरू किया। इसका फायदा यह हुआ कि एकाग्रता बढ़ गई।
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10वीं में स्टेट टॉपर रह चुके हैं
चंद्र कुमार अग्रवाल शिवपुरी के सेंट्रल स्कूल के छात्र रहे हैं। उन्हें पहली सफलता कक्षा 10 में मिली जब उन्होंने प्रदेश में टॉप किया था। इसी एकाग्रता का परिणाम रहा कि अब आईएफएस एक्जाम में उन्हें सफलता मिली। वे कहते हैं कि उनका लक्ष्य अब आईएएस बनना है। इस बार भी आईएएस-प्री एक्जाम में वे क्वालिफाई कर चुके हैं और पूरे मनोयोग से मेन्स परीक्षा की तैयारी कर रहे हैं।
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