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Sagar: सागर के पूर्व सैन्यकर्मी ने तैयार किया अनूठा डिजिटल ताला, कम खर्च में सुरक्षा, किसी ने छुआ तो बजेगा फोन
Thu, 04 Jul 2024 09:03 PM IST
दिनेश शर्मा
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, सागर
अमर उजाला, न्यूज डेस्क, सागर
Published by: दिनेश शर्मा
Updated Thu, 04 Jul 2024 09:03 PM IST
सार
मुकेश कुमार ने मोटे स्टील का ताला तैयार करवाया। इसके अंदर सेंसर, कैमरा और मोबाइल की डिवाइस फिट की जिसे बनाने में करीब एक महीने का समय लगा और इसमें करीब 3000 रुपये की लागत आई।
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सागर में बना डिजिटल ताला
- फोटो : अमर उजाला
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विस्तार
एक पूर्व सैन्यकर्मी ने आम आदमी की पहुंच में आने वाला गजब का डिजिटल ताला तैयार किया है, जिसे कम खर्च में कोई भी व्यक्ति आसानी से अपने घर ऑफिस या दुकान में लगवा सकता है। डिजिटल ताले की वजह से चोरी की घटनाओं में कमी आएगी, क्योंकि सेंसर युक्त इस ताले को छूने पर या इससे छेड़खानी करने पर तत्काल सायरन बजने लगेगा। इसके अंदर मौजूद डिवाइस आपके फोन पर कॉल फॉरवर्ड कर सूचना देगी। एक महीने की मेहनत से 3000 रुपये की लागत में इस डिजिटल ताले को तैयार किया गया है।
सागर जिले के सिद्धगुवा गांव के मुकेश कुमार बताते हैं कि उन्होंने इलेक्ट्रिकल विषय में आईटीआई किया था। सागर जिले में पिछले कुछ दिनों से लगातार ताले तोड़कर चोरी होने की सूचनाएं मिल रही थीं। बड़ी बात यह है कि पुलिस ना तो इन घटनाओं पर अंकुश लगा पा रही है और ना ही चोरों को पकड़ पा रही है। ऐसे में मेरे दिमाग में आइडिया आया कि क्यों ना ऐसा ताला बनाया जाए, जिसे छूते ही उसमें सायरन बजने लगे, साथ ही डिजिटल युग है और मोबाइल हर व्यक्ति के पास होता है तो मोबाइल पर भी इसकी सूचना मिले और जो भी व्यक्ति ताले को छूने की कोशिश करे उसकी फोटो और वीडियो भी रिकॉर्ड हो जाएं।
ताले में लगा है सेंसर, कैमरा व मोबाइल डिवाइस
इन चीजों को ध्यान में रखकर सबसे पहले मुकेश कुमार ने मोटे स्टील का ताला तैयार करवाया। इसके अंदर सेंसर, कैमरा और मोबाइल की डिवाइस फिट की जिसे बनाने में करीब एक महीने का समय लगा और इसमें करीब 3000 रुपये की लागत आई। अब यह करीब 2 किलो वजनी ताला है, जिसमें चाबी लगाने या तोड़ने का प्रयास करने पर बहुत तेज सायरन बजेगा। इससे मोहल्ले के लोगों को भी पता चल जाएगा, सेंसर एक्टिव होगा तो इसमें जो कैमरा लगा है वह फोटो क्लिक करेगा और जो मोबाइल की डिवाइस है, वह आपके फोन पर कॉल करेगी, जो आपको चोरी की घटना से अलर्ट कर देगी। इससे सचेत होकर आप चोरी जैसी घटनाओं को रोक सकते हैं। यह डिजिटल ताला वाई-फाई से कनेक्ट रहेगा।
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सागर जिले के सिद्धगुवा गांव के मुकेश कुमार बताते हैं कि उन्होंने इलेक्ट्रिकल विषय में आईटीआई किया था। सागर जिले में पिछले कुछ दिनों से लगातार ताले तोड़कर चोरी होने की सूचनाएं मिल रही थीं। बड़ी बात यह है कि पुलिस ना तो इन घटनाओं पर अंकुश लगा पा रही है और ना ही चोरों को पकड़ पा रही है। ऐसे में मेरे दिमाग में आइडिया आया कि क्यों ना ऐसा ताला बनाया जाए, जिसे छूते ही उसमें सायरन बजने लगे, साथ ही डिजिटल युग है और मोबाइल हर व्यक्ति के पास होता है तो मोबाइल पर भी इसकी सूचना मिले और जो भी व्यक्ति ताले को छूने की कोशिश करे उसकी फोटो और वीडियो भी रिकॉर्ड हो जाएं।
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ताले में लगा है सेंसर, कैमरा व मोबाइल डिवाइस
इन चीजों को ध्यान में रखकर सबसे पहले मुकेश कुमार ने मोटे स्टील का ताला तैयार करवाया। इसके अंदर सेंसर, कैमरा और मोबाइल की डिवाइस फिट की जिसे बनाने में करीब एक महीने का समय लगा और इसमें करीब 3000 रुपये की लागत आई। अब यह करीब 2 किलो वजनी ताला है, जिसमें चाबी लगाने या तोड़ने का प्रयास करने पर बहुत तेज सायरन बजेगा। इससे मोहल्ले के लोगों को भी पता चल जाएगा, सेंसर एक्टिव होगा तो इसमें जो कैमरा लगा है वह फोटो क्लिक करेगा और जो मोबाइल की डिवाइस है, वह आपके फोन पर कॉल करेगी, जो आपको चोरी की घटना से अलर्ट कर देगी। इससे सचेत होकर आप चोरी जैसी घटनाओं को रोक सकते हैं। यह डिजिटल ताला वाई-फाई से कनेक्ट रहेगा।
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